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राशन वितरण को लेकर मिली शिकायतों पर डीएम सख्त
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हरदोई। डीएम पुलकित खरे ने बताया कि एक से तीन अप्रैल की राशन वितरण की समीक्षा में सीएम पोर्टल पर 360 कोटेदारों की शिकायतें दर्ज होने की बात सामने आई है। इसमें शाहाबाद ब्लाक की 40, संडीला की 30 और पिहानी की 27 शिकायतें प्राप्त हुई हैं। उन्होंने सर्वाधिक शिकायतों वाले इन तीन क्षेत्रों के पूर्ति निरीक्षकों को कार्रवाई की चेतावनी दी है।
डीएम ने कहा कि नगरीय क्षेत्र में अधिशासी अधिकारी ये सुनिश्चित करेंगे कि लॉकडाउन के दौरान कोई पात्र राशन पाने से वंचित न रहे। अगर किसी व्यक्ति के पास राशन कार्ड नहीं है तो उसके लिए सामुदायिक रसोई में भोजन की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। स्वयंसेवी संस्थाओं के माध्यम से उन्हें भोजन के पैकेट उपलब्ध कराए जाएं।
कहा कि ग्रामीण क्षेत्र में अगर किसी कार्डधारक को राशन नहीं मिलता है और शिकायत प्राप्त होती है, तो उसके लिए संबंधित ग्राम विकास अधिकारी और नोडल अधिकारी उत्तरदायी होंगे।
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डीएम ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्र के ऐसे दिहाड़ी मजदूरों और श्रमिक, जिनके पास न तो राशन कार्ड है और न ही उनका श्रम विभाग में पंजीकरण है, उनके लिए भोजन की तात्कालिक व्यवस्था वीडीओ संबंधित उप जिलाधिकारी एवं खंड विकास अधिकारी से संपर्क करके स्वयंसेवी संस्थाओं के माध्यम से कराएंगे।
साथ ही ऐसे व्यक्तियों की प्रमाणिक सूची तैयार करके सहायक श्रमायुक्त को जिला पूर्ति अधिकारी के माध्यम से भेजेंगे। डीएम ने जिला पूर्ति अधिकारी से कहा कि आईजीआरएस पटल से प्राप्त होने वाली राशन संबंधी शिकायतों की समीक्षा कर दैनिक रिपोर्ट उनके कार्यालय में प्रस्तुत की जाए।
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डीएम ने कहा कि नगरीय क्षेत्र में अधिशासी अधिकारी ये सुनिश्चित करेंगे कि लॉकडाउन के दौरान कोई पात्र राशन पाने से वंचित न रहे। अगर किसी व्यक्ति के पास राशन कार्ड नहीं है तो उसके लिए सामुदायिक रसोई में भोजन की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। स्वयंसेवी संस्थाओं के माध्यम से उन्हें भोजन के पैकेट उपलब्ध कराए जाएं।
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कहा कि ग्रामीण क्षेत्र में अगर किसी कार्डधारक को राशन नहीं मिलता है और शिकायत प्राप्त होती है, तो उसके लिए संबंधित ग्राम विकास अधिकारी और नोडल अधिकारी उत्तरदायी होंगे।
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डीएम ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्र के ऐसे दिहाड़ी मजदूरों और श्रमिक, जिनके पास न तो राशन कार्ड है और न ही उनका श्रम विभाग में पंजीकरण है, उनके लिए भोजन की तात्कालिक व्यवस्था वीडीओ संबंधित उप जिलाधिकारी एवं खंड विकास अधिकारी से संपर्क करके स्वयंसेवी संस्थाओं के माध्यम से कराएंगे।
साथ ही ऐसे व्यक्तियों की प्रमाणिक सूची तैयार करके सहायक श्रमायुक्त को जिला पूर्ति अधिकारी के माध्यम से भेजेंगे। डीएम ने जिला पूर्ति अधिकारी से कहा कि आईजीआरएस पटल से प्राप्त होने वाली राशन संबंधी शिकायतों की समीक्षा कर दैनिक रिपोर्ट उनके कार्यालय में प्रस्तुत की जाए।