{"_id":"571f89674f1c1bed50a92033","slug":"abandoned-baby-found","type":"story","status":"publish","title_hn":"लावारिस बच्ची मिलने की सूचना न देने मामला","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
लावारिस बच्ची मिलने की सूचना न देने मामला
ब्यूरो/अमर उजाला, हापुड़
Updated Tue, 26 Apr 2016 09:00 PM IST
विज्ञापन
बच्ची
- फोटो : demo pic
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
29 फरवरी को मिली एक बच्ची की सूचना बाल कल्याण समिति को न देने पर समिति अध्यक्षा ने एसएचओ गढ़ के खिलाफ कार्रवाई के लिए एसपी को पत्र भेजा है। जिसमें कहा गया है कि उनके खिलाफ धारा 33 और 34 के तहत रिपोर्ट दर्ज कराई जाए।
विज्ञापन
बाल कल्याण समिति की अध्यक्षा अतुला शर्मा और सदस्य सुमित टंडन और जयप्रकाश त्यागी ने बताया कि 29 फरवरी को गढ़ के मोहल्ला सेगेवाला बड़ी सराय से एक नवजात बच्ची पुलिस को मिली थी।
विज्ञापन
मामले में सबसे पहले बाल कल्याण समिति को सूचना दी जानी चाहिए थी, लेकिन गढ़ पुलिस ने ऐसा नहीं किया। सूचना न देकर गढ़ कोतवाल ने किशोर न्याय अधिनियम 2015 का उल्लंघन किया है।
विज्ञापन
इस संबंध में 16 मार्च और 20 अप्रैल को भी पत्र भेजे गए थे, लेकिन उसके बाद भी गढ़ थाना प्रभारी ने नवजात को बाल कल्याण समिति के समक्ष पेश नहीं किया। उन्होंने किशोर न्याय बोर्ड की धारा 33 और 34 का उल्लंघन किया है।
समिति के पदाधिकारियों ने एसपी और मेरठ रेंज व जोन के पुलिस अधिकारियों को पत्र भेजकर गढ़ कोतवाली के खिलाफ विभिन्न धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराने की मांग की है।