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हाथरस के कोटे की डीएपी को अलीगढ़ में रोका, अफसर लाचार
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खाद, बीज की दुकान का निरीक्षण करते कृ षि अधिकारी। संवाद
- फोटो : HATHRAS
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संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस।
जिले में डीएपी की किल्लत बरकरार है। किसान डीएपी को पाने के लिए उर्वरक विक्रेताओं के यहां से लेकर सहकारी समितियों तक के चक्कर लगाने को मजबूर है। हैरानी की बात यह है कि शासन स्तर से जिले को भेजी गई डीएपी के कोटे में करीब 500 एमटी डीएपी अलीगढ़ कृषि विभाग के अधिकारियों द्वारा अपने जिले के लिए रोक ली गई है। इस कारण पूरे दिन जिला कृषि अधिकारी डीएपी को मंगाने के लिए उच्चाधिकारियों से संपर्क करने में जुटे रहे।
जिले में डीएपी की किल्लत को दूर करने के लिए अफसर भरसक प्रयास में जुटे हुए हैं, लेकिन खुद के विभागीय अधिकारी ही इस किल्लत को बढ़ावा देने में जुटे हुए है। शासन स्तर से जिले के लिए एक हजार एमटी डीएपी का आवंटन किया गया। डीएपी को अलीगढ़ भेजा गया। अलीगढ़ से कृषि विभाग के अधिकारियों ने करीब 500 एमटी डीएपी को रोक लिया। यहां उठान करने गए ठेकेदार को बैरंग लौटा दिया।
इस बात की जानकारी मिलने पर जिला कृषि अधिकारी आरके सिंह ने जिला कृषि अधिकारी अलीगढ़ से संपर्क साधने की कोशिश की तो उन्होंने अपना मोबाइल फोन नहीं उठाया। इस कारण जिला कृषि अधिकारी ने जेडी फर्टिलायजर लखनऊ से वार्ता की और आवंटन हुई डीएपी के उठान कराने की गुहार लगाई। यहां तक देर शाम तक डीएपी को अलीगढ़ से हाथरस लाने के लिए जिला कृषि अधिकारी उच्चाधिकारियों के संपर्क में लगे रहे।
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जिले में डीएपी की किल्लत बरकरार है। किसान डीएपी को पाने के लिए उर्वरक विक्रेताओं के यहां से लेकर सहकारी समितियों तक के चक्कर लगाने को मजबूर है। हैरानी की बात यह है कि शासन स्तर से जिले को भेजी गई डीएपी के कोटे में करीब 500 एमटी डीएपी अलीगढ़ कृषि विभाग के अधिकारियों द्वारा अपने जिले के लिए रोक ली गई है। इस कारण पूरे दिन जिला कृषि अधिकारी डीएपी को मंगाने के लिए उच्चाधिकारियों से संपर्क करने में जुटे रहे।
जिले में डीएपी की किल्लत को दूर करने के लिए अफसर भरसक प्रयास में जुटे हुए हैं, लेकिन खुद के विभागीय अधिकारी ही इस किल्लत को बढ़ावा देने में जुटे हुए है। शासन स्तर से जिले के लिए एक हजार एमटी डीएपी का आवंटन किया गया। डीएपी को अलीगढ़ भेजा गया। अलीगढ़ से कृषि विभाग के अधिकारियों ने करीब 500 एमटी डीएपी को रोक लिया। यहां उठान करने गए ठेकेदार को बैरंग लौटा दिया।
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इस बात की जानकारी मिलने पर जिला कृषि अधिकारी आरके सिंह ने जिला कृषि अधिकारी अलीगढ़ से संपर्क साधने की कोशिश की तो उन्होंने अपना मोबाइल फोन नहीं उठाया। इस कारण जिला कृषि अधिकारी ने जेडी फर्टिलायजर लखनऊ से वार्ता की और आवंटन हुई डीएपी के उठान कराने की गुहार लगाई। यहां तक देर शाम तक डीएपी को अलीगढ़ से हाथरस लाने के लिए जिला कृषि अधिकारी उच्चाधिकारियों के संपर्क में लगे रहे।
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