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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hathras News ›   Five -year sentence in dowry

दहेज हत्या में पांच साल कैद की सजा

Tue, 05 Apr 2016 12:20 AM IST
हाथरस/अमर उजाला ब्यूरो
हाथरस/अमर उजाला ब्यूरो Updated Tue, 05 Apr 2016 12:20 AM IST
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हाथरस। अपर सत्र न्यायाधीश राजकुमार बंसल एफटीसी प्रथम के न्यायालय ने दहेज हत्या के आरोपी पति को दोषी करार दिया है। न्यायालय ने दोषी को पांच साल के सश्रम कारावास एवं 40 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई हैं। अर्थदंड अदा नहीं करने पर उसे छह माह का अतिरिक्त कारावास भोगना होगा।
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अभियोजन पक्ष के मुताबिक मृतका के मामा सरदेश सिंह ने 23 मार्च, 2014 को कोतवाली सिकंदराराऊ में तहरीर दी, जिसमें कहा गया है कि करीब ढाई वर्ष पूर्व उन्होंने अपनी भांजी संध्या पुत्री जुगेंद्र सिंह की शादी हिंदू रीति-रिवाज से की थी। शादी के बाद से ही पति अरुण और उसके परिजन अतिरिक्त दहेज की मांग कर रहे थे। जब इन लोगों की मांग पूरी नहीं हुई तो इन लोगों ने 23 मार्च, 2014 को करीब 11 बजे उसकी जलाकर हत्या कर दी।
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इस मामले में सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता एसएस चौहान ने कहा कि मृतका की मृत्यु शत-प्रतिशत जल जाने के कारण असामान्य परिस्थितियों में हुई है। इस आधार पर अभियुक्त पर उन्होंने उदारता नहीं बरतने और अधिकतम दंड से दंडित करने पर बल दिया। न्यायालय ने निर्णय दिया कि इस मामले में जेल में बिताई गई अवधि उपरोक्त सजा में समायोजित की जाएगी।
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वादी, गवाहों को दिया नोटिस
हाथरस। न्यायालय में दहेज हत्या का वाद की सुनवाई के दौरान वादी और गवाहों को मुकरने की स्थिति को न्यायालय ने काफी गंभीरता से लिया है। इन सभी के खिलाफ विधिवत रूप से कार्रवाई करने के लिए धारा 344 का नोटिस न्यायालय की ओर से जारी किया गया है, जिसमें उनसे गवाही पर मुकरने के संबंध में स्पष्टीकरण मांगा गया है।
 
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