{"_id":"5e090ab38ebc3e880106743e","slug":"businessman-absconding-with-two-carore-rice-jhansi-news-jhs156217169","type":"story","status":"publish","title_hn":"दो करोड़ रुपये का गेहूं व धान लेकर व्यापारी लापता","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दो करोड़ रुपये का गेहूं व धान लेकर व्यापारी लापता
विज्ञापन
बड़ागांव थाने में शिकायत दर्ज कराने पहुंचे ठगी के शिकार किसान।
- फोटो : DEHAT
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बड़ागांव (झांसी)। बड़ागांव इलाके के 36 किसानों से दो करोड़ रुपये का गेहूं व धान खरीदकर एक व्यापारी लापता हो गया। उसने किसानों को एक रुपया भी भुगतान नहीं किया। व्यापारी का पता न चलने से घबराए किसानों ने रविवार को पुलिस से शिकायत की है। पुलिस ने व्यापारी की तलाश शुरू कर दी है। कई ग्रामीणों से भी पूछताछ की गई है।
क्षेत्र के रहने वाले एक व्यापारी लंबे समय से किसानों से धान व गेहूं की खरीद करते आ रहे हैं। पिछले दिनों उन्होंने गांव में रहने वाले प्रभु दयाल, कैलाश, मुरारीलाल, रवीन्द्र सिंह यादव, भूपेन्द्र, विनोद ओझा, सतीश ओझा, मिंटु, भगवान सिंह बलवंत, बृजेन्द्र सिंह, योगेंद्र सिंह, जितेंद्र, सुरेंद्र सिंह, महेन्द्र सिंह, बृजभूषण तिवारी, प्रीतम ओझा, संतोष यादव, राम यादव, ओम प्रकाश भगत सिंह, कुलदीप सिंह यादव, महीपत सिंह यादव, शिरोमन सिंह यादव समेत 36 किसानों से दो करोड़ रुपये का गेहूं व धान खरीदा। सभी को एक सप्ताह में भुगतान का आश्वासन दिया।
चूंकि, वे किसानों से हरदम गेहूं आदि खरीदते रहते थे, इसलिए सभी उन पर विश्वास करते थे। समय गुजरा, लेकिन किसानों का भुगतान नहीं हुआ। इस पर किसानों ने व्यापारी की तलाश की। घर गए तो वहां ताला लगा पाया। आसपास जानकारी करने पर पता चला कि वे परिवार समेत कई दिन से नहीं हैं। यह सुनकर घबराए किसान मामले की शिकायत करने थाने पहुंचे। किसानोें की शिकायत पर पुलिस ने भी तुरंत उनकी खोजबीन कराई, लेकिन पता नहीं चला। प्रभारी निरीक्षक सुधीर कुमार ने बताया कि किसानों ने शिकायत की है। पुलिस ने व्यापारी की तलाश शुरू कर दी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
क्षेत्र के रहने वाले एक व्यापारी लंबे समय से किसानों से धान व गेहूं की खरीद करते आ रहे हैं। पिछले दिनों उन्होंने गांव में रहने वाले प्रभु दयाल, कैलाश, मुरारीलाल, रवीन्द्र सिंह यादव, भूपेन्द्र, विनोद ओझा, सतीश ओझा, मिंटु, भगवान सिंह बलवंत, बृजेन्द्र सिंह, योगेंद्र सिंह, जितेंद्र, सुरेंद्र सिंह, महेन्द्र सिंह, बृजभूषण तिवारी, प्रीतम ओझा, संतोष यादव, राम यादव, ओम प्रकाश भगत सिंह, कुलदीप सिंह यादव, महीपत सिंह यादव, शिरोमन सिंह यादव समेत 36 किसानों से दो करोड़ रुपये का गेहूं व धान खरीदा। सभी को एक सप्ताह में भुगतान का आश्वासन दिया।
विज्ञापन
चूंकि, वे किसानों से हरदम गेहूं आदि खरीदते रहते थे, इसलिए सभी उन पर विश्वास करते थे। समय गुजरा, लेकिन किसानों का भुगतान नहीं हुआ। इस पर किसानों ने व्यापारी की तलाश की। घर गए तो वहां ताला लगा पाया। आसपास जानकारी करने पर पता चला कि वे परिवार समेत कई दिन से नहीं हैं। यह सुनकर घबराए किसान मामले की शिकायत करने थाने पहुंचे। किसानोें की शिकायत पर पुलिस ने भी तुरंत उनकी खोजबीन कराई, लेकिन पता नहीं चला। प्रभारी निरीक्षक सुधीर कुमार ने बताया कि किसानों ने शिकायत की है। पुलिस ने व्यापारी की तलाश शुरू कर दी है।
विज्ञापन