{"_id":"5ffa014f8ebc3e2f84645508","slug":"bu-kulpati-id-hang-try-to-cheat-jhansi-news-jhs185659145","type":"story","status":"publish","title_hn":"बीयू कुलपति की फर्जी ई-मेल आईडी बनाकर ठगी का प्रयास","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बीयू कुलपति की फर्जी ई-मेल आईडी बनाकर ठगी का प्रयास
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
झांसी। बुंदेलखंड विश्वविद्यालय के कुलपति के नाम से किसी ने फर्जी ई-मेल आईडी बना ली। इस आईडी के जरिए विश्वविद्यालय के शिक्षक समेत कुछ लोगों को मेसेज भेजकर ठगी का प्रयास किया गया। कई लोगों के पास फर्जी आईडी से ई-मेल पहुंची तो कुलपति के संज्ञान में मामला आया। मामले की शिकायत पुलिस से की गई है। साइबर सेल ने जांच शुरू कर दी है।
सोशल मीडिया अकाउंट हैक करके, फर्जी प्रोफाइल और आईडी बनाकर फर्जीवाड़ा करने वाला गिरोह सक्रिय है। कई बार लोग झांसे में आकर ठगी का शिकार भी हो चुके हैं। ताजा मामला बुंदेलखंड विश्वविद्यालय से जुड़ा है। किसी जालसाज ने कुलपति के नाम से फर्जी ई-मेल आईडी बना ली। शुरूआत में बीयू के दो शिक्षकों के पास ई-मेल पहुंची। जालसाज ने शिक्षकों से हॉस्पिटल आकर मिलने के लिए कहा। मेल भेजने वाले ने लिखा कि वह अपने रिश्तेदार के साथ अस्पताल में फंसा हुआ है। अमेजन-पे से गिफ्ट कार्ड खरीद दें। यह कार्ड किसी दूसरे को देने हैं। मेसेज पढ़ते ही शिक्षकों को यह समझने में देर नहीं हुई कि किसी जालसाज ने कुलपति के नाम से फर्जी ई-मेल आईडी बना ली है। उन्होंने इसकी सूचना कुलपति को दी। मामला संज्ञान में आने के बाद कार्रवाई के लिए पुलिस से बात की। अब मामले की जांच साइबर सेल ने शुरू कर दी है। पुलिस आरोपी को पकड़ने का प्रयास कर रही है।
विज्ञापन
सोशल मीडिया अकाउंट हैक करके, फर्जी प्रोफाइल और आईडी बनाकर फर्जीवाड़ा करने वाला गिरोह सक्रिय है। कई बार लोग झांसे में आकर ठगी का शिकार भी हो चुके हैं। ताजा मामला बुंदेलखंड विश्वविद्यालय से जुड़ा है। किसी जालसाज ने कुलपति के नाम से फर्जी ई-मेल आईडी बना ली। शुरूआत में बीयू के दो शिक्षकों के पास ई-मेल पहुंची। जालसाज ने शिक्षकों से हॉस्पिटल आकर मिलने के लिए कहा। मेल भेजने वाले ने लिखा कि वह अपने रिश्तेदार के साथ अस्पताल में फंसा हुआ है। अमेजन-पे से गिफ्ट कार्ड खरीद दें। यह कार्ड किसी दूसरे को देने हैं। मेसेज पढ़ते ही शिक्षकों को यह समझने में देर नहीं हुई कि किसी जालसाज ने कुलपति के नाम से फर्जी ई-मेल आईडी बना ली है। उन्होंने इसकी सूचना कुलपति को दी। मामला संज्ञान में आने के बाद कार्रवाई के लिए पुलिस से बात की। अब मामले की जांच साइबर सेल ने शुरू कर दी है। पुलिस आरोपी को पकड़ने का प्रयास कर रही है।
विज्ञापन