फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hamirpur News ›   Farmer hanged from in-laws' house

ससुरालियों से आजिज किसान ने लगाई फांसी

Sun, 23 Jul 2017 12:03 AM IST
अमर उजाला हमीरपुर
अमर उजाला हमीरपुर Updated Sun, 23 Jul 2017 12:03 AM IST
विज्ञापन
Farmer hanged from in-laws' house
मृतक की फाइल फोटो। - फोटो : अमर उजाला

ससुराल वालाें की प्रताड़ना से तंग युवक ने फांसी लगाकर जान दे दी। युवक की पत्नी ने भी इसी स्थान पर 17 जुलाई को फांसी लगाकर जान दी थी। आरोप है कि कार्रवाई न करने के एवज में ससुर युवक पर एक लाख रुपये और जमीन का बैनामा अपने बेटे के नाम करने का दबाव बना रहा था।

विज्ञापन


मुख्यालय के रमेड़ी तरौस निवासी महेंद्र यादव (28) पुत्र रामपाल निजी ट्रैक्टर से खेती किसान करने के साथ भाड़े का काम करता था। 17 जुलाई की दोपहर महेंद्र का पत्नी राधा से खाना बनाने को लेकर मामूली विवाद हुआ था। शाम को दोनों लोग केसरिया डेरा स्थित जानवर वाले मकान पर गए। वहां महेंद्र जानवरों को नहला धुलाने लगा। इसी बीच राधा भूसा लेने की बात कह कमरे में चली गई। काफी देर तक जब नहीं आई तो महेंद्र उसे देखने अंदर गया। वहां राधा फंदे पर लटकी थी। पोस्टमार्टम के बाद अगले दिन मंगलवार को उसका अंतिम संस्कार किया गया था।
विज्ञापन


उधर पत्नी की मौत का गम महेंद्र भुला नहीं पा रहा था कि राधा के मायके वालों ने उसका उत्पीड़न करना शुरू कर दिया। महेंद्र के भाई शिवनाथ ने बताया कि ससुराली मुकदमे में फंसाने की धमकी दे रहे थे। बताया कि दोनों पक्षों की पंचायत हुई। इसमें तय हुआ कि राधा के 13 माह के पुत्र अंशू के नाम एक लाख रुपये और खेती की कुछ जमीन कर दे तो मायके वाले कानूनी कार्रवाई नहीं करेंगे। बताया कि अभी चार दिन हुए थे कि शनिवार की सुबह मृतका राधा का पिता मवई निवासी रामऔतार अपने साले बांकी सुमेरपुर के इंद्रेश को लेकर आया और महेंद्र पर एक लाख रुपये और जमीन का बैनामा अपने पुत्र ओमबाबू के नाम करने का दबाव बनाया।
विज्ञापन
विज्ञापन


इससे आहत महेंद्र केसरिया डेरा स्थित जानवर वाले मकान पर पहुंचा। यहां फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मामले की सूचना गांव के लोगों ने उसके घर दी। इससे घर में कोहराम मच गया। मौके पर पहुंची कोतवाली पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। कोतवाल प्रवेंद्र कुमार सिंह ने कहा कि घटना की जांच पड़ताल की जा रही है। बताया कि अभी पीड़ित पक्ष ने तहरीर नहीं दी है।


परिवार में तीसरी आत्महत्या
महेंद्र पांच भाइयों में चौथे नंबर था। बड़ा भाई शिवनाथ, तीसरे नंबर का श्यामबाबू और  पांचवां भाई लाला है। दूसरे नंबर के भाई रामबाबू ने कई साल पहले जहर खाकर आत्महत्या कर ली थी। मां सुखरानी ने बताया कि सभी लड़के साथ रहते हैं। उसके दो बेटे और एक बहू अब नहीं रही। महेंद्र के शव से लिपटते हुए रो-रोकर कहती रही कि लाला कहे मरगा, जेल में रहते तो जिंदा तो रहता। मां ने बताया कि महेंद्र के ससुर ने उसके बेटे को धमकाया था।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed