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यूपी: हरदोई में मोमबत्ती की रोशनी में रात 12 बजे नर्स ने कराया प्रसव, प्रसूता और बच्चे की मौत
Sat, 18 Sep 2021 12:07 AM IST
प्रभापुंज मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हरदोई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हरदोई
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Sat, 18 Sep 2021 12:07 AM IST
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : amar ujala
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हरदोई के हरियावां में तेज हवाओं और बारिश के कारण बाधित बिजली आपूर्ति के चलते हरियावां सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में गुरुवार रात मोमबत्ती की रोशनी में प्रसव का प्रयास किया गया। इससे महिला का हालत बिगड़ गई। शुक्रवार सुबह महिला ने मृत बच्चे को जन्म दिया।
गंभीर हालत में प्रसूता को जिला चिकित्सालय रेफर कर दिया गया, लेकिन रास्ते में ही उसने दम तोड़ दिया। इधर, सीएचसी अधीक्षक ने जेनरेटर चलवाकर प्रसव कराने की बात कही है। हरियावां थाना क्षेत्र के ग्राम पेरनपुरवा निवासी संतोष खेती करता है। उसने बताया कि उसकी पत्नी निर्मला (20) गर्भवती थी।
गुरुवार की शाम 4 बजे प्रसव पीड़ा होने पर उसने निर्मला को हरियावां सीएचसी में भर्ती कराया था। सीएचसी की विद्युत आपूर्ति बाधित थी। बताया कि रात 12 बजे के करीब प्रसव पीड़ा होने पर स्टाफ नर्स ने मोमबत्ती की रोशनी में प्रसव कराने का प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली।
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गंभीर हालत में प्रसूता को जिला चिकित्सालय रेफर कर दिया गया, लेकिन रास्ते में ही उसने दम तोड़ दिया। इधर, सीएचसी अधीक्षक ने जेनरेटर चलवाकर प्रसव कराने की बात कही है। हरियावां थाना क्षेत्र के ग्राम पेरनपुरवा निवासी संतोष खेती करता है। उसने बताया कि उसकी पत्नी निर्मला (20) गर्भवती थी।
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गुरुवार की शाम 4 बजे प्रसव पीड़ा होने पर उसने निर्मला को हरियावां सीएचसी में भर्ती कराया था। सीएचसी की विद्युत आपूर्ति बाधित थी। बताया कि रात 12 बजे के करीब प्रसव पीड़ा होने पर स्टाफ नर्स ने मोमबत्ती की रोशनी में प्रसव कराने का प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली।
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इसके बाद सुबह होने का इंतजार करने की बात कह स्टाफ नर्स चली गई, लेकिन निर्मला की हालत बिगड़ गई। सुबह 7 बजे निर्मला ने मृत बेटे को जन्म दिया। चिकित्सक ने उसकी हालत गंभीर बता महिला अस्पताल रेफर कर दिया। परिजन उसे एंबुलेंस से अस्पताल ला रहे थे।
रास्ते में उसने दम तोड़ दिया। मृतका के पति संतोष ने बताया कि सीएचसी में बिजली नहीं आ रही थी। मोमबत्ती की रोशनी में घंटों प्रसव कराने की कोशिश में उसकी पत्नी और बेटे की जान चली गई। सीएचसी स्टाफ पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाया है।
सीएचसी अधीक्षक डॉ. अखिलेश वाजपेयी ने बताया कि प्रसूता बीमारी से ग्रसित थी, जिसकी वजह से उसकी व बच्चे की मौत हुई है। बताया कि परिजनों का आरोप निराधार है। उन्होंने दावा किया कि जेनरेटर चलवाकर प्रसव कराया गया था।
रास्ते में उसने दम तोड़ दिया। मृतका के पति संतोष ने बताया कि सीएचसी में बिजली नहीं आ रही थी। मोमबत्ती की रोशनी में घंटों प्रसव कराने की कोशिश में उसकी पत्नी और बेटे की जान चली गई। सीएचसी स्टाफ पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाया है।
सीएचसी अधीक्षक डॉ. अखिलेश वाजपेयी ने बताया कि प्रसूता बीमारी से ग्रसित थी, जिसकी वजह से उसकी व बच्चे की मौत हुई है। बताया कि परिजनों का आरोप निराधार है। उन्होंने दावा किया कि जेनरेटर चलवाकर प्रसव कराया गया था।