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पाइप लाइन में डाल दिया तेजाब
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झांसी। बुंदेलखंड विश्वविद्यालय में आवासीय परिसर में पानी की समस्या ठीक करने गए प्लंबर ने बड़ी लापरवाही कर दी। लाइन की सफाई करते समय उनसे तेजाब डाल दिया। एक शिक्षक के घर में लगे आरओ, वाशिंग मशीन में जब तेजाब पहुंचा, तब जाकर मामला खुला। हालांकि, गनीमत रही कि किसी की जान को नुकसान नहीं हुआ।
बुंदेलखंड विश्वविद्यालय के दीनदयाल उपाध्याय आवासीय संकुल के आवास संख्या सी-5 में पानी की समस्या होने के कारण अधिकारियों को प्रार्थना पत्र दिया गया था। बीयू की तरफ से भेजे गए प्लंबर ने सी-5 आवास की जगह सी-9 की पाइपलाइन को काटकर सफाई करने के लिए गलतफहमी में तेजाब डाल दिया। समय से जानकारी हो जाने और सी-9 में रहने वाले शिक्षक की सतर्कता के कारण कोई बड़ा हादसा होने से बच गया। दरअसल, पाइपलाइन से आने वाले पानी को पेयजल के रूप में उपयोग किया जाता है, इसलिए सी-9 संख्या वाले आवास का आरओ और वाशिंग मशीन लाइन से जुड़े थे, जिनमें तेजाब चला गया। बड़ी मुश्किल से तेजाब को दोनों उपकरणों से निकाला जा सका। गनीमत रही कि इस हादसे में कोई हताहत नहीं हुआ। इस घटना के बाद बीयू शिक्षकों ने कुलपति को शिकायती पत्र दिया है। पत्र में मांग की गई कि संबंधित विभाग को निर्देशित करें कि भविष्य में पाइपलाइन सुधार के दौरान इस प्रकार की लापरवाही न दोहराई जाए। वरना बड़ी दुर्घटना हो सकती है।
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बुंदेलखंड विश्वविद्यालय के दीनदयाल उपाध्याय आवासीय संकुल के आवास संख्या सी-5 में पानी की समस्या होने के कारण अधिकारियों को प्रार्थना पत्र दिया गया था। बीयू की तरफ से भेजे गए प्लंबर ने सी-5 आवास की जगह सी-9 की पाइपलाइन को काटकर सफाई करने के लिए गलतफहमी में तेजाब डाल दिया। समय से जानकारी हो जाने और सी-9 में रहने वाले शिक्षक की सतर्कता के कारण कोई बड़ा हादसा होने से बच गया। दरअसल, पाइपलाइन से आने वाले पानी को पेयजल के रूप में उपयोग किया जाता है, इसलिए सी-9 संख्या वाले आवास का आरओ और वाशिंग मशीन लाइन से जुड़े थे, जिनमें तेजाब चला गया। बड़ी मुश्किल से तेजाब को दोनों उपकरणों से निकाला जा सका। गनीमत रही कि इस हादसे में कोई हताहत नहीं हुआ। इस घटना के बाद बीयू शिक्षकों ने कुलपति को शिकायती पत्र दिया है। पत्र में मांग की गई कि संबंधित विभाग को निर्देशित करें कि भविष्य में पाइपलाइन सुधार के दौरान इस प्रकार की लापरवाही न दोहराई जाए। वरना बड़ी दुर्घटना हो सकती है।
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