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तीन भुट्टों की खातिर वहशी हो गए थे तीनों हमलावर
क्राइम डेस्क, अमर उजाला, सिकंदराराऊ (हाथरस)।
Updated Fri, 29 Jun 2018 12:43 AM IST
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बच्चे की हत्या का खुलासा करते पुलिस अधिकारी।
- फोटो : अमर उजाला
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महज तीन भुट्टों की खातिर तीन लोग इतने वहशी हो गए कि एक बच्चे को जान से मार दिया और दूसरे को गंभीर रूप से घायल कर दिया। घटना को अंजाम देने के बाद तीनों हमलावर अंधेरा होने का इंतजार कर रहे थे, ताकि दोनों बच्चों को गड्ढा में दबाकर सबूत मिटा दिए जाएं। लेकिन मृतक बच्चे का घर घटनास्थल के नजदीक होना उनके लिए मुसीबत बन गया। लोगों की आवाजाही के चलते वह शव को ठिकाने नहीं लगा पाए। कोतवाली पुलिस ने रात में ही खेत की रखवाली कर रहे छोटे को दबोच लिया। कड़ी पूछताछ की तो घटनाक्रम का खुलासा हुआ। बाकी दो आरोपियों को हाथरस नहर के समीप गांव बरामई के पास से उस समय गिरफ्तार कर लिया, जब वह भागने की फिराक में थे।
कोतवाली पर कोतवाल मनोज शर्मा ने बताया कि 26 की दोपहर से नगर के ईदगाह रोड निवासी सुभाष चौहान का नौ वर्षीय पुत्र गोलू और अलीगढ़ निवासी यासीन का आठ वर्षीय पुत्र असद घूमने निकले गए थे। असद अपने मौसा शमशुद्दीन के यहां ईदगाह रोड पर आया था। दोनों के घर से 50 मीटर दूर भाई साहब का मक्के का खेत है। दिन के लगभग चार बजे भुट्टा तोड़ने के लिए असद के साथ गोलू खेत में घुस गया।
उस समय वहां खेत की रखवाली कर रहा जाबुद्दीन उर्फ छोटे, खेत मालिक भाई साहब का लड़का अरमान और अरमान का रिश्तेदार आस मोहम्मद उर्फ आशू थे। खेत में जब भुट्टे की फसल हिलने लगी तो छोटे ने आवाज लगाई। इस पर गोलू खेत से निकल कर भागा। उसकी जेब में भुट्टा रखा था। छोटे ने मेढ़ पर पड़ी ईंट उठाई तथा भागते गोलू के मारी, जो कि उसके सिर पर लगी। वह वहीं पर गिर गया।
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उसके गिरते ही तीनों उसके पास आ गए और हिला-डुलाकर देखने लगे। इतनी देर में असद खेत से निकला। उसकी जेब में भी भुट्टे थे। यह देख तीनों ने ईटों से दोनों सिर पर ताबड़तोड़ प्रहार शुरू कर दिए, जिससे दोनों बच्चे मेड़ पर ही गिर पड़े। गोलू के कान पर ईंट लगी तो उसके कान में पड़ी बाली वहीं पर गिर गई। उसे उठाकर मक्के के खेत में फेंक दिया गया। इसके बाद तीनों प्लान बनाकर वहीं पर रुक गए और अंधेरा होने का इंतजार करने लगे, ताकि दोनों बच्चों को गड्ढा खोदकर दबा दिया जाए।
मामला उस समय बिगड़ गया, जब बच्चों के लापता होने के बाद रास्ते पर लोगों की आवाजाही काफी बढ़ गई। लोग जब मक्के के खेत की तरफ पहुंचे तो मेड़ के नीचे दोनों बच्चे पड़े मिले। मामले को लेकर पुलिस पूरी तरह सक्रिय थी। सीओ आशीष प्रताप सिंह के बाद एसपी सुशील घुले, एडीशनल एसपी सिद्घार्थ वर्मा तक देर रात तक छोटे से पूछताछ करते रहे। इधर, बुधवार को एसओजी टीम भी कोतवाली आ गई तथा गहन पूछताछ की। छोटे पुलिस के आगे टूट गया और पूरी कहानी बयां कर दी। मामला खुलते ही कोतवाली पुलिस ने अरमान और आस मोहम्मद को हाथरस नहर के पास से गिरफ्तार कर लिया।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में आईं गंभीर चोटें
