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24 घंटे में थाने को बनाया कोतवाली
Hardoi
Updated Mon, 09 Sep 2013 05:36 AM IST
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हरपालपुर। क प्तान साहब जिस थाने को शासन पांच दशक में उच्चीकृत नहीं कर पाया, उसे प्रभारी निरीक्षक ने चार्ज लेने के 24 घंटे में ही कोतवाली बना दिया। इस मामले में सीओ ने कोई भी टिप्पणी करने से मना कर दिया।
वर्ष 1961 में हरपालपुर थाने की आधार शिला रखी गई थी। तब से यहां लगातार एसओ की ही तैनाती होती आई है। शासन मेें पिछले लंबे समय से प्रोन्नत पाकर दारोगाओं की तैनाती देने का मामला लंबित चल रहा था। जुलाई माह में जिले के 17 सब इंस्पेक्टरों प्रोन्नत पाकर इंस्पेक्टर बना दिए गए और इनमें से ज्यादा थानों पर तैनात कर दिए गए। इनमें नवागंतुक इंस्पेक्टर भी शामिल है। प्रभारी निरीक्षक शैलेंद्र सिंह ने थानेे का चार्ज लेने के 24 घंटे में ही मुख्य द्वार लगे बोर्ड को पुतवाकर कोतवाली हरपालपुर लिखवा दिया है। सीओ मधुवन कुमार ने थाने पर कोतवाल की तैनाती की बात कहीं, पर कोतवाली के दर्जे पर कुछ कहने से कतराते रहे।
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वर्ष 1961 में हरपालपुर थाने की आधार शिला रखी गई थी। तब से यहां लगातार एसओ की ही तैनाती होती आई है। शासन मेें पिछले लंबे समय से प्रोन्नत पाकर दारोगाओं की तैनाती देने का मामला लंबित चल रहा था। जुलाई माह में जिले के 17 सब इंस्पेक्टरों प्रोन्नत पाकर इंस्पेक्टर बना दिए गए और इनमें से ज्यादा थानों पर तैनात कर दिए गए। इनमें नवागंतुक इंस्पेक्टर भी शामिल है। प्रभारी निरीक्षक शैलेंद्र सिंह ने थानेे का चार्ज लेने के 24 घंटे में ही मुख्य द्वार लगे बोर्ड को पुतवाकर कोतवाली हरपालपुर लिखवा दिया है। सीओ मधुवन कुमार ने थाने पर कोतवाल की तैनाती की बात कहीं, पर कोतवाली के दर्जे पर कुछ कहने से कतराते रहे।
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