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बाबूगिरी करने वाले डॉक्टरों ने अभी भी शुरू नहीं किया मरीजों को देखना

Fri, 11 Jun 2021 01:19 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Fri, 11 Jun 2021 01:19 AM IST
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Hospital doctor not see paisent
झांसी। प्रशासनिक काम देख रहे सरकारी अस्पतालों और सीएमओ ऑफिस में तैनात डॉक्टरों ने अब तक मरीजों को देखना शुरू नहीं किया है। जबकि, स्वास्थ्य विभाग के पास मंगलवार को ही इसका शासनादेश आ चुका है। ये हाल तब है, जब सीधे प्रदेश के मुखिया सीएम ने आदेश किए हैं। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी सीएम के आदेश पर भी अमल करने को तैयार नहीं हैं।
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कोरोना काल में डॉक्टरों की कमी से कई जगहों पर समस्याएं देखने को मिलीं। शासन स्तर पर इसकी समीक्षा हुई तो पता चला कि कई डॉक्टर तो प्रशासनिक काम में लगे हुए हैं। इस पर मुख्यमंत्री ने कार्यालय प्रबंधन में लगे डॉक्टरों को अस्पतालों, सीएचसी प्रबंधन में लगे डॉक्टरों को अस्पतालों, सीएचसी और पीएचसी पर तैनात करने के निर्देश दिए हैं। अमर उजाला ने झांसी में प्रशासनिक काम देख रहे डॉक्टरों के बाद में पड़ताल की तो पता चला कि 14 से अधिक डॉक्टर प्रशासनिक कामकाज संभाल रहे हैं। जबकि, इनका मूल काम मरीजों का इलाज करना है। मंगलवार को स्वास्थ्य विभाग के पास इसका शासनादेश भी पहुंच गया, इसके बावजूद विभाग की तरफ से अब तक डॉक्टरों की तैनाती के संबंध में कोई कार्रवाई नहीं की गई है। विभागीय लोगों का ये जरूर कहना है कि जल्द ही सूची तैयार कर ली जाएगी।
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ये डॉक्टर प्रशासनिक कामों में लगे
मौजूदा समय में झांसी में सीएमओ, चार एसीएमओ, दो डिप्टी सीएमओ प्रशासनिक कामकाज ही देख रहे हैं। जबकि, अपर निदेशक स्वास्थ्य कार्यालय में तैनात एक चिकित्सक संयुक्त निदेशक लखनऊ संबद्ध हैं। जबकि, एक प्रशासनिक कामकाज का जिम्मा संभाल रही हैं। वेतन झांसी कार्यालय से ही जारी होता है। बरुआसागर में मरीजों का इलाज करने वाले एक डॉक्टर की कोविड में ड्यूटी लगाने का जिम्मा देते हुए सीएमओ कार्यालय बुला लिया गया। इसके अलावा जिला क्षय रोग अधिकारी और कुष्ठ रोग अधिकारी का पद भी प्रशासनिक होने के बावजूद यहां डॉक्टर को जिम्मेदारी दी गई है। शासन ने यहां पहले से ही जिला कार्यक्रम समन्वयक के पद पर एमबीए योग्यता वाले व्यक्ति की तैनाती कर रखी है, जिनकी पूर्ण जिम्मेदारी प्रबंधकीय कार्य करने की है। वहीं, मेडिकल कॉलेज के भी दो डॉक्टर लखनऊ महानिदेशक कार्यालय में संबद्ध होकर प्रशासनिक कामकाज संभाल रहे हैं। जिला अस्पताल में सीएमएस समेत दो डॉक्टर प्रशासनिक सेवाएं दे रहे हैं। नगर स्वास्थ्य अधिकारी के पद पर तैनात डॉक्टर पर सफाई कार्यों का जिम्मा है।
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सीएमओ ऑफिस में पहले से नियुक्त हैं प्रशासनिक अधिकारी
सीएमओ कार्यालय में जिला प्रशासनिक अधिकारी तैनात हैं। इनका काम समस्त प्रशासनिक एवं वित्तीय कार्य करना होता है। इनके बाद जिला स्वास्थ्य एवं सूचना अधिकारी, अपर सांख्यिकी अधिकारी, लिपिक संवर्ग आदि आते हैं। सीएमओ ऑफिस में प्रशासनिक अधिकारी की तैनाती के बावजूद उनका काम डॉक्टर देख रहे हैं।
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