{"_id":"65db84d6a5db37544a05c211","slug":"license-canceled-after-two-years-case-against-three-including-kotdar-gonda-news-c-100-1-gon1003-113422-2024-02-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gonda News: दो साल बाद लाइसेंस निरस्त, कोटेदार समेत तीन पर मुकदमा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gonda News: दो साल बाद लाइसेंस निरस्त, कोटेदार समेत तीन पर मुकदमा
Sun, 25 Feb 2024 11:50 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
Updated Sun, 25 Feb 2024 11:50 PM IST
विज्ञापन
बभनान (गोंडा)। छपिया ब्लॉक के चांदारत्ती गांव में उचित दर राशन दुकान का लाइसेंस निरस्त कर कोटेदार समेत तीन लोगों के खिलाफ फर्जीवाड़े की एफआईआर दर्ज हुई है।
पूर्ति निरीक्षक मनकापुर दिनेश कुमार ने बताया कि करीब दो वर्ष पहले वितरण में अनियमितता को लेकर हुए शिकायत को लेकर लखनऊ खाद्य प्रकोष्ठ की टीम ने जांच की थी।
इसमें चांदारत्ती निवासी कोटेदार शिवकुमार मौर्या ने फर्जी अभिलेख तैयार करके साक्ष्यों को मिटाने के प्रयास किए थे। यही नहीं, जांच टीम को सहयोग करना भी मुनासिब नहीं समझा था।
विज्ञापन
ऐसे में उपभोक्ता कार्डों को शासन से निर्धारित मात्रा में खाद्यान्न न बांटकर गबन करके कालाबाजारी की बात सामने आई थी। आर्थिक लाभ लेने, फर्जी अभिलेख तैयार करने का दोषी पाया गया।
वहीं चांदारत्ती गांव के कमलेश पत्नी रमेश व विक्रम जो पात्र गृहस्थी कार्डधारक है व कोटेदार के साथ अनियमितता में मददगार रहे। उनको भी प्रशासनिक जांच में दोषी पाया गया।
कोटे को निरस्त कर दिया गया है। थानाध्यक्ष छपिया सतेंद्र वर्मा ने बताया कि पूर्ति निरीक्षक मनकापुर दिनेश कुमार वर्मा की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया गया है।
विज्ञापन
पूर्ति निरीक्षक मनकापुर दिनेश कुमार ने बताया कि करीब दो वर्ष पहले वितरण में अनियमितता को लेकर हुए शिकायत को लेकर लखनऊ खाद्य प्रकोष्ठ की टीम ने जांच की थी।
विज्ञापन
इसमें चांदारत्ती निवासी कोटेदार शिवकुमार मौर्या ने फर्जी अभिलेख तैयार करके साक्ष्यों को मिटाने के प्रयास किए थे। यही नहीं, जांच टीम को सहयोग करना भी मुनासिब नहीं समझा था।
विज्ञापन
ऐसे में उपभोक्ता कार्डों को शासन से निर्धारित मात्रा में खाद्यान्न न बांटकर गबन करके कालाबाजारी की बात सामने आई थी। आर्थिक लाभ लेने, फर्जी अभिलेख तैयार करने का दोषी पाया गया।
वहीं चांदारत्ती गांव के कमलेश पत्नी रमेश व विक्रम जो पात्र गृहस्थी कार्डधारक है व कोटेदार के साथ अनियमितता में मददगार रहे। उनको भी प्रशासनिक जांच में दोषी पाया गया।
कोटे को निरस्त कर दिया गया है। थानाध्यक्ष छपिया सतेंद्र वर्मा ने बताया कि पूर्ति निरीक्षक मनकापुर दिनेश कुमार वर्मा की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया गया है।