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रेलवे में नौकरी का झांसा दे 30 लाख ठगे

Mon, 24 Oct 2016 11:38 PM IST
अमर उजाला/गोंडा
अमर उजाला/गोंडा Updated Mon, 24 Oct 2016 11:38 PM IST
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Bluffing in railway jobs cheated 30 million rupees
rupees note
अपने को रेल मंत्री का करीबी बताकर तीन जालसाजों ने रेलवे में नौकरी दिलाने के नाम पर 15 युवकों से करीब 30 लाख रुपये ठग लिए। रुपये लेने के बाद इन युवकों को बिहार प्रांत के दानापुर रेलवे स्टेशन बुलाकर फर्जी जॉइनिंग लेटर थमा दिया और तीन दिन तक इनसे ट्रेन गिनने का काम कराते रहे। शंका होने पर जब इन युवकों ने नियुक्ति पत्र की जांच कराई तो उसके जाली होने का खुलासा हुआ। इस मामले में ठगी के शिकार एक पीड़ित ने रविवार को नगर कोतवाली में तीन जालसाजों के खिलाफ धोखाधड़ी की रिपोर्ट दर्ज कराई है। 
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मोतीगंज थाना क्षेत्र के नौबरा गांव के मजरा सुहेलवा के रहने वाले वीरेंद्र कुमार शुक्ला के मुताबिक जनवरी 2013 में कोतवाली देहात क्षेत्र के खम्हरिया हरिवंश गांव निवासी शिवशरण तिवारी, उसके बेटे कालिका प्रसाद व दद्दू प्रसाद ने अपने आप को तत्कालीन रेल मंत्री पवन बंसल का करीबी बताते हुए रेलवे में नौकरी दिलाने के नाम पर उससे 2.50 लाख रुपये ले लिए।
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इसके अलावा उसके बडे़ भाई हरिभान शुक्ला, भांजे प्रवेश कुमार पांडेय, आवास विकास कॉलोनी के बलराम शुक्ला, इटियाथोक के योगेश कुमार दूबे, श्रवण कुमार व गरीबी पुरवा के लालजी उपाध्याय समेत करीब 15 युवकों को नौकरी का झांसा देकर 30 लाख रुपये वसूल लिए।
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वीरेंद्र का कहना है कि इसके कुछ दिन बाद जालसाजों ने 18 फरवरी 2013 को उसे व अन्य चार लोगों को बिहार प्रांत के दानापुर रेलवे डिवीजन बुलाया, जहां उनका डॉक्टरी परीक्षण कराकर वापस कर दिया गया। करीब 15 दिन बाद फिर से जालसाजों ने इन सभी को दानापुर बुलाया और फर्जी नियुक्ति पत्र के साथ एक कॉपी व पेन देकर दोनों तरफ से गुजरने वाली ट्रेनों के आने-जाने का समय नोट करने के काम पर लगा दिया।

वीरेंद्र का कहना है कि तीन दिन तक वह चारों लोग ट्रेनें गिनते रहे। इस बीच एक अन्य जालसाज अपने को डीआरएम बताकर उनके साथ लगा रहा। वीरेंद्र ने बताया कि तीन दिन बाद जब उसे शंका हुई तो उसने दानापुर रेलवे ऑफिस जाकर नियुक्ति पत्र दिखाया तो नियुक्ति पत्र के जाली होने का खुलासा हुआ।


वीरेंद्र का आरोप है कि वहां से लौटकर जब उसने शिवशरण से रुपये मांगे तो उसने 20.90 लाख रुपयेे का चेक थमा दिया। इस चेक को जब उसने भुगतान के लिए बैंक में जमा किया तो वह बाउंस हो गया। इस मामले में वीरेंद्र ने नगर कोतवाली में शिवशरण व उसके दोनों बेटों कालिका प्रसाद व दद्दू के खिलाफ जालसाजी की रिपोर्ट दर्ज कराई है। नगर कोतवाल बृजेश कु मार सिंह ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच की जा रही है। 
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