{"_id":"58f7bf354f1c1beb02473848","slug":"e-tendering-mandatory-in-municipal-corporation","type":"story","status":"publish","title_hn":"नगर निगम में ई-टेंडरिंग अनिवार्य ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नगर निगम में ई-टेंडरिंग अनिवार्य
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Thu, 20 Apr 2017 01:19 AM IST
विज्ञापन
nagar nigm, jhansi
- फोटो : demo
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ के निर्देश पर नगर निगम में अब सभी ठेके ई-टेंडरिंग के माध्यम से होंगे। एक दिन पहले निकाला गया प्याऊ का ठेका भी ई-टेंडरिंग के माध्यम से होगा। नई प्रक्रिया लागू होने से नगर निगम के 250 विकास कार्य लटक गए हैं। ई-टेडरिंग के माध्यम से सभी कार्यों के टेंडर चार मई को खुलेंगे।
नगर निगम में आठ महीने से विकास कार्य ठप हैं। कुछ दिन पहले अमृत योजना के अंतर्गत शहर के पार्कों लहर गिर्द गैस गोदाम के पास और डॉ. वृंदावन लाल वर्मा पार्क के निर्माण का टेंडर निकाला था। इसके अलावा 17 करोड़ रुपये से नाली और सड़क निर्माण के लिए लगभग ढाई सौ टेंडर निकाले थे, लेकिन इसी बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सभी विभागों को ई-टेंडरिंग प्रक्रिया सख्ती से लागू करने के निर्देश दे दिए। इस कारण ये सभी टेंडर निरस्त कर दिए गए। अब ई-टेंडरिंग के माध्यम से सभी कार्यों के ठेके निकाले जाएंगे।
गड्ढामुक्त होंगी सड़कें
नगर निगम ने कार्ययोजना तैयार की थी कि अप्रैल के अंत तक सभी सड़कों को गड्ढामुक्त कर दिया जाएगा। इसके लिए आनन-फानन में 28 लाख रुपये की योजना बनाई गई और टेंडर निकाल दिया गया, लेकिन ई-टेंडरिंग अनिवार्य होने से सड़कों को गड्ढामुक्त करने का टेंडर भी निरस्त कर दिया गया। अब फिर से टेंडर डाला जाएगा, जो चार मई को खुलेगा।
विज्ञापन
ठेकेदारों का भुगतान अटका
नगर निगम में पहले से ई-टेंडरिंग व्यवस्था लागू थी, लेकिन अब उसमें कुछ बदलाव कर दिया गया है। बदलाव से ठेकेदारों का भुगतान फंस गया है। इससे ठेकेदारों में नई ई-टेंडरिंग व्यवस्था से रोष है।
अब सभी काम मई में शुरू होंगे
नगर निगम में पहले से ई-टेंडरिंग कार्य हो रहा था, लेकिन अब उसमें कुछ बदलाव हो गया है। इसलिए सभी टेंडर रद कर दिए गए हैं। अब सभी कार्यों की निविदाएं नए सिरे से चार मई को खोली जाएंगी। इसके बाद ही कोई काम शुरू हो पाएगा।
- आरके वर्मा, मुख्य अभियंता, नगर निगम
विज्ञापन
नगर निगम में आठ महीने से विकास कार्य ठप हैं। कुछ दिन पहले अमृत योजना के अंतर्गत शहर के पार्कों लहर गिर्द गैस गोदाम के पास और डॉ. वृंदावन लाल वर्मा पार्क के निर्माण का टेंडर निकाला था। इसके अलावा 17 करोड़ रुपये से नाली और सड़क निर्माण के लिए लगभग ढाई सौ टेंडर निकाले थे, लेकिन इसी बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सभी विभागों को ई-टेंडरिंग प्रक्रिया सख्ती से लागू करने के निर्देश दे दिए। इस कारण ये सभी टेंडर निरस्त कर दिए गए। अब ई-टेंडरिंग के माध्यम से सभी कार्यों के ठेके निकाले जाएंगे।
विज्ञापन
गड्ढामुक्त होंगी सड़कें
नगर निगम ने कार्ययोजना तैयार की थी कि अप्रैल के अंत तक सभी सड़कों को गड्ढामुक्त कर दिया जाएगा। इसके लिए आनन-फानन में 28 लाख रुपये की योजना बनाई गई और टेंडर निकाल दिया गया, लेकिन ई-टेंडरिंग अनिवार्य होने से सड़कों को गड्ढामुक्त करने का टेंडर भी निरस्त कर दिया गया। अब फिर से टेंडर डाला जाएगा, जो चार मई को खुलेगा।
विज्ञापन
ठेकेदारों का भुगतान अटका
नगर निगम में पहले से ई-टेंडरिंग व्यवस्था लागू थी, लेकिन अब उसमें कुछ बदलाव कर दिया गया है। बदलाव से ठेकेदारों का भुगतान फंस गया है। इससे ठेकेदारों में नई ई-टेंडरिंग व्यवस्था से रोष है।
अब सभी काम मई में शुरू होंगे
नगर निगम में पहले से ई-टेंडरिंग कार्य हो रहा था, लेकिन अब उसमें कुछ बदलाव हो गया है। इसलिए सभी टेंडर रद कर दिए गए हैं। अब सभी कार्यों की निविदाएं नए सिरे से चार मई को खोली जाएंगी। इसके बाद ही कोई काम शुरू हो पाएगा।
- आरके वर्मा, मुख्य अभियंता, नगर निगम