{"_id":"67644fdb497b219a180e9ffe","slug":"wellness-hospital-seal-hapur-news-c-135-1-hpr1002-118223-2024-12-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hapur News: वैलनेस अस्पताल सील, ऑपरेशन के लिए भर्ती मरीजों को वापस भेजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hapur News: वैलनेस अस्पताल सील, ऑपरेशन के लिए भर्ती मरीजों को वापस भेजा
Thu, 19 Dec 2024 10:24 PM IST
गाजियाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हापुड़
संवाद न्यूज एजेंसी, हापुड़
Updated Thu, 19 Dec 2024 10:24 PM IST
विज्ञापन
हापुड़। ऑपरेशन के बाद प्रसूता की बच्चेदानी निकालने के मामले में भाकियू के हंगामे के कारण बृहस्पतिवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने वैलनेस अस्पताल का लेबर रूम, कई वार्ड सील कर दिए। ऑपरेशन के बाद भर्ती सात मरीजों वाला वार्ड तीन दिन में खाली करने का समय दिया गया। वहीं विभाग के अधिकारियों ने चिकित्सकों पर कार्रवाई का भी आश्वासन दिया है।
कोतवाली सदर के सामने स्थित वैलनेस अस्पताल में गर्भवती गुड़िया का प्रसव कराया गया था। सामान्य प्रसव हुआ, लेकिन रक्तस्राव नहीं रुका। परिजनों ने आरोप लगाया कि चिकित्सकों ने बिना बताए ही प्रसूता की बच्चेदानी निकाल दी। इस मामले में भाकियू किसान सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष सतेंद्र त्यागी के नेतृत्व में कार्यकर्ता दो दिन से सीएमओ कार्यालय पर धरना दे रहे थे।
बुधवार को सीएमओ ने टीम को भेजकर अस्पताल का ओटी सील करा दिया था। लेकिन कार्यकर्ता इस पर संतुष्ट नहीं हुए। दूसरे दिन भी सीएमओ कार्यालय पर हंगामा जारी रहा। इस पर बृहस्पतिवार शाम करीब छह बजे स्वास्थ्य विभाग के एसीएमओ डॉ.प्रवीण शर्मा, डॉ.वेदप्रकाश समेत टीम ने अस्पताल पहुंचकर जांच की।
विज्ञापन
जांच के दौरान अस्पताल में 9 महिलाएं भर्ती मिलीं, जिसमें सात का ऑपरेशन एक से तीन दिन पहले हुआ था। जबकि एक महिला को ऑपरेशन के लिए तैयार किया जा रहा था। अधिकारियों ने उक्त महिला के परिजनों को कहीं और जाकर ऑपरेशन कराने की बात कही। साथ ही अस्पताल का लेबर रूम और कुछ वार्ड सील कर दिए। हालांकि एक वार्ड में ऑपरेशन के बाद सात प्रसूताएं भर्ती थीं, उन्हें फिलहाल रेफर नहीं किया गया। बल्कि अस्पताल को तीन दिन का समय दिया गया।
ओटी सील फिर भी भर्ती किए जा रहे मरीज-
अस्पताल का ओटी सील है, फिर भी दो महिलाएं वार्ड में ताजा ऑपरेशन वालीं थी। स्टाफ से पूछा तो बताया कि अब्दुल्ला हॉस्पिटल में ऑपरेशन के बाद इन्हें यहां लाकर भर्ती कराया गया है। अस्पताल में कार्रवाई के दौरान प्रियंका, शाजिया, बबीता, अंजलि, गुलशन, आबिदा, सतीश भर्ती थे।
शिकायत के आधार पर की कार्रवाई
अस्पताल में प्रसव के दौरान लापरवाही की शिकायत पर सिलिंग कार्रवाई की गई है। लोगों की जान से खिलवाड़ नहीं होने दिया जाएगा। - डॉ.सुनील त्यागी, सीएमओ।
विज्ञापन
कोतवाली सदर के सामने स्थित वैलनेस अस्पताल में गर्भवती गुड़िया का प्रसव कराया गया था। सामान्य प्रसव हुआ, लेकिन रक्तस्राव नहीं रुका। परिजनों ने आरोप लगाया कि चिकित्सकों ने बिना बताए ही प्रसूता की बच्चेदानी निकाल दी। इस मामले में भाकियू किसान सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष सतेंद्र त्यागी के नेतृत्व में कार्यकर्ता दो दिन से सीएमओ कार्यालय पर धरना दे रहे थे।
विज्ञापन
बुधवार को सीएमओ ने टीम को भेजकर अस्पताल का ओटी सील करा दिया था। लेकिन कार्यकर्ता इस पर संतुष्ट नहीं हुए। दूसरे दिन भी सीएमओ कार्यालय पर हंगामा जारी रहा। इस पर बृहस्पतिवार शाम करीब छह बजे स्वास्थ्य विभाग के एसीएमओ डॉ.प्रवीण शर्मा, डॉ.वेदप्रकाश समेत टीम ने अस्पताल पहुंचकर जांच की।
विज्ञापन
जांच के दौरान अस्पताल में 9 महिलाएं भर्ती मिलीं, जिसमें सात का ऑपरेशन एक से तीन दिन पहले हुआ था। जबकि एक महिला को ऑपरेशन के लिए तैयार किया जा रहा था। अधिकारियों ने उक्त महिला के परिजनों को कहीं और जाकर ऑपरेशन कराने की बात कही। साथ ही अस्पताल का लेबर रूम और कुछ वार्ड सील कर दिए। हालांकि एक वार्ड में ऑपरेशन के बाद सात प्रसूताएं भर्ती थीं, उन्हें फिलहाल रेफर नहीं किया गया। बल्कि अस्पताल को तीन दिन का समय दिया गया।
ओटी सील फिर भी भर्ती किए जा रहे मरीज-
अस्पताल का ओटी सील है, फिर भी दो महिलाएं वार्ड में ताजा ऑपरेशन वालीं थी। स्टाफ से पूछा तो बताया कि अब्दुल्ला हॉस्पिटल में ऑपरेशन के बाद इन्हें यहां लाकर भर्ती कराया गया है। अस्पताल में कार्रवाई के दौरान प्रियंका, शाजिया, बबीता, अंजलि, गुलशन, आबिदा, सतीश भर्ती थे।
शिकायत के आधार पर की कार्रवाई
अस्पताल में प्रसव के दौरान लापरवाही की शिकायत पर सिलिंग कार्रवाई की गई है। लोगों की जान से खिलवाड़ नहीं होने दिया जाएगा। - डॉ.सुनील त्यागी, सीएमओ।