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Jalaun News: आटा रेलवे क्रॉसिंग बंद होने से चौथे दिन भी लोगों आईं परेशानियां

Thu, 21 Nov 2024 12:11 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Thu, 21 Nov 2024 12:11 AM IST
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Due to closure of Atta railway crossing, people faced problems for the fourth day
आटा। झांसी-कानपुर रेलखंड पर आटा-इटौरा रेलवे क्रॉसिंग 189 ट्रैक मरम्मत के लिए पांच दिनों के लिए बंद कर दी गई है। चौथे दिन भी लोगों की परेशानियां कम नहीं हुई। मरम्मत कार्य अंतिम चरण में है। इस दौरान एक दर्जन गांवों और करीब तीस हजार लोग प्रभावित हुए हैं। फाटक बंद होने से सबसे ज्यादा दिक्कतें बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को हो रही हैं। बाइक सवार क्रॉसिंग पर अपनी बाइकें खड़ी करके पैदल सफर कर रहे हैं।
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क्रॉसिंग बंद होने पर किसानों को खाद लेने के बाद उसे सिर पर लादकर वाहनों तक ले जाना पड़ रहा है। वहीं, खेतों तक ट्रैक्टर ले जाने के लिए 15 किलोमीटर का चक्कर लगाना पड़ रहा है। पलेवा के इंतजार में पड़े खेतों ने किसानों की चिंता और बढ़ा दी है। खरीदारी के लिए आए लोग अपने सामान को भी सिर पर लादकर वाहनों तक पहुंचा रहे हैं। जिला मुख्यालय, तहसील और थाने जाने वाले लोगों को वैकल्पिक मार्ग से लंबा रास्ता तय करना पड़ रहा है। बच्चों को स्कूल पहुंचने और लौटने में भारी परेशानी हो रही है। बच्चे सुबह 20 मिनट पहले घरों से निकल रहें हैं और स्कूल से लौटकर 20 मिनट देरी से घर पहुंच रहे हैं। 189 क्रॉसिंग की बंदी ने भभुआ रेलवे क्रॉसिंग 190 पर यातायात का दबाव बढ़ा दिया है। सुबह और शाम जाम की स्थिति बन रही है। हालांकि कुछ समय बाद जाम सामान्य हो जाता है, लेकिन यह रोजमर्रा के जीवन में बाधा उत्पन्न कर रहा है।
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सीनियर सेक्शन इंजीनियर रेलपथ एसके तिवारी का कहना है कि मरम्मत कार्य अपने अंतिम चरण में है। जल्द पूरा होगा।





पांच दिनों के लिए आटा रेलवे क्रॉसिंग बंद होने से बहुत दिक्कतों का सामना करना पड़ा। खेतों के लिए इस रास्ते का उपयोग करता है लेकिन अब लंबा चक्कर लगाना पड़ रहा है। इससे न केवल समय की बर्बादी हो रही है, बल्कि अतिरिक्त ईंधन का खर्च भी बढ़ गया है। रोजमर्रा की जिंदगी में ये बदलाव हमारे लिए काफी मुश्किल भरा हो गया है। अगर रेलवे को क्रॉसिंग बंद करनी ही थी तो कम से कम वैकल्पिक रास्तों की बेहतर व्यवस्था करनी चाहिए थी। स्थानीय प्रशासन को इस समस्या पर पहले से ध्यान देना चाहिए था। बच्चों को स्कूल पहुंचाने में भी काफी परेशानी हो रही है।
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आटा के दिव्यांग केशकांत कुशवाहा ने बताया कि रेलवे क्रॉसिंग बंद होने से हमारी दिनचर्या पूरी तरह प्रभावित हो गई है। हमारा खेत क्रॉसिंग के उसपार पड़ता है। वर्तमान में खेत मे पलेवा हो रहा है। क्रॉसिंग बंद है, ट्राईसाइकिल से खेत तक पहुंचने के लिए 15 किलोमीटर का चक्कर काटना हमारे लिए मुश्किल है। रास्ता भी सुरक्षित नहीं है, क्योंकि वहां वाहनों की संख्या अधिक रहती है। अभी दो दिन और रह गए क्रॉसिंग खुलने में लगातार परेशानी बढ़ती जा रही है।
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