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खेत समतलीकरण के नाम पर 78 हजार रुपये का बंदरबांट
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गोहांड। बड़ाखरका गांव में खेत समतलीकरण के नाम पर फर्जी मस्टर रोल लगाकर मजदूरों के बैंक खातों में मजदूरी के 78 हजार रुपये से अधिक धनराशि का बंदरबांट कर लिया गया। ग्राम पंचायत सदस्य ने मामले में बीडीओ को शिकायती पत्र के साथ खेत का फोटो देकर आरोप लगाया है। उन्होंने फर्जीबाड़े की जांच कराए जाने की मांग की है।
ग्राम पंचायत सदस्य रामसनेही राजपूत ने फर्जीवाड़ा की शिकायत बीडीओ से की है। शिकायती पत्र में बताया गांव के मौजा में धनकुंवर पत्नी मथुरा के 0.335 हेक्टेयर क्षेत्रफल वाले खेत का ग्राम पंचायत ने एटीमेट के मुताबिक 78043 रुपये खर्च कर समतलीकरण दिखाया है। जो पूर्णतया फर्जी व कागजी है। मौके पर कोई समतलीकरण कार्य नहीं हुआ है। बताया अगस्त माह में मनरेगा 2021-22 के तहत खुली बैठक में खेत में समतलीकरण कार्य को दर्शाया गया है। जबकि चालू माह में मास्टर रोल के तहत फर्जी 30 मजदूरों के बैंक खाते में 14-14 दिन की मजदूरी भेजी गई है। जबकि इस समय समतलीकरण कराए गए खेत में तिल की फसल लहलहा रही है। जो खेत मालिक ने जुलाई माह में बोई थी।
आरोप है कि मास्टर रोल में अंकित मजदूरों में गांव के प्रतिष्ठित लोगों के नाम हैं, जो कभी मजदूरी नहीं करते हैं। वहीं खेत मालिक धनकुंवर ने बताया उन्हें खेत के समतलीकरण की जानकारी नहीं है। खेत में तिल की फसल खड़ी है। पंचायत सदस्य ने मामले की जांच कराने की मांग की है। इस मामले में ग्राम पंचायत अधिकारी राजेश कुमार का कहना है वह अभिलेख देखने के बाद ही कुछ बता सकेंगे। उधर बीडीओ पीडी राजपूत ने कहा शिकायती पत्र प्राप्त हुआ है। मामले की जांच कराई जाएगी। आरोप सही पाए जाने पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
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ग्राम पंचायत सदस्य रामसनेही राजपूत ने फर्जीवाड़ा की शिकायत बीडीओ से की है। शिकायती पत्र में बताया गांव के मौजा में धनकुंवर पत्नी मथुरा के 0.335 हेक्टेयर क्षेत्रफल वाले खेत का ग्राम पंचायत ने एटीमेट के मुताबिक 78043 रुपये खर्च कर समतलीकरण दिखाया है। जो पूर्णतया फर्जी व कागजी है। मौके पर कोई समतलीकरण कार्य नहीं हुआ है। बताया अगस्त माह में मनरेगा 2021-22 के तहत खुली बैठक में खेत में समतलीकरण कार्य को दर्शाया गया है। जबकि चालू माह में मास्टर रोल के तहत फर्जी 30 मजदूरों के बैंक खाते में 14-14 दिन की मजदूरी भेजी गई है। जबकि इस समय समतलीकरण कराए गए खेत में तिल की फसल लहलहा रही है। जो खेत मालिक ने जुलाई माह में बोई थी।
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आरोप है कि मास्टर रोल में अंकित मजदूरों में गांव के प्रतिष्ठित लोगों के नाम हैं, जो कभी मजदूरी नहीं करते हैं। वहीं खेत मालिक धनकुंवर ने बताया उन्हें खेत के समतलीकरण की जानकारी नहीं है। खेत में तिल की फसल खड़ी है। पंचायत सदस्य ने मामले की जांच कराने की मांग की है। इस मामले में ग्राम पंचायत अधिकारी राजेश कुमार का कहना है वह अभिलेख देखने के बाद ही कुछ बता सकेंगे। उधर बीडीओ पीडी राजपूत ने कहा शिकायती पत्र प्राप्त हुआ है। मामले की जांच कराई जाएगी। आरोप सही पाए जाने पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
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