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हाथरस : शिक्षित बेरोजगारों को मिले नौकरी, महिलाओं के सम्मान की हो रक्षा
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सादाबाद तहसील पर एसडीएम अंजली गंगवार को राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपते रालोद जिलाध्यक्ष व पदाधिक
- फोटो : SADABAD
संवाद न्यूज एजेंसी, सादाबाद।
राष्ट्रीय लोकदल के कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों ने शनिवार को भाजपा की जनविरोधी नीतियों के विरोध में एसडीएम अंजली गंगवार को राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से महंगाई, बेरोजगारी व महिलाओं की सुरक्षा का मुद्दा उठाया।
रालोद जिलाध्यक्ष केशवदेव चौधरी के नेतृत्व में सौंपे गए ज्ञापन में कहा गया कि किसान की फसलों की लागत बढ़ गई है, उन्हें मंडियों में लाभकारी मूल्य नहीं मिल रहा है। भाजपा सरकार का किसानों की आय बढ़ाने का वायदा जुमला बनकर रह गया है।
नौ माह से किसान नये कृषि कानूनों का विरोध कर रहे हैं और एमएसपी के अधिकार की मांग कर रहे हैं, लेकिन सरकार जनसुनवाई नहीं कर रही। ज्ञापन में मांग की गई कि गन्ने का बकाया भुगतान मय ब्याज अविलंब कराया जाए। जब तक किसानों का पूर्ण भुगतान नहीं होता है, तब तक सभी तरह की देनदारियों पर रोक लगाई जाए।
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शिक्षित बेरोजगारों को रोजगार दिया जाए। महिलाओं की सुरक्षा व सम्मान की रक्षा की जाए। किसानों के गन्ने की ढुलाई का भाड़ा खत्म किया जाए। किसानों के बिजली के बिल कम किए जाएं। नलकूप किसानों को बिजली निशुल्क दी जाए। किसानों के डीजल पर सब्सिडी दी जाए। खाद और अन्य कृषि यंत्रों के दाम घटाए जाएं।
आवारा पशुओं से किसानों की फसल को बचाने के लिए प्रबंध किया जाए। सरकारी मंडी के अंदर व निजी व्यापार में भी किसान से होने वाली खरीद एमएसपी पर हो। नहर बंबों में सिंचाई के लिए पानी छोड़ा जाए। आलू की खरीद सरकार द्वारा उचित मूल्य पर निर्धारित की जाए और खरीद केंद्र खोले जाएं।
बाजरा की फसल की खरीदारी के लिए क्रय केंद्र खोले जाएं। ज्ञापन देने वालों में जिलाध्यक्ष केशव देव चौधरी, पूर्व विधायक प्रताप चौधरी, जिपं सदस्य गुड्डू चौधरी, जिपं सदस्य सुआ पहलवान, जिपं सदस्य ईशान चौधरी, रामसहाय चौधरी, कर्मवीर सिंह, धीरी सिंह, सत्यवीर, सचिन पचहरा, प्रशांत चौधरी, कुंजिल सिंह एडवोकेट आदि थे।
युवा रालोद ने कलेक्ट्रेट पर भरी हुंकार, तहसीलदार को सौंपा ज्ञापन
युवा रालोद के प्रदेश महासचिव प्रवीन पौनियां के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट पर शनिवार को तहसीलदार को राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में पौनियां ने कहा कि भाजपा सरकार जनता के विश्वास और अपेक्षाओं पर खरी नहीं उतर सकी है।
किसानों का आय बढ़ाने का वादा जुमला बनकर रह गया है। कृषि कानून पर किसानों की बात नहीं सुनी जा रही है। किसानों को डीजल पर सब्सिडी मिले, खाद और अन्य कृषि यंत्रों के दाम घटाए जाएं। आवारा पशुओं से किसानों की फसल को बचाने के लिए प्रबंध किया जाए।
सरकारी मंडी के अंदर व निजी व्यापार में भी किसान से होने वाली खरीद एमएसपी पर हो। नहर बंबों में सिंचाई के लिए पानी छोड़ा जाए। आलू की खरीद सरकार द्वारा उचित मूल्य पर निर्धारित की जाए और खरीद केंद्र खोले जाएं। इस मौके पर सुरेंद्र सिंह परिहार, महीपाल सिंह, आशीष ठेंनुआ, कृष्ण कुमार, अतुल राना, लोकेश चौधरी, नितिन आदि थे।
