{"_id":"5994810b4f1c1bcf2a8b47e3","slug":"captain-sahib-now-it-s-over","type":"story","status":"publish","title_hn":"कप्तान साहब! अब तो हद ही हो गई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कप्तान साहब! अब तो हद ही हो गई
अमर उजाला/हमीरपुर
Updated Wed, 16 Aug 2017 10:59 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पति की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए महिला पिछले 20 सालों से थानों के चक्कर लगा रही। कल आना, फिर आना....देखते है, प्रार्थना पत्र रख जाओ जैसी बातें सुन सुन कर उसके कान थक गए, लेकिन पुलिस का मन नहीं पिघला। बुधवार को जिलाधिकारी की अध्यक्षता में लगे तहसील समाधान दिवस में शासन से खादी ग्रामोद्योग के सचिव/जिला प्रभारी अजय कुमार सिंह के सामने महिला फिर अपना दुखड़ा लेकर पहुंच गई। महिला की शिकायत सुन सब भौचक्के रह गए।
जिलाधिकारी डा.मन्नान अख्तर की अध्यक्षता में लगे समाधान दिवस में हटवारा निवासी जमुनी ने बताया कि 20 साल पहले उसका पति घर से कहीं चले गए। उनका आज तक कोई पता नहीं चला। महिला ने आरोप लगाया कि थाना जरिया में गुमशुदगी दर्ज कराने के लिए वह 40 शिकायती पत्र दे चुकी है। पुलिस वालों से मिन्नते की, हाथ पांव जोड़े, खूब रोई, लेकिन पति का पता लगाना तो दूर किसी ने रिपोर्ट तक दर्ज नहीं की।
जिस पर पुलिस अधीक्षक दिनेश कुमार पी का कहना है कि मामले की जांच की जाएगी। वहीं, इछौरा गांव के रामशरण ने बताया कि 2007 में उसके पिता की मौत हो गई थी। उसकी मां को आज तक किसान दुर्घटना मौत का मुआवजा नहीं मिला है।
विज्ञापन
इस्लामपुर की सोमवती व धौहल के रामेश्वर ने प्रधानमंत्री आवास न मिलने की शिकायत की। इस मौके पर 115 शिकायतें आई और मौके पर 15 का निस्तारण हो गया। तहसील दिवस में एसडीएम एसपी अग्रवाल, सीओ रजनीश उपाध्याय, मुख्य विकास अधिकारी रामनेवाज सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।
विज्ञापन
जिलाधिकारी डा.मन्नान अख्तर की अध्यक्षता में लगे समाधान दिवस में हटवारा निवासी जमुनी ने बताया कि 20 साल पहले उसका पति घर से कहीं चले गए। उनका आज तक कोई पता नहीं चला। महिला ने आरोप लगाया कि थाना जरिया में गुमशुदगी दर्ज कराने के लिए वह 40 शिकायती पत्र दे चुकी है। पुलिस वालों से मिन्नते की, हाथ पांव जोड़े, खूब रोई, लेकिन पति का पता लगाना तो दूर किसी ने रिपोर्ट तक दर्ज नहीं की।
विज्ञापन
जिस पर पुलिस अधीक्षक दिनेश कुमार पी का कहना है कि मामले की जांच की जाएगी। वहीं, इछौरा गांव के रामशरण ने बताया कि 2007 में उसके पिता की मौत हो गई थी। उसकी मां को आज तक किसान दुर्घटना मौत का मुआवजा नहीं मिला है।
विज्ञापन
इस्लामपुर की सोमवती व धौहल के रामेश्वर ने प्रधानमंत्री आवास न मिलने की शिकायत की। इस मौके पर 115 शिकायतें आई और मौके पर 15 का निस्तारण हो गया। तहसील दिवस में एसडीएम एसपी अग्रवाल, सीओ रजनीश उपाध्याय, मुख्य विकास अधिकारी रामनेवाज सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।