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Hapur News: नाबालिग से दुष्कर्म के दोषी को आजीवन कारावास की सजा
Fri, 07 Nov 2025 09:57 PM IST
गाजियाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हापुड़
संवाद न्यूज एजेंसी, हापुड़
Updated Fri, 07 Nov 2025 09:57 PM IST
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हापुड़। नाबालिग से दुष्कर्म करने के मामले में शुक्रवार को अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश द्वितीय न्यायालय की अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए दस वर्ष के कारावास और पांच हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है।
धौलाना क्षेत्र के गांव निवासी व्यक्ति ने 24 जुलाई 2020 को थाने में तहरीर देते हुए बताया था कि 23 जुलाई 2020 को वह अपनी पत्नी के साथ किसी काम के सिलसिले में घर से बाहर गया था। घर पर उसकी नाबालिग पुत्री अकेली थी। देर रात उसके भाई की पत्नी धर्मवती निवासी गांव बराल, जिला बुलंदशहर अपने भाई अरुण के साथ उसके घर पहुंचे। आरोपी बहला-फुसलाकर उसकी पुत्री को घर से अगवा कर ले गए। मामले में पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार किया था। पुत्री ने पुलिस को जानकारी दी थी कि आरोपी ने उसके साथ दुष्कर्म किया था।
इसके बाद मुकदमे में दुष्कर्म की धाराएं बढ़ाई गईं थी। मुकदमे की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश द्वितीय न्यायालय में चल रही थी। शुक्रवार को न्यायाधीश यज्ञेश चंद पांडेय ने अरुण को दुष्कर्म का दोषी करार देते हुए निर्णय सुनाया। न्यायाधीश ने दोषी अरुण को दस वर्ष के कारावास और पांच हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड जमा न करने पर दोषी को एक माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना पड़ेगा। मुकदमे में शामिल अन्य दो महिलाओं को साक्ष्यों के अभाव में बरी कर दिया गया।
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धौलाना क्षेत्र के गांव निवासी व्यक्ति ने 24 जुलाई 2020 को थाने में तहरीर देते हुए बताया था कि 23 जुलाई 2020 को वह अपनी पत्नी के साथ किसी काम के सिलसिले में घर से बाहर गया था। घर पर उसकी नाबालिग पुत्री अकेली थी। देर रात उसके भाई की पत्नी धर्मवती निवासी गांव बराल, जिला बुलंदशहर अपने भाई अरुण के साथ उसके घर पहुंचे। आरोपी बहला-फुसलाकर उसकी पुत्री को घर से अगवा कर ले गए। मामले में पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार किया था। पुत्री ने पुलिस को जानकारी दी थी कि आरोपी ने उसके साथ दुष्कर्म किया था।
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इसके बाद मुकदमे में दुष्कर्म की धाराएं बढ़ाई गईं थी। मुकदमे की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश द्वितीय न्यायालय में चल रही थी। शुक्रवार को न्यायाधीश यज्ञेश चंद पांडेय ने अरुण को दुष्कर्म का दोषी करार देते हुए निर्णय सुनाया। न्यायाधीश ने दोषी अरुण को दस वर्ष के कारावास और पांच हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड जमा न करने पर दोषी को एक माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना पड़ेगा। मुकदमे में शामिल अन्य दो महिलाओं को साक्ष्यों के अभाव में बरी कर दिया गया।
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