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राष्ट्रीय लोकदल के कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों ने शनिवार को भाजपा की जनविरोधी नीतियों के विरोध में एसडीएम अंजली गंगवार को राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से महंगाई, बेरोजगारी व महिलाओं की सुरक्षा का मुद्दा उठाया।
रालोद जिलाध्यक्ष केशवदेव चौधरी के नेतृत्व में सौंपे गए ज्ञापन में कहा गया कि किसान की फसलों की लागत बढ़ गई है, उन्हें मंडियों में लाभकारी मूल्य नहीं मिल रहा है। भाजपा सरकार का किसानों की आय बढ़ाने का वायदा जुमला बनकर रह गया है।
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नौ माह से किसान नये कृषि कानूनों का विरोध कर रहे हैं और एमएसपी के अधिकार की मांग कर रहे हैं, लेकिन सरकार जनसुनवाई नहीं कर रही। ज्ञापन में मांग की गई कि गन्ने का बकाया भुगतान मय ब्याज अविलंब कराया जाए। जब तक किसानों का पूर्ण भुगतान नहीं होता है, तब तक सभी तरह की देनदारियों पर रोक लगाई जाए।
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शिक्षित बेरोजगारों को रोजगार दिया जाए। महिलाओं की सुरक्षा व सम्मान की रक्षा की जाए। किसानों के गन्ने की ढुलाई का भाड़ा खत्म किया जाए। किसानों के बिजली के बिल कम किए जाएं। नलकूप किसानों को बिजली निशुल्क दी जाए। किसानों के डीजल पर सब्सिडी दी जाए। खाद और अन्य कृषि यंत्रों के दाम घटाए जाएं।
आवारा पशुओं से किसानों की फसल को बचाने के लिए प्रबंध किया जाए। सरकारी मंडी के अंदर व निजी व्यापार में भी किसान से होने वाली खरीद एमएसपी पर हो। नहर बंबों में सिंचाई के लिए पानी छोड़ा जाए। आलू की खरीद सरकार द्वारा उचित मूल्य पर निर्धारित की जाए और खरीद केंद्र खोले जाएं।
बाजरा की फसल की खरीदारी के लिए क्रय केंद्र खोले जाएं। ज्ञापन देने वालों में जिलाध्यक्ष केशव देव चौधरी, पूर्व विधायक प्रताप चौधरी, जिपं सदस्य गुड्डू चौधरी, जिपं सदस्य सुआ पहलवान, जिपं सदस्य ईशान चौधरी, रामसहाय चौधरी, कर्मवीर सिंह, धीरी सिंह, सत्यवीर, सचिन पचहरा, प्रशांत चौधरी, कुंजिल सिंह एडवोकेट आदि थे।
युवा रालोद ने कलेक्ट्रेट पर भरी हुंकार, तहसीलदार को सौंपा ज्ञापन
युवा रालोद के प्रदेश महासचिव प्रवीन पौनियां के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट पर शनिवार को तहसीलदार को राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में पौनियां ने कहा कि भाजपा सरकार जनता के विश्वास और अपेक्षाओं पर खरी नहीं उतर सकी है।
किसानों का आय बढ़ाने का वादा जुमला बनकर रह गया है। कृषि कानून पर किसानों की बात नहीं सुनी जा रही है। किसानों को डीजल पर सब्सिडी मिले, खाद और अन्य कृषि यंत्रों के दाम घटाए जाएं। आवारा पशुओं से किसानों की फसल को बचाने के लिए प्रबंध किया जाए।
सरकारी मंडी के अंदर व निजी व्यापार में भी किसान से होने वाली खरीद एमएसपी पर हो। नहर बंबों में सिंचाई के लिए पानी छोड़ा जाए। आलू की खरीद सरकार द्वारा उचित मूल्य पर निर्धारित की जाए और खरीद केंद्र खोले जाएं। इस मौके पर सुरेंद्र सिंह परिहार, महीपाल सिंह, आशीष ठेंनुआ, कृष्ण कुमार, अतुल राना, लोकेश चौधरी, नितिन आदि थे।