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कार्तिक पूर्णिमा पर जुटे श्रद्धालु
अमर उजाला/गोंडा
Updated Mon, 14 Nov 2016 10:58 PM IST
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सरयू में स्नान करते भक्त
- फोटो : अमर उजाला
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कार्तिक पूर्णिमा के मौके पर सोमवार को जिले भर में स्नान-दान किया गया। करीब तीन लाख श्रद्धालुओं ने सरयू तट कटरा घाट मेें स्नान किया तथा जमकर खरीदारी की। जबकि क्षेत्र के आधा दर्जन स्थानों पर भी करीब दो लाख लोगों ने स्नान किया और मेले का आनंद लिया। दोपहर बाद तक स्नानार्थियों का तांता लगा रहा।
करनैलगंज नगर से तीन किलोमीटर दूर सरयू नदी के कटरा घाट पर कार्तिक पूर्णिमा के मौके पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ जुटी। दोपहर तक घाट पर स्नान करने वाले श्रद्धालु ट्रैक्टर-ट्रॉली, जीप, रिक्शा, टैक्सी, बाइक, साइकिल से आते रहे।
स्नान के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ रविवार की रात्रि से ही घाट पर जुटने लगी थी। सुबह चार बजे से लोगों ने घाट पर स्नान करना शुरू कर दिया था। दोपहर बाद तक करीब तीन लाख से भी अधिक श्रद्धालु अलग-अलग घाटों पर स्नान कर चुके थे। उसके बाद सरयू घाट, कटरा शहबाजपुर घाट, सकरौरा घाट, कचनापुर घाट, यमदुतिया घाट, कटरा घाट पर मेले का भी आयोजन हुआ जो देर शाम तक चला। लोगों ने इसमें जमकर खरीदारी की और झूले आदि का लुत्फ उठाया।
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मेले में सुरक्षा व्यवस्था के भी इंतजाम किए गये थे। एसडीएम हरिशंकर लाल शुक्ला ने प्रशासनिक कैंप लगवाकर तहसीलदार व राजस्व निरीक्षक के साथ लेखपालों को तैनात किया था। गोंडा-लखनऊ मार्ग पर हो रहे फोरलेन निर्माण के चलते जगह-जगह भयंकर जाम की स्थिति बनी रही। लोग इससे जूझते रहे।
इटियाथोक के तिर्रेमनोरमा में उद्यालक मुनि आश्रम में पहुंचकर हजारों लोगों ने मंदिर में माथा टेका। यहां पोखरे पर स्नान किया और हैसियत के मुताबिक, लोगों ने दान पुण्य किया। यहां मेला लगा। इसमें महिलाओं ने श्रृंगार के सामान खरीदे। यहां का गट्टा मशहूर है जिसकी लोगों ने खूब खरीदारी की।
मनोरमा मेला परिसर में ही अस्थाई पुलिस चौकी बनाई गई थी। तैनात पुलिस बलों ने लोगों को सावधानी पूर्वक स्नान करने तथा मेला में उचक्कों से सावधान रहने की अपील कर रहे थे। इटियाथोक से करीब 10 किमी. दूर बाबागंज मार्ग पर स्थित ईश्वर कुटी पर भी मेले का आयोजन किया गया। यहां श्रद्धालुओं ने ईश्वर नाथ महाराज की समाधि पर पुष्प अर्पित किया।
मसकनवा के समीप भगवान घनश्याम की जन्मस्थली छपिया मंदिर के सरोवर पर हजारों लोगों ने स्नान किया और भगवान घनश्याम के दर्शन किए। यहां भी भारी भीड़ जुटी रही। इसके अलावा रामापुर घाट पर भी भारी मेला लगा। यहां लोगों टेढ़ी नदी के तट पर पहुंच कर स्नान किया और सामानों की खरीदारी की। इस अवसर पर स्वामी नारायण छपिया मंदिर के महंत स्वामी वासुदेवानन्द जीए स्वामी हरिस्वरूपा नंद जी, स्वामी पवित्रानंद, शैलेंद्र तिवारी, उमेश पांडेय मौजूद रहे।
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करनैलगंज नगर से तीन किलोमीटर दूर सरयू नदी के कटरा घाट पर कार्तिक पूर्णिमा के मौके पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ जुटी। दोपहर तक घाट पर स्नान करने वाले श्रद्धालु ट्रैक्टर-ट्रॉली, जीप, रिक्शा, टैक्सी, बाइक, साइकिल से आते रहे।
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स्नान के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ रविवार की रात्रि से ही घाट पर जुटने लगी थी। सुबह चार बजे से लोगों ने घाट पर स्नान करना शुरू कर दिया था। दोपहर बाद तक करीब तीन लाख से भी अधिक श्रद्धालु अलग-अलग घाटों पर स्नान कर चुके थे। उसके बाद सरयू घाट, कटरा शहबाजपुर घाट, सकरौरा घाट, कचनापुर घाट, यमदुतिया घाट, कटरा घाट पर मेले का भी आयोजन हुआ जो देर शाम तक चला। लोगों ने इसमें जमकर खरीदारी की और झूले आदि का लुत्फ उठाया।
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मेले में सुरक्षा व्यवस्था के भी इंतजाम किए गये थे। एसडीएम हरिशंकर लाल शुक्ला ने प्रशासनिक कैंप लगवाकर तहसीलदार व राजस्व निरीक्षक के साथ लेखपालों को तैनात किया था। गोंडा-लखनऊ मार्ग पर हो रहे फोरलेन निर्माण के चलते जगह-जगह भयंकर जाम की स्थिति बनी रही। लोग इससे जूझते रहे।
इटियाथोक के तिर्रेमनोरमा में उद्यालक मुनि आश्रम में पहुंचकर हजारों लोगों ने मंदिर में माथा टेका। यहां पोखरे पर स्नान किया और हैसियत के मुताबिक, लोगों ने दान पुण्य किया। यहां मेला लगा। इसमें महिलाओं ने श्रृंगार के सामान खरीदे। यहां का गट्टा मशहूर है जिसकी लोगों ने खूब खरीदारी की।
मनोरमा मेला परिसर में ही अस्थाई पुलिस चौकी बनाई गई थी। तैनात पुलिस बलों ने लोगों को सावधानी पूर्वक स्नान करने तथा मेला में उचक्कों से सावधान रहने की अपील कर रहे थे। इटियाथोक से करीब 10 किमी. दूर बाबागंज मार्ग पर स्थित ईश्वर कुटी पर भी मेले का आयोजन किया गया। यहां श्रद्धालुओं ने ईश्वर नाथ महाराज की समाधि पर पुष्प अर्पित किया।
मसकनवा के समीप भगवान घनश्याम की जन्मस्थली छपिया मंदिर के सरोवर पर हजारों लोगों ने स्नान किया और भगवान घनश्याम के दर्शन किए। यहां भी भारी भीड़ जुटी रही। इसके अलावा रामापुर घाट पर भी भारी मेला लगा। यहां लोगों टेढ़ी नदी के तट पर पहुंच कर स्नान किया और सामानों की खरीदारी की। इस अवसर पर स्वामी नारायण छपिया मंदिर के महंत स्वामी वासुदेवानन्द जीए स्वामी हरिस्वरूपा नंद जी, स्वामी पवित्रानंद, शैलेंद्र तिवारी, उमेश पांडेय मौजूद रहे।