{"_id":"5ff4a66c8ebc3e340e6595ac","slug":"crop-sink-in-water-sasni-news-ali2528905170","type":"story","status":"publish","title_hn":"रजबहा का पानी घुसने से किसानों की फसल डूबी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
रजबहा का पानी घुसने से किसानों की फसल डूबी
विज्ञापन
खेत में घुसा रजवाहे का पानी।
- फोटो : SASNI
संवाद न्यूज एजेंसी, सासनी।
क्षेत्र के गांव खिटौली में कौमरी रजबहा का पानी किसानों के खेतों में घुस गया, जिससे किसानों की सैकड़ों बीघा भूमि जलमग्न हो गई। हालांकि किसानों ने अपने संसाधनों से बांध लगाकर पानी की रोकथाम का प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली।
इस रजबहे के समानांतर सेंगर नदी बह रही है, लेकिन इसकी निचाई ज्यादा होने के कारण थोड़े पानी से नदी उफान पर आ जाती है। इस कारण नदी और रजबहे का पानी खेतों में भर जाता है। हालांकि किसानों ने अपने संसाधनों से बांध लगाकर पानी की रोकथाम का पयास किया, लेकिन पानी का बहाव तेज होने के कारण मिट्टी नहीं ठहर पाती है, जिससे किसान हाथ मलते रह जाते हैं।
किसानों में इसे लेकर काफी आक्रोश है। ग्रामीणों का आरोप है कि उन्होंने कई बार एसडीएम, तहसीलदार और लेखपाल को फोन पर घटनाक्रम से अवगत कराया, लेकिन तहसील प्रशासन ने ध्यान नहीं दिया। पीड़ित किसानों में संतोष कुमार शर्मा, रिंकू, शेखर, त्यागी, बृजेश, प्रेम कुमार, गोलू, विनोद कुमार, शंकरलाल, गुमानी कुमार, सुरेंद्र सिंह, बबलू आदि शामिल हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
क्षेत्र के गांव खिटौली में कौमरी रजबहा का पानी किसानों के खेतों में घुस गया, जिससे किसानों की सैकड़ों बीघा भूमि जलमग्न हो गई। हालांकि किसानों ने अपने संसाधनों से बांध लगाकर पानी की रोकथाम का प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली।
इस रजबहे के समानांतर सेंगर नदी बह रही है, लेकिन इसकी निचाई ज्यादा होने के कारण थोड़े पानी से नदी उफान पर आ जाती है। इस कारण नदी और रजबहे का पानी खेतों में भर जाता है। हालांकि किसानों ने अपने संसाधनों से बांध लगाकर पानी की रोकथाम का पयास किया, लेकिन पानी का बहाव तेज होने के कारण मिट्टी नहीं ठहर पाती है, जिससे किसान हाथ मलते रह जाते हैं।
विज्ञापन
किसानों में इसे लेकर काफी आक्रोश है। ग्रामीणों का आरोप है कि उन्होंने कई बार एसडीएम, तहसीलदार और लेखपाल को फोन पर घटनाक्रम से अवगत कराया, लेकिन तहसील प्रशासन ने ध्यान नहीं दिया। पीड़ित किसानों में संतोष कुमार शर्मा, रिंकू, शेखर, त्यागी, बृजेश, प्रेम कुमार, गोलू, विनोद कुमार, शंकरलाल, गुमानी कुमार, सुरेंद्र सिंह, बबलू आदि शामिल हैं।
विज्ञापन