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लखनऊ भेजी जा सकती है ट्रेन में मिली बच्ची
अमर उजाला, हापुड़
Updated Sat, 06 Feb 2016 12:01 AM IST
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सद्भावना एक्सप्रेस के स्लीपर कोच में मिली दो माह की बच्ची को लखनऊ भेजने की तैयारी हो रही है। हालांकि यह गाजियाबाद और रामपुर स्थित शिशु गृहों में पहले से मौजूद बच्चों की संख्या पर निर्भर करेगा।
ज्ञात हो कि पिछले रविवार को दिल्ली से रक्सौल के बीच चलने वाली सद्भावना एक्सप्रेस के एस-4 स्लीपर कोच में एक सीट के नीचे रखे बैग में दो माह की मासूम बच्ची यात्रियों को मिली थी।
हापुड़ जीआरपी ने बच्ची को बाल कल्याण समिति को सौंप दिया था। समिति ने बच्ची का नगर और मेरठ के मेडिकल कॉलेज में उपचार कराया गया था। फिलहाल बच्ची ऐसे दंपति के पास है, जो उसे अपना दूध पिला रहे हैं।
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बच्ची को गाजियाबाद के एक मिशनरी संस्था की ओर से बनाए गए शिशु गृह और रामपुर में बने शिशु गृह में रखने की बात हो रही है। लेकिन इन दोनों स्थानों पर 10 से अधिक शिशु यदि होंगे तो बच्ची को फिर लखनऊ भेजा जाएगा।
बाल कल्याण समिति की अध्यक्ष अतुला शर्मा ने बताया कि गाजियाबाद और रामपुर के शिशु गृहों में बच्चों की संख्या का पता लगाया जा रहा है।
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ज्ञात हो कि पिछले रविवार को दिल्ली से रक्सौल के बीच चलने वाली सद्भावना एक्सप्रेस के एस-4 स्लीपर कोच में एक सीट के नीचे रखे बैग में दो माह की मासूम बच्ची यात्रियों को मिली थी।
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हापुड़ जीआरपी ने बच्ची को बाल कल्याण समिति को सौंप दिया था। समिति ने बच्ची का नगर और मेरठ के मेडिकल कॉलेज में उपचार कराया गया था। फिलहाल बच्ची ऐसे दंपति के पास है, जो उसे अपना दूध पिला रहे हैं।
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बच्ची को गाजियाबाद के एक मिशनरी संस्था की ओर से बनाए गए शिशु गृह और रामपुर में बने शिशु गृह में रखने की बात हो रही है। लेकिन इन दोनों स्थानों पर 10 से अधिक शिशु यदि होंगे तो बच्ची को फिर लखनऊ भेजा जाएगा।
बाल कल्याण समिति की अध्यक्ष अतुला शर्मा ने बताया कि गाजियाबाद और रामपुर के शिशु गृहों में बच्चों की संख्या का पता लगाया जा रहा है।