{"_id":"14aa74d05cddcfe78772c46e3688fb57","slug":"husband-of-sister-arrested-in-killing-of-ex-councilor-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पूर्व सभासद की हत्या में बहनोई गिरफ्तार","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
पूर्व सभासद की हत्या में बहनोई गिरफ्तार
ब्यूरो/ अमर उजाला, हरदोई
Updated Tue, 06 Oct 2015 11:37 PM IST
विज्ञापन
शाहाबाद कोतवाली क्षेत्र में पूर्व सभासद की बम से हमला कर हत्या करने के
विज्ञापन
आरोप में उसके बहनोई को पुलिस धर दबोचा और उसे जेल भेज दिया। बताते चलें कि
25 दिन पहले पूर्व सभासद चिंतामणि राठौर बेझा रोड स्थित अपनी किराने की
दुकान पर बैठे थे। इसी बीच सगे बहनोई मूलचंद्र ने चार बम फेंककर उनकी हत्या
कर दी थी। मृतक की पत्नी सभासद सुनीता राठौर ने
रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस आरोपी की तलाश कर रही थी। मंगलवार को कोतवाल राजेश कुमार सिंह दारोगा जयचंद्र सोनकर आरक्षी रविप्रकाश, विमलेश सिंह यादव ने शाहजहांपुर मार्ग स्थित आगमपुर मोड़ पर ट्रक से उतरते ही उसे दबोच लिया। पुलिस की गई पूछताछ में आरोपी ने बताया कि रिश्तेदारी के एक युवक ने हत्या को अंजाम देने में उसका सहयोग किया। कोतवाल
राजेश कुमार सिंह ने बताया कि अपने साले की हत्या करने के लिए मूलचंद्र कई दिनों से ताक में था। आखिरकार साप्ताहिक बंदी के चलते उसे मौका मिल गया था और उसने वारदात को अंजाम दे डाला। इसके बाद वह दिल्ली, गुजरात आदि स्थानों पर
पुलिस से बचने के लिए भटकता रहा। पुलिस के बैंक का खाता बंद करा देने से वह एटीएम से पैसा नहीं निकाल सका। जिससे उसके आगे आर्थिक संकट पैदा हो गया। उधर, जब फोन पर अपने पुत्र के बात की तब पता चला कि उसकी पत्नी मायादेवी को नामजद होने की वजह से जेल भेज दिया गया है। सि पर वह गांव आया था। यहां उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया।
रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस आरोपी की तलाश कर रही थी। मंगलवार को कोतवाल राजेश कुमार सिंह दारोगा जयचंद्र सोनकर आरक्षी रविप्रकाश, विमलेश सिंह यादव ने शाहजहांपुर मार्ग स्थित आगमपुर मोड़ पर ट्रक से उतरते ही उसे दबोच लिया। पुलिस की गई पूछताछ में आरोपी ने बताया कि रिश्तेदारी के एक युवक ने हत्या को अंजाम देने में उसका सहयोग किया। कोतवाल
राजेश कुमार सिंह ने बताया कि अपने साले की हत्या करने के लिए मूलचंद्र कई दिनों से ताक में था। आखिरकार साप्ताहिक बंदी के चलते उसे मौका मिल गया था और उसने वारदात को अंजाम दे डाला। इसके बाद वह दिल्ली, गुजरात आदि स्थानों पर
पुलिस से बचने के लिए भटकता रहा। पुलिस के बैंक का खाता बंद करा देने से वह एटीएम से पैसा नहीं निकाल सका। जिससे उसके आगे आर्थिक संकट पैदा हो गया। उधर, जब फोन पर अपने पुत्र के बात की तब पता चला कि उसकी पत्नी मायादेवी को नामजद होने की वजह से जेल भेज दिया गया है। सि पर वह गांव आया था। यहां उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया।