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विकास और शिक्षा के साथ किसानों के लिए गंभीर हो सांसद
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विकास और शिक्षा के साथ किसानों के लिए गंभीर हो सांसद
हापुड़। लोकसभा चुनाव के मद्देनजर चुनावी चर्चाओं का सिलसिला जारी है। बुधवार को क्षेत्र के गांव रसूलपुर में आयोजित चौपाल में ग्रामीणों ने विकास और शिक्षा को चुनावी मुद्दा बनाए जाने पर जोर दिया। साथ ही ऐसे प्रत्याशी को चुनने पर जोर दिया गया जो किसानों के दुख को समझे। जिले में किसानों की संख्या अधिक है। खासकर गन्ना किसान क्षेत्र में अधिक हैं। ऐसे में गन्ना बकाया भुगतान समय पर न मिलने से उनकी परेशानी बढ़ जाती है। इस स्थिति में समय-समय पर भुगतान के लिए किसान आंदोलन भी करते हैं। इसलिए चुनावी चौपाल में किसानों का मुद्दा भी छाया रहा। उनका मानना है कि हमारा सांसद ऐसा हो जो उनकी समस्याओं को समझे और सरकार के समक्ष उठाकर उसका समाधान करवा सके।
अमित चौधरी का कहना है कि हमारा सांसद धर्म, जाति के नाम पर लोगों में अंतर न देखे और क्षेत्र में विकास, शिक्षा जैसी सुविधाओं का लोगों को लाभ दिलाए और राष्ट्र हित में कार्य करे।
जतिन चौधरी का कहना है कि हमारा प्रतिनिधि ऐसा है जो शिक्षित हो और जीतने के बाद जातिवाद धर्मवाद से ऊपर उठकर विकास कराने वाला हो। इसके अलावा किसान मुख्य समस्याओं जैसे गन्ना भुगतान को लेकर वास्तव में गंभीर हो।
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समरपाल सिंह का कहना है कि लोकसभा चुनाव में ऐसे प्रत्याशी को वोट देना चाहिए जो क्षेत्र में विकास, रोजगार, सुरक्षा के बारे में कार्य करे। किसानों की समस्याएं सुने और उनका समय पर निदान करे।
सूरजमल सिंह का कहना है कि हमारा सांसद जातिवाद धर्मवाद को न मानने वाला हो। साथ ही शिक्षित व साफ सुथरी छवि वाला हो। इसके अलावा ऐसे प्रत्याशी को वोट करे जो चुनाव जीतने के बाद भी क्षेत्र के लोगों के संपर्क में रहे।
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हापुड़। लोकसभा चुनाव के मद्देनजर चुनावी चर्चाओं का सिलसिला जारी है। बुधवार को क्षेत्र के गांव रसूलपुर में आयोजित चौपाल में ग्रामीणों ने विकास और शिक्षा को चुनावी मुद्दा बनाए जाने पर जोर दिया। साथ ही ऐसे प्रत्याशी को चुनने पर जोर दिया गया जो किसानों के दुख को समझे। जिले में किसानों की संख्या अधिक है। खासकर गन्ना किसान क्षेत्र में अधिक हैं। ऐसे में गन्ना बकाया भुगतान समय पर न मिलने से उनकी परेशानी बढ़ जाती है। इस स्थिति में समय-समय पर भुगतान के लिए किसान आंदोलन भी करते हैं। इसलिए चुनावी चौपाल में किसानों का मुद्दा भी छाया रहा। उनका मानना है कि हमारा सांसद ऐसा हो जो उनकी समस्याओं को समझे और सरकार के समक्ष उठाकर उसका समाधान करवा सके।
अमित चौधरी का कहना है कि हमारा सांसद धर्म, जाति के नाम पर लोगों में अंतर न देखे और क्षेत्र में विकास, शिक्षा जैसी सुविधाओं का लोगों को लाभ दिलाए और राष्ट्र हित में कार्य करे।
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जतिन चौधरी का कहना है कि हमारा प्रतिनिधि ऐसा है जो शिक्षित हो और जीतने के बाद जातिवाद धर्मवाद से ऊपर उठकर विकास कराने वाला हो। इसके अलावा किसान मुख्य समस्याओं जैसे गन्ना भुगतान को लेकर वास्तव में गंभीर हो।
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समरपाल सिंह का कहना है कि लोकसभा चुनाव में ऐसे प्रत्याशी को वोट देना चाहिए जो क्षेत्र में विकास, रोजगार, सुरक्षा के बारे में कार्य करे। किसानों की समस्याएं सुने और उनका समय पर निदान करे।
सूरजमल सिंह का कहना है कि हमारा सांसद जातिवाद धर्मवाद को न मानने वाला हो। साथ ही शिक्षित व साफ सुथरी छवि वाला हो। इसके अलावा ऐसे प्रत्याशी को वोट करे जो चुनाव जीतने के बाद भी क्षेत्र के लोगों के संपर्क में रहे।