{"_id":"6133ce158ebc3e6ee33a0d83","slug":"defects-found-in-kasturba-vidyalaya-angry-law-officers-jhansi-news-jhs2035216188","type":"story","status":"publish","title_hn":"कस्तूरबा विद्यालय में मिली खामियां, नाराज हुए विधि अधिकारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कस्तूरबा विद्यालय में मिली खामियां, नाराज हुए विधि अधिकारी
विज्ञापन
झांसी। विधि अधिकारी बेसिक शिक्षा निदेशालय लखनऊ विनोद कुमार मिश्रा ने परिषदीय विद्यालयाें में कायाकल्प, भोजन गुणवत्ता, मिशन प्रेरणा के तहत संचालित गतिविधियां और कोविड प्रोटोकाल की हकीकत दूसरे दिन भी देखी। शनिवार को उन्होंने बबीना के फारेस्ट विलेज कस्तूरबा विद्यालय और शहर के दो विद्यालयों का निरीक्षण किया। कस्तूरबा विद्यालय में मिली कमियों पर नाराजगी व्यक्त की और बीएसए को तत्काल कमियां दूर करने का उन्होंने निर्देश दिया।
सर्वप्रथम उन्होंने बहुमंजिलीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय खुशीपुरा का निरीक्षण किया। निरीक्षण में प्रधानाध्यापिका अनीता रिछारिया विद्यालय में उपस्थित रहीं। विद्यालय में कायाकल्प के तहत बनाया गया दिव्यांग शौचालय व्यवस्थित पाया गया। कक्षाओं में बच्चों की रचनात्मकता देख निरीक्षण टीम ने बच्चों का उत्साहवर्धन किया। प्रधानाध्यापिका ने बताया कि यहां पर कोई शिक्षक नहीं है। इस पर उन्होंने बीएसए को जहां कहीं अधिक शिक्षक हैं वहां से समायोजित करने का मौखिक निर्देश दिया। यहां 40 बच्चे निरीक्षण के दौरान उपस्थित रहे। इसके पश्चात निरीक्षण टीम प्राथमिक विद्यालय सिविल लाइंस पहुंची। यहां पर प्रधानाध्यापिका नईमा बेगम, सहायक अध्यापक शशि कश्यप और शिक्षामित्र साबिहा परवीन उपस्थित रहीं। यहां बच्चों की संख्या 14 रही। टीम ने अभिभावकों से संपर्क कर सहमति पत्र भरकर लेने और कक्षा में बच्चों की संख्या बढ़ाने की बात कही। इसपर प्रधानाध्यापिका ने बताया कि कुछ बच्चों को बुखार आने की सूचना अभिभावकों ने दी जिसपर उन्हें विद्यालय आने से मना कर दिया गया। बबीना के फारेस्ट विलेज कस्तूरबा विद्यालय में सभी शिक्षक उपस्थित रहे लेकिन बालिकाओं की संख्या 22 रही। कायाकल्प और मिशन प्रेरणा के तहत संचालित गतिविधियों में कमी मिली। इस पर विधि आधिकारी ने बीएसए को इसे तत्काल दूर कराने का निर्देश दिया। निरीक्षण के दौरान जिला समन्वयक राजेश समेले, आरोग्य तिवारी नवीन दुबे के साथ एसआरजी चौधरी धर्मेंद्र सिंह उपस्थित रहे।
बच्चों के उत्तर से प्रसन्न हुए अधिकारी, दी शाबासी
बहुमंजिलीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय खुशीपुरा और प्राथमिक विद्यालय सिविल लाइंस में निरीक्षण के दौरान लखनऊ से आए विधि अधिकारी ने बच्चों से गणित और सामान्य ज्ञान से संबंधित प्रश्न पूछे, जिसका बच्चों ने सही उत्तर दिया। इस उन्होंने बच्चों को शाबासी दी।
विज्ञापन
