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नदी के बढ़ते जलस्तर ने ग्रामीणों को बढ़ाई नींद
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20द्दस्रड्डश्च28-गोंडा में करनैलगंज के सरयू नदी में जलस्तर बढ़ने से बांध को मजबूत करने में जुटा बाढ
- फोटो : GONDA
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करनैलगंज (गोंडा)। सरयू नदी (घाघरा) का जलस्तर तेजी से बढ़ने लगा है। पहाड़ी नालों एवं बारिश के पानी से नदी का जलस्तर बढ़कर खतरे के निशान के बराबर पहुंच गया है। बीते 24 घंटे में करीब 50 सेंटीमीटर बढ़े सरयू नदी के जलस्तर से ग्रामीणों की नींद उड़ चुकी है। ग्राम माझा रायपुर एवं नकहरा के कुछ मजरों में पानी तेजी से भरना शुरू हो गया है। मंगलवार को घाघरा नदी का डिस्चार्ज बढ़कर 3 लाख 10 हजार क्यूसेक लगभग पहुंच गया, और नदी के जलस्तर का बढ़ना देरशाम तक जारी रहा। मंगलवार की सुबह से लगातार आसपास के जिलों में हो रही बरसात और विभिन्न बैराजों से पहाड़ी नालों के पानी छोड़ जाने से घाघरा नदी उफान पर आ गई है।
सोमवार को नदी का जलस्तर खतरे के निशान से करीब 50 सेंटीमीटर नीचे था जो कि तेजी से बढ़ता हुआ मंगलवार की शाम तक खतरे के निशान से मात्र 5 सेंटीमीटर नीचे रह गया। एल्गिन ब्रिज के चेतावनी विंदु 106.07 के सापेक्ष 105.997 पर मंगलवार को जलस्तर पहुंच गया। बरसात होने से बांध पर चल रहे मरम्मत और देखरेख का कार्य प्रभावित हो रहा है। मजदूरों को कार्य करने में दिक्कत आ रही है। नदी की धारा अपना बहाव तेज करती जा रही है। बारिश के चलते जगह-जगह बांध पर रेन कट और बड़े-बड़े गड्ढे हो चुके हैं। जिन्हें भरने के लिए भले बाढ़ खंड के अधिकारी कार्य में लगे हो, लेकिन बारिश से कार्य प्रभावित हो रहा है। तेजी से बढ़ रहे जलस्तर को देखते हुए करनैलगंज तहसील प्रशासन ने कमर कस ली है। एसडीएम ने मंगलवार को बारिश के बीच बांध के आसपास के गांव का निरीक्षण किया और बाढ़ चौकियों पर तैनात किए राजस्व कर्मचारियों को बाढ़ चौकियों पर अलर्ट रहने के निर्देश दिए।
बाढ़ खंड के एई अमरेश सिंह बताते हैं कि एल्गिन चरसडी बांध अभी पूरी तरह सुरक्षित है। किसी प्रकार का खतरा नहीं है। बारिश से जो गड्ढे हो रहे हैं, मिट्टी बह रही है उसको ठीक कराने का कार्य कराया जा रहा है। एसडीएम करनैलगंज हीरालाल यादव बताते हैं कि गांव का निरीक्षण किया गया है, बाढ़ चौकियों को अलर्ट कर दिया है। बांध के आसपास रहने वाले ग्रामीणों को हमेशा सतर्क रहने को कहा जा रहा है। बांध को किसी प्रकार का खतरा नहीं बताया जा रहा है। बताया कि रायपुर माझा गांव में जलभराव होने की सूचना मिल रही है जो बाराबंकी जिले में है।
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सोमवार को नदी का जलस्तर खतरे के निशान से करीब 50 सेंटीमीटर नीचे था जो कि तेजी से बढ़ता हुआ मंगलवार की शाम तक खतरे के निशान से मात्र 5 सेंटीमीटर नीचे रह गया। एल्गिन ब्रिज के चेतावनी विंदु 106.07 के सापेक्ष 105.997 पर मंगलवार को जलस्तर पहुंच गया। बरसात होने से बांध पर चल रहे मरम्मत और देखरेख का कार्य प्रभावित हो रहा है। मजदूरों को कार्य करने में दिक्कत आ रही है। नदी की धारा अपना बहाव तेज करती जा रही है। बारिश के चलते जगह-जगह बांध पर रेन कट और बड़े-बड़े गड्ढे हो चुके हैं। जिन्हें भरने के लिए भले बाढ़ खंड के अधिकारी कार्य में लगे हो, लेकिन बारिश से कार्य प्रभावित हो रहा है। तेजी से बढ़ रहे जलस्तर को देखते हुए करनैलगंज तहसील प्रशासन ने कमर कस ली है। एसडीएम ने मंगलवार को बारिश के बीच बांध के आसपास के गांव का निरीक्षण किया और बाढ़ चौकियों पर तैनात किए राजस्व कर्मचारियों को बाढ़ चौकियों पर अलर्ट रहने के निर्देश दिए।
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बाढ़ खंड के एई अमरेश सिंह बताते हैं कि एल्गिन चरसडी बांध अभी पूरी तरह सुरक्षित है। किसी प्रकार का खतरा नहीं है। बारिश से जो गड्ढे हो रहे हैं, मिट्टी बह रही है उसको ठीक कराने का कार्य कराया जा रहा है। एसडीएम करनैलगंज हीरालाल यादव बताते हैं कि गांव का निरीक्षण किया गया है, बाढ़ चौकियों को अलर्ट कर दिया है। बांध के आसपास रहने वाले ग्रामीणों को हमेशा सतर्क रहने को कहा जा रहा है। बांध को किसी प्रकार का खतरा नहीं बताया जा रहा है। बताया कि रायपुर माझा गांव में जलभराव होने की सूचना मिल रही है जो बाराबंकी जिले में है।
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