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गेहूं की फर्जी खरीद कर एक करोड़ हड़पे
amarujala
Updated Mon, 06 Aug 2018 01:22 AM IST
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whet, jhansi news
- फोटो : demo
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किसानों से पांच हजार क्विंटल गेहूं की सरकारी खरीद के नाम पर एक करोड़ 98 हजार रुपये से अधिक की हेराफेरी का मामला प्रकाश में आया है। इस मामले में जिला खाद्य एवं विपणन अधिकारी अनूप कुमार सिंह ने दो लोगों के खिलाफ सरकारी धन हड़पने का मुकदमा दर्ज कराया है। इनमें कानपुर नगर के साकेत नगर स्थित एडिको कंपनी के प्रबंध निदेशक सुशील कुमार और झांसी के सागर गेट निवासी कंपनी के मंडल प्रभारी नरेश गुप्ता शामिल हैं।
शासन ने 1735 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से गेहूं की खरीद करने की घोषणा की थी। किसानों को फसल का वाजिब दाम मिले इसलिए किसानों का ऑनलाइन पंजीकरण किया गया था। इसमें किसानों की जोत बही, खतौनी, फोटोयु़क्त पहचान पत्र, बैंक पासबुक की फोटोकापी तथा आधार कार्ड लगाना अनिवार्य था। बिना पंजीयन के गेहूं खरीद हो पाना संभव नहीं था। शासन ने कानपुर की कोआपरेटिव कंपनी एडिको को भुगतान करने की जिम्मेदारी दी थी। इसकी देखरेख झांसी में मंडल प्रभारी नरेश गुप्ता कर रहे थे। गेहूं की खरीद कर ली गई, लेकिन किसानों का भुगतान नहीं हुआ। खरीद बंद हुई तथा स्टॉक का मिलान किया गया तो पता चला कि पांच हजार क्विंटल गेहूं खरीद का मिलान नहीं हो पा रहा है। इस पर एफसीआई ने संबंधित व्यक्तियों से स्थिति स्पष्ट करने को कहा, लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। अंत में मुकदमा दर्ज करा दिया गया।
शहर कोतवाली में जिला खाद्य विपणन अधिकारी द्वारा दी गई तहरीर के आधार पर झांसी के सागर गेट निवासी मंडल प्रभारी नरेश गुप्ता व कानपुर नगर के साकेत नगर स्थित एडिको कंपनी के प्रबंध निदेशक सुशील कुमार के खिलाफ धोखाधड़ी कर कूटरचित दस्तावेज तैयार कर नकली को असली के रूप में प्रयोग कर समर्थन मूल्य योजना के तहत एक करोड़ 98 हजार रुपये से अधिक कीमत का सरकारी धन हड़प करने का मुकदमा दर्ज कराया गया है।
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शासन ने 1735 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से गेहूं की खरीद करने की घोषणा की थी। किसानों को फसल का वाजिब दाम मिले इसलिए किसानों का ऑनलाइन पंजीकरण किया गया था। इसमें किसानों की जोत बही, खतौनी, फोटोयु़क्त पहचान पत्र, बैंक पासबुक की फोटोकापी तथा आधार कार्ड लगाना अनिवार्य था। बिना पंजीयन के गेहूं खरीद हो पाना संभव नहीं था। शासन ने कानपुर की कोआपरेटिव कंपनी एडिको को भुगतान करने की जिम्मेदारी दी थी। इसकी देखरेख झांसी में मंडल प्रभारी नरेश गुप्ता कर रहे थे। गेहूं की खरीद कर ली गई, लेकिन किसानों का भुगतान नहीं हुआ। खरीद बंद हुई तथा स्टॉक का मिलान किया गया तो पता चला कि पांच हजार क्विंटल गेहूं खरीद का मिलान नहीं हो पा रहा है। इस पर एफसीआई ने संबंधित व्यक्तियों से स्थिति स्पष्ट करने को कहा, लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। अंत में मुकदमा दर्ज करा दिया गया।
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शहर कोतवाली में जिला खाद्य विपणन अधिकारी द्वारा दी गई तहरीर के आधार पर झांसी के सागर गेट निवासी मंडल प्रभारी नरेश गुप्ता व कानपुर नगर के साकेत नगर स्थित एडिको कंपनी के प्रबंध निदेशक सुशील कुमार के खिलाफ धोखाधड़ी कर कूटरचित दस्तावेज तैयार कर नकली को असली के रूप में प्रयोग कर समर्थन मूल्य योजना के तहत एक करोड़ 98 हजार रुपये से अधिक कीमत का सरकारी धन हड़प करने का मुकदमा दर्ज कराया गया है।
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