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हाथरस : बीएड प्रवेश परीक्षा में गढ़ी छत्तर के युवराज का प्रदेश में सातवां स्थान
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हाथरस : बीएड प्रवेश परीक्षा में सातवां स्थान पाने वाला युवराज सिंह। संवाद
- फोटो : HATHRAS
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सहपऊ (हाथरस)
क्षेत्र के गांव गढ़ी छत्तर (खोंडा) निवासी किसान इकबाल सिंह के बेटे युवराज सिंह ने बीएड प्रवेश परीक्षा में प्रदेश में सातवां स्थान प्राप्त कर क्षेत्र एवं जिले का नाम रोशन किया है। उनकी कामयाबी की खबर से पूरे गांव में जश्न का माहौल है। परिजनों ने मिठाई बांटकर खुशी मनाई।
युवराज इस समय दिल्ली में रहकर सिविल सेवा परीक्षा की कर रहे हैं। उनके पिता खेतीबाड़ी के साथ ट्रेवल एजेंसी का भी काम करते थे। युवराज ने छत्तीसगढ़ में रहकर बारहवीं तक की पढ़ाई की। उसके बाद मथुरा के वन महाराज इंजीनियरिंग कॉलेज से बीटेक किया।
इसके बाद उन्होंने दिल्ली के मुखर्जी नगर में रहकर तैयारी करते हुए सीजनल, लेखपाल, वीडीओ आदि की परीक्षाएं पास कीं, लेकिन मेरिट लिस्ट में जगह नही बना पाए। पत्नी के बीएड होने के कारण उनका झुकाव शिक्षा जगत की तरफ हुआ था। उनका कहना है कि बीएड की परीक्षा खंड शिक्षा अधिकारी बनने के ध्येय से की थी। अभी भी दिल्ली में रहकर सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी कर रहे हैं। बीटेक करने बाद पिता के साथ खेती में हाथ बंटाया था। संवाद
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क्षेत्र के गांव गढ़ी छत्तर (खोंडा) निवासी किसान इकबाल सिंह के बेटे युवराज सिंह ने बीएड प्रवेश परीक्षा में प्रदेश में सातवां स्थान प्राप्त कर क्षेत्र एवं जिले का नाम रोशन किया है। उनकी कामयाबी की खबर से पूरे गांव में जश्न का माहौल है। परिजनों ने मिठाई बांटकर खुशी मनाई।
युवराज इस समय दिल्ली में रहकर सिविल सेवा परीक्षा की कर रहे हैं। उनके पिता खेतीबाड़ी के साथ ट्रेवल एजेंसी का भी काम करते थे। युवराज ने छत्तीसगढ़ में रहकर बारहवीं तक की पढ़ाई की। उसके बाद मथुरा के वन महाराज इंजीनियरिंग कॉलेज से बीटेक किया।
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इसके बाद उन्होंने दिल्ली के मुखर्जी नगर में रहकर तैयारी करते हुए सीजनल, लेखपाल, वीडीओ आदि की परीक्षाएं पास कीं, लेकिन मेरिट लिस्ट में जगह नही बना पाए। पत्नी के बीएड होने के कारण उनका झुकाव शिक्षा जगत की तरफ हुआ था। उनका कहना है कि बीएड की परीक्षा खंड शिक्षा अधिकारी बनने के ध्येय से की थी। अभी भी दिल्ली में रहकर सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी कर रहे हैं। बीटेक करने बाद पिता के साथ खेती में हाथ बंटाया था। संवाद
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