गोलू की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मुत्यु का कारण मृत्य से पूर्व आईं गंभीर चोटों को दर्शाया गया है। सिर में कई गंभीर चोटें पाई गई हैं।
असद के होश में आने का इंतजार
असद फिलहाल गंभीर अवस्था में है। अलीगढ़ मेडिकल कॉलेज में उसका उपचार चल रहा है। पुलिस को असद के होश में आने का इंतजार है। घटना का उसके दिमाग पर इतना गहरा असर पड़ा है कि वह बेड पर कई बार चीखता है।
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कोतवाली पर कोतवाल मनोज शर्मा ने बताया कि 26 की दोपहर से नगर के ईदगाह रोड निवासी सुभाष चौहान का नौ वर्षीय पुत्र गोलू और अलीगढ़ निवासी यासीन का आठ वर्षीय पुत्र असद घूमने निकले गए थे। असद अपने मौसा शमशुद्दीन के यहां ईदगाह रोड पर आया था। दोनों के घर से 50 मीटर दूर भाई साहब का मक्के का खेत है। दिन के लगभग चार बजे भुट्टा तोड़ने के लिए असद के साथ गोलू खेत में घुस गया।
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उस समय वहां खेत की रखवाली कर रहा जाबुद्दीन उर्फ छोटे, खेत मालिक भाई साहब का लड़का अरमान और अरमान का रिश्तेदार आस मोहम्मद उर्फ आशू थे। खेत में जब भुट्टे की फसल हिलने लगी तो छोटे ने आवाज लगाई। इस पर गोलू खेत से निकल कर भागा। उसकी जेब में भुट्टा रखा था। छोटे ने मेढ़ पर पड़ी ईंट उठाई तथा भागते गोलू के मारी, जो कि उसके सिर पर लगी। वह वहीं पर गिर गया।
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उसके गिरते ही तीनों उसके पास आ गए और हिला-डुलाकर देखने लगे। इतनी देर में असद खेत से निकला। उसकी जेब में भी भुट्टे थे। यह देख तीनों ने ईटों से दोनों सिर पर ताबड़तोड़ प्रहार शुरू कर दिए, जिससे दोनों बच्चे मेड़ पर ही गिर पड़े। गोलू के कान पर ईंट लगी तो उसके कान में पड़ी बाली वहीं पर गिर गई। उसे उठाकर मक्के के खेत में फेंक दिया गया। इसके बाद तीनों प्लान बनाकर वहीं पर रुक गए और अंधेरा होने का इंतजार करने लगे, ताकि दोनों बच्चों को गड्ढा खोदकर दबा दिया जाए।
मामला उस समय बिगड़ गया, जब बच्चों के लापता होने के बाद रास्ते पर लोगों की आवाजाही काफी बढ़ गई। लोग जब मक्के के खेत की तरफ पहुंचे तो मेड़ के नीचे दोनों बच्चे पड़े मिले। मामले को लेकर पुलिस पूरी तरह सक्रिय थी। सीओ आशीष प्रताप सिंह के बाद एसपी सुशील घुले, एडीशनल एसपी सिद्घार्थ वर्मा तक देर रात तक छोटे से पूछताछ करते रहे। इधर, बुधवार को एसओजी टीम भी कोतवाली आ गई तथा गहन पूछताछ की। छोटे पुलिस के आगे टूट गया और पूरी कहानी बयां कर दी। मामला खुलते ही कोतवाली पुलिस ने अरमान और आस मोहम्मद को हाथरस नहर के पास से गिरफ्तार कर लिया।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में आईं गंभीर चोटें
गोलू की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मुत्यु का कारण मृत्य से पूर्व आईं गंभीर चोटों को दर्शाया गया है। सिर में कई गंभीर चोटें पाई गई हैं।
असद के होश में आने का इंतजार
असद फिलहाल गंभीर अवस्था में है। अलीगढ़ मेडिकल कॉलेज में उसका उपचार चल रहा है। पुलिस को असद के होश में आने का इंतजार है। घटना का उसके दिमाग पर इतना गहरा असर पड़ा है कि वह बेड पर कई बार चीखता है।