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Gonda News: पीजी में पुराने सिलेबस से ही होगी प्रथम सेमेस्टर की परीक्षा
Fri, 11 Oct 2024 11:11 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
Updated Fri, 11 Oct 2024 11:11 PM IST
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गोंडा। अयोध्या स्थित डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय से संबद्ध जिले के एलबीएस समेत अन्य कॉलेजों में परास्नातक प्रथम सेमेस्टर हिंदी और गृहविज्ञान की सेमेस्टर परीक्षा पुराने सिलेबस के आधार पर ही होगी। दूसरी तरफ पीजी के भूगोल व रसायन विज्ञान विषय के प्रथम सेमेस्टर में नया सिलेबस लागू करने का निर्णय भी लिया गया है। यह निर्णय ऐसे समय में हुआ है जबकि पुराने सेमिस्टर से ही आधे से ज्यादा समय की पढ़ाई हो चुकी है।
राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत प्रदेश के सभी विवि में परास्नातक प्रथम सेमेस्टर में नया पाठ्यक्रम लागू किया जाना था। इसके लिए विवि स्तर से नया पाठ्यक्रम भी तैयार कराया गया था । मगर कॉलेजों में उसे लागू नहीं किया जा सका। विश्वविद्यालय स्तर से परीक्षा फार्म में नए व पुराने पाठ्यक्रम को शामिल किए जाने के कारण सेमेस्टर के आधे सत्र तक शिक्षक पीजी प्रथम सेमेस्टर के हिंदी, गृहविज्ञान, रसायन विज्ञान और भूगोल विषय में नए व पुराने सिलेबस को लेकर उलझे हुए हैं। आरोप है कि विश्वविद्यालय स्तर से नई शिक्षा नीति के तहत नया पाठ्यक्रम लागू करने के लिए कोई अधिसूचना जारी नहीं की गई।
एलबीएस पीजी कॉलेज के रसायन विज्ञान विभाग के प्रो. दिलीप शुक्ल का कहना है कि स्थिति स्पष्ट न होने के कारण ही नए पाठ्यक्रम से पढ़ाई नहीं हो सकी है। अवध विश्वविद्यालय स्तर से निर्णय के बाद अब रसायन विज्ञान में नए पाठ्यक्रम में पढ़ाई शुरू कराई गई है। पुराने और नए में एक प्रश्नपत्र का अंतर है। हिंदी के विभागाध्यक्ष प्रो. शैलेंद्रनाथ मिश्र का कहना है कि नए सिलेबस के लिए पूर्व में कोई अधिसूचना जारी नहीं की गई। ऐसे में आधा से ज्यादा पुराना कोर्स पढ़ाया जा चुका है।
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एलबीएस पीजी कॉलेज के प्राचार्य प्रो. आरके पांडेय ने बताया कि विभागाध्यक्षों के अनुरोध पर विश्वविद्यालय स्तर से फैसले में बदलाव किया गया है। परास्नातक प्रथम सेमेस्टर हिंदी और गृह विज्ञान में पुराने तो रसायन विज्ञान व भूगोल में नए पाठ्यक्रम को शामिल किया गया है।
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राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत प्रदेश के सभी विवि में परास्नातक प्रथम सेमेस्टर में नया पाठ्यक्रम लागू किया जाना था। इसके लिए विवि स्तर से नया पाठ्यक्रम भी तैयार कराया गया था । मगर कॉलेजों में उसे लागू नहीं किया जा सका। विश्वविद्यालय स्तर से परीक्षा फार्म में नए व पुराने पाठ्यक्रम को शामिल किए जाने के कारण सेमेस्टर के आधे सत्र तक शिक्षक पीजी प्रथम सेमेस्टर के हिंदी, गृहविज्ञान, रसायन विज्ञान और भूगोल विषय में नए व पुराने सिलेबस को लेकर उलझे हुए हैं। आरोप है कि विश्वविद्यालय स्तर से नई शिक्षा नीति के तहत नया पाठ्यक्रम लागू करने के लिए कोई अधिसूचना जारी नहीं की गई।
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एलबीएस पीजी कॉलेज के रसायन विज्ञान विभाग के प्रो. दिलीप शुक्ल का कहना है कि स्थिति स्पष्ट न होने के कारण ही नए पाठ्यक्रम से पढ़ाई नहीं हो सकी है। अवध विश्वविद्यालय स्तर से निर्णय के बाद अब रसायन विज्ञान में नए पाठ्यक्रम में पढ़ाई शुरू कराई गई है। पुराने और नए में एक प्रश्नपत्र का अंतर है। हिंदी के विभागाध्यक्ष प्रो. शैलेंद्रनाथ मिश्र का कहना है कि नए सिलेबस के लिए पूर्व में कोई अधिसूचना जारी नहीं की गई। ऐसे में आधा से ज्यादा पुराना कोर्स पढ़ाया जा चुका है।
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एलबीएस पीजी कॉलेज के प्राचार्य प्रो. आरके पांडेय ने बताया कि विभागाध्यक्षों के अनुरोध पर विश्वविद्यालय स्तर से फैसले में बदलाव किया गया है। परास्नातक प्रथम सेमेस्टर हिंदी और गृह विज्ञान में पुराने तो रसायन विज्ञान व भूगोल में नए पाठ्यक्रम को शामिल किया गया है।