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हाथरस : अधिकारियों ने जांच में नहीं पाई चिकित्सक या स्टाफ की लापरवाही
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संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस।
चिंतापुर बदन निवासी मृतक महिला के शव को सरकारी वाहन न मिलने की जानकारी जैसे ही स्थानीय प्रशासन को हुई, वैसे ही अधिकारी भी इसकी जांच-पड़ताल में जुट गए। अधिकारियों ने जांच में इस मामले में अस्पताल के चिकित्सक व स्टाफ की लापरवाही नहीं पाई है।
मृतका प्रवेश टीबी से पीड़ित थी। अधिकारी मृतका प्रवेश पत्नी रामखिलाड़ी के घर पहुंचे। एसडीएम सदर ने इसे लेकर पूरी जांच की। एसडीएम सदर राजकुमार सिंह ने बताया कि 35 वर्षी प्रवेश पत्नी रामखिलाड़ी निवासी चिंतापुर बदन थाना हाथरस जंक्शन को दोपहर एक बजकर 45 बजे जिला अस्पताल में लाया गया था।
वहां इमरजेंसी में तैनात चिकित्सक डॉ. रमेशबाबू ने उसका परीक्षण किया। परीक्षण के बाद उसे मृत घोषित कर दिया गया। एसडीएम सदर ने बताया कि चिकित्सक द्वारा मृतका के परिजनों से सरकारी शव वाहन (एंबुलेंस) से घर ले जाने के लिए कहा गया तो मृतका के परिजनों ने खुद ही एंबुलेंस की सेवा लेने के मना कर दिया और यह कह दिया कि उन पर वाहन की व्यवस्था है।
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एसडीएम ने बताया कि मृतका के पति रामखिलाड़ी का कहना है कि उसे अस्पताल के चिकित्सक व वहां से स्टाफ से कोई शिकायत नहीं है। इसमें चिकित्सक व स्टाफ की कोई लापवाही नहीं है। एसडीएम का कहना है कि मृतका के पति ने इसे लेकर लिखित में भी बयान दिया है।
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चिंतापुर बदन निवासी मृतक महिला के शव को सरकारी वाहन न मिलने की जानकारी जैसे ही स्थानीय प्रशासन को हुई, वैसे ही अधिकारी भी इसकी जांच-पड़ताल में जुट गए। अधिकारियों ने जांच में इस मामले में अस्पताल के चिकित्सक व स्टाफ की लापरवाही नहीं पाई है।
मृतका प्रवेश टीबी से पीड़ित थी। अधिकारी मृतका प्रवेश पत्नी रामखिलाड़ी के घर पहुंचे। एसडीएम सदर ने इसे लेकर पूरी जांच की। एसडीएम सदर राजकुमार सिंह ने बताया कि 35 वर्षी प्रवेश पत्नी रामखिलाड़ी निवासी चिंतापुर बदन थाना हाथरस जंक्शन को दोपहर एक बजकर 45 बजे जिला अस्पताल में लाया गया था।
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वहां इमरजेंसी में तैनात चिकित्सक डॉ. रमेशबाबू ने उसका परीक्षण किया। परीक्षण के बाद उसे मृत घोषित कर दिया गया। एसडीएम सदर ने बताया कि चिकित्सक द्वारा मृतका के परिजनों से सरकारी शव वाहन (एंबुलेंस) से घर ले जाने के लिए कहा गया तो मृतका के परिजनों ने खुद ही एंबुलेंस की सेवा लेने के मना कर दिया और यह कह दिया कि उन पर वाहन की व्यवस्था है।
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एसडीएम ने बताया कि मृतका के पति रामखिलाड़ी का कहना है कि उसे अस्पताल के चिकित्सक व वहां से स्टाफ से कोई शिकायत नहीं है। इसमें चिकित्सक व स्टाफ की कोई लापवाही नहीं है। एसडीएम का कहना है कि मृतका के पति ने इसे लेकर लिखित में भी बयान दिया है।