दो दिनों में दस विद्यालयों का निरीक्षण किया, जिसमें उच्च प्राथमिक विद्यालय मढ़ा डिलावली में विद्युत कनेक्शन नहीं मिलना और फारेस्ट विलेज कस्तूरबा विद्यालय बबीना में कायाकल्प समेत कई गतिविधियों में कमियां मिलीं। बीएसए को दूर कराने के लिए निर्देशित किया गया है। सभी 18 बिंदुओं के मानक को पूरा करने में प्राथमिक विद्यालय सिविल लाइंस सर्वश्रेष्ठ रहा।
-विनोद कुमार मिश्रा,
विधि अधिकारी, बेसिक शिक्षा निदेशालय लखनऊ
विज्ञापन
सर्वप्रथम उन्होंने बहुमंजिलीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय खुशीपुरा का निरीक्षण किया। निरीक्षण में प्रधानाध्यापिका अनीता रिछारिया विद्यालय में उपस्थित रहीं। विद्यालय में कायाकल्प के तहत बनाया गया दिव्यांग शौचालय व्यवस्थित पाया गया। कक्षाओं में बच्चों की रचनात्मकता देख निरीक्षण टीम ने बच्चों का उत्साहवर्धन किया। प्रधानाध्यापिका ने बताया कि यहां पर कोई शिक्षक नहीं है। इस पर उन्होंने बीएसए को जहां कहीं अधिक शिक्षक हैं वहां से समायोजित करने का मौखिक निर्देश दिया। यहां 40 बच्चे निरीक्षण के दौरान उपस्थित रहे। इसके पश्चात निरीक्षण टीम प्राथमिक विद्यालय सिविल लाइंस पहुंची। यहां पर प्रधानाध्यापिका नईमा बेगम, सहायक अध्यापक शशि कश्यप और शिक्षामित्र साबिहा परवीन उपस्थित रहीं। यहां बच्चों की संख्या 14 रही। टीम ने अभिभावकों से संपर्क कर सहमति पत्र भरकर लेने और कक्षा में बच्चों की संख्या बढ़ाने की बात कही। इसपर प्रधानाध्यापिका ने बताया कि कुछ बच्चों को बुखार आने की सूचना अभिभावकों ने दी जिसपर उन्हें विद्यालय आने से मना कर दिया गया। बबीना के फारेस्ट विलेज कस्तूरबा विद्यालय में सभी शिक्षक उपस्थित रहे लेकिन बालिकाओं की संख्या 22 रही। कायाकल्प और मिशन प्रेरणा के तहत संचालित गतिविधियों में कमी मिली। इस पर विधि आधिकारी ने बीएसए को इसे तत्काल दूर कराने का निर्देश दिया। निरीक्षण के दौरान जिला समन्वयक राजेश समेले, आरोग्य तिवारी नवीन दुबे के साथ एसआरजी चौधरी धर्मेंद्र सिंह उपस्थित रहे।
विज्ञापन
बच्चों के उत्तर से प्रसन्न हुए अधिकारी, दी शाबासी
बहुमंजिलीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय खुशीपुरा और प्राथमिक विद्यालय सिविल लाइंस में निरीक्षण के दौरान लखनऊ से आए विधि अधिकारी ने बच्चों से गणित और सामान्य ज्ञान से संबंधित प्रश्न पूछे, जिसका बच्चों ने सही उत्तर दिया। इस उन्होंने बच्चों को शाबासी दी।
विज्ञापन
दो दिनों में दस विद्यालयों का निरीक्षण किया, जिसमें उच्च प्राथमिक विद्यालय मढ़ा डिलावली में विद्युत कनेक्शन नहीं मिलना और फारेस्ट विलेज कस्तूरबा विद्यालय बबीना में कायाकल्प समेत कई गतिविधियों में कमियां मिलीं। बीएसए को दूर कराने के लिए निर्देशित किया गया है। सभी 18 बिंदुओं के मानक को पूरा करने में प्राथमिक विद्यालय सिविल लाइंस सर्वश्रेष्ठ रहा।
-विनोद कुमार मिश्रा,
विधि अधिकारी, बेसिक शिक्षा निदेशालय लखनऊ