{"_id":"650c7ee8cc3fe5ee290af8e4","slug":"bharavan-pradhans-financial-and-administrative-powers-seized-hardoi-news-c-213-1-hra1001-3965-2023-09-21","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hardoi News: भरावं प्रधान के वित्तीय व प्रशासनिक अधिकार सीज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hardoi News: भरावं प्रधान के वित्तीय व प्रशासनिक अधिकार सीज
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
हरदोई। गांवों में विकास, निर्माण व वित्तीय गड़बड़ी की पुष्टि व साक्ष्य सहित जवाब न देने पर डीएम ने टड़ियावां के भरावं के प्रधान के वित्तीय व प्रशासनिक अधिकार सीज कर दिए हैं। उन्होंने गांव के कामकाज निपटाने के लिए तीन सदस्यीय समिति के गठन के भी आदेश दिए हैं।
भरावं निवासी पिंकी, सुशीला, सर्वेश आदि की शिकायत पर जिला सेवायोजन अधिकारी व पीडब्ल्यूडी प्रांतीय खंड के सहायक अभियंता की समिति से जांच कराई गई। डीएम मंगला प्रसाद सिंह ने बताया कि जांच में प्रधान रामेश कुमार व दो पंचायत सचिव का उत्तरदायित्व तय किया गया है। ह्यूम पाइप की खरीद में फर्जी बिल-वाउचर लगाकर भुगतान निकालने, नाली में पुराने खड़ंजा की ईंट के प्रयोग व मानदेय भुगतान में भी गड़बड़ी की पुष्टि हुई है।
रामवीर के नाम से किए गए भुगतान की कोई पुष्टि नहीं हुई। कई काम अपूर्ण मिले थे और उन कामों को पूरा कराए जाने में रुचि नहीं ली गई।
डीपीआरओ विनय कुमार सिंह ने बताया कि प्रधान रमेश कुमार ने स्पष्टीकरण का जवाब भी साक्ष्य सहित नहीं दिया। डीएम ने प्रधान रमेश कुमार के पंचायतीराज अधिनियम के तहत वित्तीय व प्रशासनिक अधिकार सीज कर दिए हैं। बीडीओ को तीन सदस्यीय समिति गठन के आदेश दिए गए हैं।
विज्ञापन
-- -- -- -- -- -- -
दो सदस्यीय समिति करेगी फाइनल जांच
डीएम एमपी सिंह ने भरावं में कराए गए विकास, निर्माण व भुगतान की फाइनल जांच के लिए दो सदस्यीय समिति गठित की है। समिति में सहायक निदेशक मत्स्य व जल निगम विभाग के अधिशासी अभियंता को नामित किया है। समिति को 30 दिन के अंदर जांच रिपोर्ट प्राप्त कराने के आदेश दिए हैं।
विज्ञापन
हरदोई। गांवों में विकास, निर्माण व वित्तीय गड़बड़ी की पुष्टि व साक्ष्य सहित जवाब न देने पर डीएम ने टड़ियावां के भरावं के प्रधान के वित्तीय व प्रशासनिक अधिकार सीज कर दिए हैं। उन्होंने गांव के कामकाज निपटाने के लिए तीन सदस्यीय समिति के गठन के भी आदेश दिए हैं।
भरावं निवासी पिंकी, सुशीला, सर्वेश आदि की शिकायत पर जिला सेवायोजन अधिकारी व पीडब्ल्यूडी प्रांतीय खंड के सहायक अभियंता की समिति से जांच कराई गई। डीएम मंगला प्रसाद सिंह ने बताया कि जांच में प्रधान रामेश कुमार व दो पंचायत सचिव का उत्तरदायित्व तय किया गया है। ह्यूम पाइप की खरीद में फर्जी बिल-वाउचर लगाकर भुगतान निकालने, नाली में पुराने खड़ंजा की ईंट के प्रयोग व मानदेय भुगतान में भी गड़बड़ी की पुष्टि हुई है।
विज्ञापन
रामवीर के नाम से किए गए भुगतान की कोई पुष्टि नहीं हुई। कई काम अपूर्ण मिले थे और उन कामों को पूरा कराए जाने में रुचि नहीं ली गई।
डीपीआरओ विनय कुमार सिंह ने बताया कि प्रधान रमेश कुमार ने स्पष्टीकरण का जवाब भी साक्ष्य सहित नहीं दिया। डीएम ने प्रधान रमेश कुमार के पंचायतीराज अधिनियम के तहत वित्तीय व प्रशासनिक अधिकार सीज कर दिए हैं। बीडीओ को तीन सदस्यीय समिति गठन के आदेश दिए गए हैं।
विज्ञापन
दो सदस्यीय समिति करेगी फाइनल जांच
डीएम एमपी सिंह ने भरावं में कराए गए विकास, निर्माण व भुगतान की फाइनल जांच के लिए दो सदस्यीय समिति गठित की है। समिति में सहायक निदेशक मत्स्य व जल निगम विभाग के अधिशासी अभियंता को नामित किया है। समिति को 30 दिन के अंदर जांच रिपोर्ट प्राप्त कराने के आदेश दिए हैं।