फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hardoi News ›   swaker pranali se bahega tax

स्वकर प्रणाली: डेढ़ करोड़ के बजाए साढ़े चार करोड़ कर वसूलेगी पालिका

Wed, 04 Nov 2020 12:24 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Wed, 04 Nov 2020 12:24 AM IST
विज्ञापन
swaker pranali se bahega tax
हरदोई। अगले वित्तीय वर्ष से नगर पालिका सीमा में रहने वाले लोगों को तीन से चार गुना तक हाउस और वाटर टैक्स चुकाना पड़ सकता है। पुरानी गृहकर नियमावली बदल नई स्वकर निर्धारण प्रणाली शहरी क्षेत्र में भी लागू की जा रही है। नगर पालिका के अधिकारियों की माने तो डेढ़ करोड़ के करीब टैक्स वसूलने वाली पालिका इस प्रणाली में साढ़े चार करोड़ से अधिक टैक्स वसूलेगी।
विज्ञापन

शासन के निर्देशों के बाद सदर पालिका में भी स्वकर प्रणाली लागू की जा रही है। जो अगले वित्तीय वर्ष से प्रभावी होगी। इसके लिए डाटा फीडिंग इसी वर्ष होगी।
विज्ञापन

पालिका के जिम्मेदारों की माने तो इस प्रणाली के तहत पालिका सीमा के अंदर निर्मित मकान के मालिकों को अपने भवन की लंबाई चौड़ाई का निर्धारण कर सरकारी मूल्य के हिसाब से उसका गृहकर निर्धारण करना है। इसको लेकर प्रारूप निर्धारित है। इस प्रारूप को नगर पालिका द्वारा प्रति आवास के हिसाब से प्रिंट भी करवाया गया है। इसे भवन स्वामी को भर कर देना होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

अगले हफ्ते से भरवाई जाएंगी सूचनाएं
ईओ नगर पालिका रविशंकर शुक्ला का कहना है कि शासन के निर्देशों का पालन होगा। अगले हफ्ते से भवन स्वामियों से स्वकर निर्धारण प्रणाली के तहत प्रारूप पर सूचनाएं एकत्र की जाएंगी। जिससे स्वत: ही उनका टैक्स निर्धारित हो जाएगा। भवन स्वामियों को दिक्कत न आए, इसके लिए नगर पालिका के कर्मियों को भी लगाया जाएगा। जो फार्म भरने में मदद करेंगे।
जितनी मंजिलें बढ़ेंगी, उतना टैक्स
पूर्व के वर्षों में दाखिल खारिज के दौरान जो भी सूचनाएं पालिका में दर्ज करवा दी गईं उसी हिसाब से पालिका टैक्स वसूल रही है। ईओ का कहना है कि स्वप्रणाली के बाद करीब तीन गुना टैक्स पालिका में जमा होगा। उदाहरण के तौर पर एक मंजिला, दो मंजिला, तीन मंजिला के कर निर्धारण बढ़ते हुए क्रम में हैं। पालिका के दिए गए प्रपत्र में गृह स्वामी को कमरों, बरामदे, बालकनी, कॉरीडोर, रसोई, भंडारगृह आदि एरिया का ब्योरा देना होगा।

विभाग करेगा जांच
गृह स्वामी द्वारा दी गई सूचना के बाद नगर पालिका का टैक्स विभाग उसकी जांच करेगा। यदि जांच में सूचनाएं गलत पाईं गईं तो इसमें जुर्माने का भी प्रावधान होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed