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रजवाहे के पास लगा बरगद का पेड़ बना है हादसों का सबब
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सादाबाद (हाथरस)
ग्रामीणों का गुस्सा यूं ही नहीं फूटा, सादाबाद राया मार्ग पर स्थित गांव ऊंचागांव से निकल रहा रजवाहा अब तक कई दुर्घटनाओं का सबब बन चुका है। कई लोग अपनी जान तक गंवा चुके हैं तो कई घायल हो चुके हैं। इस रजवाहे में कई बार बस, कार सहित कई वाहन गिर चुके हैं। कई बार ग्रामीणों ने रजवाहे के निकट लगे बरगद के पेड़ को कटवाने और रजवाहे के निकट स्पीड ब्रेकर, लाइट और आवश्यक चिन्ह बनवाए जाने और लगवाने के मांग की है,लेकिन अधिकारियों ने कोई ध्यान ही नहीं दिया।
गौरतलब हो कि पूर्व माह में बीजलपुर से लौट रही एक कार बंबे में पलट गई थी, जिसमें कई लोग घायल हो गए थे। देर रात ही घायलों को सीएचसी पर उपचार के लिए लाया गया था। इससे पूर्व भी अन्य कई घटनाएं हो चुकी हैं, जिनमें या तो लोगों की जान गई है या फिर वाहन चालक और उनमें सवार लोग घायल हो चुके हैं। गांव के लोगों को भी हादसे का शिकार होना पड़ा है।
रजवाहे के पास लगा बरगद के घने पेड की वजह से रजवाहे का मोड़ वाहन चालकों को दिखाई नहीं दे पाता है, जिस वजह से वाहन चालक अपने वाहन की स्पीड पर कंट्रोल नहीं कर पाते हैं। कई बार ग्रामीणों ने इस पेड़ को हटवाने, सुरक्षा चिन्ह बनवाए जाने और स्पीड ब्रेकर्स आदि की मांग की है, लेकिन उनकी बातों पर ध्यान नहीं दिया गया, जिस वजह से एक और हादसा घटित हो गया और दो लोगों की जान चली गई।
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ग्रामीणों ने मौके पर अधिकारियों से यह भी साफ कह दिया कि अगर प्रशासन पेड़ को नहीं कटवाता तो वह खुद इस पेड़ को हटाएंगे। फिलहाल, अब देखने वाली बात यह होगी प्रशासन इस घटना से कितना सबक लेता है और ऊंचागांव रजवाहे के पास वाहनों और राहगीरों की सुरक्षा के लिए क्या क्या व्यवस्थाएं करता है।
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ग्रामीणों का गुस्सा यूं ही नहीं फूटा, सादाबाद राया मार्ग पर स्थित गांव ऊंचागांव से निकल रहा रजवाहा अब तक कई दुर्घटनाओं का सबब बन चुका है। कई लोग अपनी जान तक गंवा चुके हैं तो कई घायल हो चुके हैं। इस रजवाहे में कई बार बस, कार सहित कई वाहन गिर चुके हैं। कई बार ग्रामीणों ने रजवाहे के निकट लगे बरगद के पेड़ को कटवाने और रजवाहे के निकट स्पीड ब्रेकर, लाइट और आवश्यक चिन्ह बनवाए जाने और लगवाने के मांग की है,लेकिन अधिकारियों ने कोई ध्यान ही नहीं दिया।
गौरतलब हो कि पूर्व माह में बीजलपुर से लौट रही एक कार बंबे में पलट गई थी, जिसमें कई लोग घायल हो गए थे। देर रात ही घायलों को सीएचसी पर उपचार के लिए लाया गया था। इससे पूर्व भी अन्य कई घटनाएं हो चुकी हैं, जिनमें या तो लोगों की जान गई है या फिर वाहन चालक और उनमें सवार लोग घायल हो चुके हैं। गांव के लोगों को भी हादसे का शिकार होना पड़ा है।
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रजवाहे के पास लगा बरगद के घने पेड की वजह से रजवाहे का मोड़ वाहन चालकों को दिखाई नहीं दे पाता है, जिस वजह से वाहन चालक अपने वाहन की स्पीड पर कंट्रोल नहीं कर पाते हैं। कई बार ग्रामीणों ने इस पेड़ को हटवाने, सुरक्षा चिन्ह बनवाए जाने और स्पीड ब्रेकर्स आदि की मांग की है, लेकिन उनकी बातों पर ध्यान नहीं दिया गया, जिस वजह से एक और हादसा घटित हो गया और दो लोगों की जान चली गई।
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ग्रामीणों ने मौके पर अधिकारियों से यह भी साफ कह दिया कि अगर प्रशासन पेड़ को नहीं कटवाता तो वह खुद इस पेड़ को हटाएंगे। फिलहाल, अब देखने वाली बात यह होगी प्रशासन इस घटना से कितना सबक लेता है और ऊंचागांव रजवाहे के पास वाहनों और राहगीरों की सुरक्षा के लिए क्या क्या व्यवस्थाएं करता है।