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Hardoi News: आखिर क्यों न फैले मलेरिया, न साफ-सफाई और न जिम्मेदारों ने ली सुध
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संवाद न्यूज एजेंसी
हरदोई। मच्छरजनित बीमारियां तेजी से पांव पसार रही हैं। इसकी रोकथाम के लिए किए जाने वाले उपाय कागजों तक ही सीमित नजर आ रहे हैं। लोग बुखार के साथ ही मलेरिया से पीड़ित हो रहे हैं। गांवों में न तो समुचित साफ-सफाई कराई जा रही है और न ही एंटीलार्वा का छिड़काव कराया जा रहा है। जिला मलेरिया अधिकारी ने सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों को 190-190 लीटर एंटीलार्वा केमिकल प्राप्त कराए जाने का दावा किया है।
मच्छरजनित बीमारियों से लोग पीड़ित हो रहे हैं। गांवों में प्लाज्मोडियम फाल्सीपेरम (पीएफ) व प्लाज्मोडियम वैवाॅक्स (पीवी) टाइप की मलेरिया के भी रोगी मिल रहे हैं। इसके बाद भी जिम्मेदार चेत नहीं रहे हैं। सीएचसी अहिरोरी के क्षेत्र में आने वाले गुरूसंडा, गौराडांडा, खांड़ाखेड़ा, कालाआम व शहबादपुर सहित 13 गांवों में मलेरिया ने पांव जमा रखे हैं।
बघौली के मजरा शहबादपुर गांव में तो एक बच्चे में प्लाज्मोडियम फाल्सीपेरम (पीएफ) मलेरिया की पुष्टि हुई है। चिकित्सकों ने बताया कि यह गंभीर प्रकार का मलेरिया होता है। सोमवार को ग्रामीणों ने बताया कि गांव में अभी तक न तो साफ-सफाई की गई है और न ही एंटीलार्वा का छिड़काव किया गया है।
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गांव में देखने से ग्रामीणों की बातों की पुष्टि हुई और आबादी के पास ही बड़ी-बड़ी झाड़ियां हैं। घरों के आस-पास जलभराव है। जनपद में अब तक 1059 मलेरिया के रोगी मिल चुके है।
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केस - एक
शहबादपुर निवासी अक्षय कुमार ने बताया कि उनके घर के पास काफी जलभराव हो जाता है। जिसकी वजह है कि उनका मकान नीचे में है जबकि सड़क ऊंचाई पर है। जिसके कारण पानी का कोई निकास नहीं है। खुद के पैसे से पंपसेट मशीन लगाकर जलभराव को समाप्त करने का प्रयास किया था, लेकिन फिर बरसात होने से जलभराव हो गया है। उनके घर में पूरा परिवार बुखार के चपेट में है।
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केस- एक
शहबादपुर गांव निवासी शिवचरण की पत्नी गुड्डी देवी ने बताया कि उनके पुत्र को बुखार आया था मेडिकल काॅलेज में जांच कराई, तो पीएफ मलेरिया की पुष्टि की गई थी। पैथाेलाॅजी में ही मलेरिया की किट दे दी गई थी लेकिन घर के आस- पास में मच्छर मारने वाली दवा का छिड़काव अभी तक नहीं कराया गया, और कोई टीम भी नही आई है।
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वर्जन
जिन गांवों में मलेरिया के रोगी मिल रहे है, वहां पर स्वास्थ्य विभाग की टीम भेजी जा रही है। यदि शहबादपुर गांव में टीम नहीं पहुंची है तो, वहां पहुंच कर लोगों जागरुक किया जाएगा। दवा का छिड़काव कराया जाएगा। लोगों से भी अपील है कि घर के आसपास सफाई रखें।
डॉ. रोहताश कुमार, सीएमओ
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हरदोई। मच्छरजनित बीमारियां तेजी से पांव पसार रही हैं। इसकी रोकथाम के लिए किए जाने वाले उपाय कागजों तक ही सीमित नजर आ रहे हैं। लोग बुखार के साथ ही मलेरिया से पीड़ित हो रहे हैं। गांवों में न तो समुचित साफ-सफाई कराई जा रही है और न ही एंटीलार्वा का छिड़काव कराया जा रहा है। जिला मलेरिया अधिकारी ने सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों को 190-190 लीटर एंटीलार्वा केमिकल प्राप्त कराए जाने का दावा किया है।
मच्छरजनित बीमारियों से लोग पीड़ित हो रहे हैं। गांवों में प्लाज्मोडियम फाल्सीपेरम (पीएफ) व प्लाज्मोडियम वैवाॅक्स (पीवी) टाइप की मलेरिया के भी रोगी मिल रहे हैं। इसके बाद भी जिम्मेदार चेत नहीं रहे हैं। सीएचसी अहिरोरी के क्षेत्र में आने वाले गुरूसंडा, गौराडांडा, खांड़ाखेड़ा, कालाआम व शहबादपुर सहित 13 गांवों में मलेरिया ने पांव जमा रखे हैं।
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बघौली के मजरा शहबादपुर गांव में तो एक बच्चे में प्लाज्मोडियम फाल्सीपेरम (पीएफ) मलेरिया की पुष्टि हुई है। चिकित्सकों ने बताया कि यह गंभीर प्रकार का मलेरिया होता है। सोमवार को ग्रामीणों ने बताया कि गांव में अभी तक न तो साफ-सफाई की गई है और न ही एंटीलार्वा का छिड़काव किया गया है।
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गांव में देखने से ग्रामीणों की बातों की पुष्टि हुई और आबादी के पास ही बड़ी-बड़ी झाड़ियां हैं। घरों के आस-पास जलभराव है। जनपद में अब तक 1059 मलेरिया के रोगी मिल चुके है।
केस - एक
शहबादपुर निवासी अक्षय कुमार ने बताया कि उनके घर के पास काफी जलभराव हो जाता है। जिसकी वजह है कि उनका मकान नीचे में है जबकि सड़क ऊंचाई पर है। जिसके कारण पानी का कोई निकास नहीं है। खुद के पैसे से पंपसेट मशीन लगाकर जलभराव को समाप्त करने का प्रयास किया था, लेकिन फिर बरसात होने से जलभराव हो गया है। उनके घर में पूरा परिवार बुखार के चपेट में है।
केस- एक
शहबादपुर गांव निवासी शिवचरण की पत्नी गुड्डी देवी ने बताया कि उनके पुत्र को बुखार आया था मेडिकल काॅलेज में जांच कराई, तो पीएफ मलेरिया की पुष्टि की गई थी। पैथाेलाॅजी में ही मलेरिया की किट दे दी गई थी लेकिन घर के आस- पास में मच्छर मारने वाली दवा का छिड़काव अभी तक नहीं कराया गया, और कोई टीम भी नही आई है।
वर्जन
जिन गांवों में मलेरिया के रोगी मिल रहे है, वहां पर स्वास्थ्य विभाग की टीम भेजी जा रही है। यदि शहबादपुर गांव में टीम नहीं पहुंची है तो, वहां पहुंच कर लोगों जागरुक किया जाएगा। दवा का छिड़काव कराया जाएगा। लोगों से भी अपील है कि घर के आसपास सफाई रखें।
डॉ. रोहताश कुमार, सीएमओ