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प्राथमिक शिक्षक संघ का बीएसए कार्यालय पर धरना
Updated Wed, 23 Aug 2017 12:23 AM IST
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जौनपुर। पुरानी पेंशन योजना की बहाली समेत कई अन्य मांगों को लेकर प्राथमिक शिक्षक संघ ने मंगलवार को बीएसए कार्यालय पर धरना दिया। शिक्षकों ने कहा कि शिक्षकों की जायज मांगों को नकारा जाना दुर्भाग्यपूर्ण है।
प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष अरविंद शुक्ल की अगुवाई में सुबह 10 बजे ही बड़ी संख्या में शिक्षक बीएसए कार्यालय पहुंचे और कार्यालय के सामने ही दरी बिछाकर बैठ गए। धरना सभा को संबोधित करते हुए शिक्षकों ने कहा कि पुरानी पेंशन योजना शिक्षकों के बुढ़ापे की लाठी थी। लेकिन सरकार ने बुढ़ापे की लाठी को भी छीन लिया। इस मांग को लेकर तमाम आंदोलन हुए बावजूद इसके सरकार को शिक्षकों की बदहाली पर कोई सहानुभूति नहीं है। धरने के माध्यम से शिक्षकों ने पदोन्नति का मसला भी उठाया। कहा कि पदोन्नति न होने की दशा में कार्यवाहक प्रधानाध्यापक को भी प्रधानाध्यापक के बराबर वेतन दिया जाना चाहिए। कैशलेश चिकित्सा सुविधा, रंगाई पुताई और यूनिफार्म का मूल्य बढ़ाया जाना चाहिए। इसके अलावा अवकाश प्राप्त शिक्षकों की पेंशन पत्रावलियों के निस्तारण में हो रही देरी सहित अन्य मांगे भी उठाई गई। धरना सभा को रमाशंकर यादव, सत्यप्रकाश पांडेय, रविचंद्र यादव, लालसाहब यादव, विरेंद्र प्रताप सिंह, रामदुलार यादव, शशांक सिंह रानू, प्रशांत मिश्र, मो. हाशिम, प्रमोद दुबे, विक्रम प्रकाश, धर्मेंद्र यादव, सुनील यादव ने भी संबोधित दिया।
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प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष अरविंद शुक्ल की अगुवाई में सुबह 10 बजे ही बड़ी संख्या में शिक्षक बीएसए कार्यालय पहुंचे और कार्यालय के सामने ही दरी बिछाकर बैठ गए। धरना सभा को संबोधित करते हुए शिक्षकों ने कहा कि पुरानी पेंशन योजना शिक्षकों के बुढ़ापे की लाठी थी। लेकिन सरकार ने बुढ़ापे की लाठी को भी छीन लिया। इस मांग को लेकर तमाम आंदोलन हुए बावजूद इसके सरकार को शिक्षकों की बदहाली पर कोई सहानुभूति नहीं है। धरने के माध्यम से शिक्षकों ने पदोन्नति का मसला भी उठाया। कहा कि पदोन्नति न होने की दशा में कार्यवाहक प्रधानाध्यापक को भी प्रधानाध्यापक के बराबर वेतन दिया जाना चाहिए। कैशलेश चिकित्सा सुविधा, रंगाई पुताई और यूनिफार्म का मूल्य बढ़ाया जाना चाहिए। इसके अलावा अवकाश प्राप्त शिक्षकों की पेंशन पत्रावलियों के निस्तारण में हो रही देरी सहित अन्य मांगे भी उठाई गई। धरना सभा को रमाशंकर यादव, सत्यप्रकाश पांडेय, रविचंद्र यादव, लालसाहब यादव, विरेंद्र प्रताप सिंह, रामदुलार यादव, शशांक सिंह रानू, प्रशांत मिश्र, मो. हाशिम, प्रमोद दुबे, विक्रम प्रकाश, धर्मेंद्र यादव, सुनील यादव ने भी संबोधित दिया।
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