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जर्जर लाइनों से हादसों का डर
Hardoi
Updated Mon, 30 Sep 2013 05:39 AM IST
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हरदोई। बिजली की जर्जर लाइनें हादसों का सबब बन गई हैं। शहर हो या गांव लापरवाही से आए दिन हादसे हो रहे हैं। मझिला क्षेत्र के वसभेरिया गांव में हाईटेंशन लाइन के जर्जर तारों की चपेट में आकर अब तक दर्जनों लोग जान गंवा चुके हैं। समस्या से नाराज लोग अधिशासी अभियंता की बर्खास्तगी के साथ रिपोर्ट दर्ज कराने की भी मांग कर रहे हैं।
विकास खंड शाहाबाद के मझिला क्षेत्र का वसभेरिया गांव हादसों का पर्याय बन गया है। पिछले सालों में गांव के लोगों को एचटी लाइन से फायदा होना तो दूर नुकसान ही हुआ। हादसों से बेपरवाह विभाग ने अब तक गांव से जर्जर हाईटेेंशन लाइन नहीं हटाई हैं। गांव से होकर गुजरी 11 हजार केवीए की हाईटेेंशन लाइन काफी पुरानी हो गई है। इससे जर्जर तार टूट कर गिरते रहते हैं। ग्रामीणों ने बताया कि जर्जर एचटी लाइन को दुरुस्त कराने को अभियंता को कई शिकायती पत्र दिए जा चुके हैं, पर समस्या जस की तस है। 25 मई को तार टूटने से खड़ी गेहूं की फसल जल गई थी।
इसका मुआवजा आज तक नहीं मिला। 24 सितंबर को लाइन की चपेट में आकर बालकराम के पुत्र श्रवण की मौत हो गई। उसे बचाने की कोशिश में दो अन्य लोग झुलस गए। हादसे के बाद ग्रामीणों ने जाम लगा कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की थी। समस्या की उपेक्षा से क्षुब्ध ग्रामीणों ने अभियंता पर रिपोर्ट दर्ज कराने के साथ उसे बर्खास्त करने की मांग उठाई है। अखिल भारतीय भ्रष्टाचार विरोधी अभियान के प्रमुख सचिव राणा प्रताप सिंह ने डीएम को ज्ञापन देकर कार्रवाई की मांग की है।
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विकास खंड शाहाबाद के मझिला क्षेत्र का वसभेरिया गांव हादसों का पर्याय बन गया है। पिछले सालों में गांव के लोगों को एचटी लाइन से फायदा होना तो दूर नुकसान ही हुआ। हादसों से बेपरवाह विभाग ने अब तक गांव से जर्जर हाईटेेंशन लाइन नहीं हटाई हैं। गांव से होकर गुजरी 11 हजार केवीए की हाईटेेंशन लाइन काफी पुरानी हो गई है। इससे जर्जर तार टूट कर गिरते रहते हैं। ग्रामीणों ने बताया कि जर्जर एचटी लाइन को दुरुस्त कराने को अभियंता को कई शिकायती पत्र दिए जा चुके हैं, पर समस्या जस की तस है। 25 मई को तार टूटने से खड़ी गेहूं की फसल जल गई थी।
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इसका मुआवजा आज तक नहीं मिला। 24 सितंबर को लाइन की चपेट में आकर बालकराम के पुत्र श्रवण की मौत हो गई। उसे बचाने की कोशिश में दो अन्य लोग झुलस गए। हादसे के बाद ग्रामीणों ने जाम लगा कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की थी। समस्या की उपेक्षा से क्षुब्ध ग्रामीणों ने अभियंता पर रिपोर्ट दर्ज कराने के साथ उसे बर्खास्त करने की मांग उठाई है। अखिल भारतीय भ्रष्टाचार विरोधी अभियान के प्रमुख सचिव राणा प्रताप सिंह ने डीएम को ज्ञापन देकर कार्रवाई की मांग की है।
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