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सुसाइड नोट और काल डिटेल बताएगी क ृपाल के मौत की सच्चाई

Wed, 03 Jan 2018 10:33 PM IST
Updated Wed, 03 Jan 2018 10:33 PM IST
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सुसाइड नोट और काल डिटेल बताएगी क ृपाल के मौत की सच्चाई
रामकृपाल की मर्डर मिस्ट्री में उलझी पुलिस
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गोंडा। कोतवाली देहात क्षेत्र के एक गांव में रेप पीड़िता किशोरी की मौत के 24 घंटे के भीतर आरोपी रामकृपाल सिंह की हत्या कर शव हाइटेंशन लाइन के टावर पर लटकाने के मामले में अब तक जांच में पुलिस किसी नतीजे पर नहीं पहुंच सकी है।

आरोपी की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हैंगिंग से मौत की बात सामने आने के बाद अब पुलिस की नजर उसके घर से मिले सुसाइड नोट की राइटिंग और उसके मोबाइल फोन कॉल डिटेल पर टिक गई है।
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हैंड राइटिंग एक्सपर्ट की जांच के बाद ही ये स्पष्ट होगा कि सुसाइड नोट रामकृपाल सिंह ने खुद लिखा या किसी ने कोई साजिश रची है। दूसरी ओर रामकृपाल सिंह की अकूत संपत्ति को लेकर परिवार में कहीं कोई मनमुटाव तो नहीं था, इस बारे में भी पुलिस जानकारी जुटा रही है।
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कोतवाली देहात क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली किशोरी के साथ उसके गांव के ही रामकृपाल सिंह ने नशीली दवा खिलाकर रेप किया था। बाद में इलाज के लिए अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों की संवेदनहीनता से समय पर इलाज नहीं होने के चलते रेप पीड़िता की मौत हो गई थी।

साल के पहले ही दिन हुई शर्मसार कर देने वाली इस घटना ने पूरे पुलिस महकमे को हिलाकर रख दिया। आरोपी रामकृपाल सिंह के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर पुलिस उसकी गिरफ्तारी का प्रयास ही कर रही थी कि अगले दिन सुबह उसकी लाश गांव के बाहर खेत में लगे हाइटेंशन लाइन के टावर पर रस्सी से बंधे फांसी के फंदे पर लटकी मिली थी।

उसके दोनों हाथ रस्सी से पीछे की ओर बंधे थे। जिससे स्पष्ट हो रहा था कि रामकृपाल की हत्या के बाद शव फंदे पर लटकाया गया। मगर कुछ देर बाद ही पुलिस के हाथ रामकृपाल सिंह का सुसाइड नोट लगा तो मामला हत्या व आत्महत्या के बीच उलझ गया। बुधवार को रामकृपाल सिंह की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी हैंगिंग की बात सामने आई है।

ऐसे में यदि ये जाना जाए कि रामकृपाल सिंह ने खुदकुशी की है तो फिर 20 फुट ऊंचाई पर लटके शव के हाथ कैसे बंधे? इसका पुलिस के पास कोई जवाब नहीं है। ऐेसे में इस मर्डर मिस्ट्री के खुलासे के लिए अब सुसाइड नोट की हैंड राइटिंग और रामकृपाल सिंह के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल पर पुलिस की निगाह टिक गई है। पुलिस अब हैंड राइटिंग एक्सपर्ट की मदद लेने की तैयारी कर रही है।

रामकृपाल सिंह की अकूत संपत्ति को लेकर परिवार में कहीं कोई मनमुटाव तो नहीं था, इस बारे में भी पुलिस जानकारी जुटा रही है। वहीं, सीओ भरत यादव का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार रामकृपाल की मौत आत्महत्या ही है। उसके परिवारीजनाें ने अब तक कोई तहरीर भी नहीं दी है।

गोंडा। रामकृपाल सिंह दो भाइयों में बड़ा था। उसके पिता की संपत्ति से उसके हिस्से में करीब 70 बीघा जमीन व अन्य संपत्ति मिलनी थी। एक सगा भाई होने के बावजूद उसने सुसाइड नोट में चचेरी बहन परमजीत कौर के नाम संपत्ति करने की बात क्यों लिखी? ये सवाल भी पुलिस के साथ ही गांव के लोगों को अखर रहा है।

रामकृपाल सिंह की लाश मंगलवार सुबह फंदे पर लटकी मिली थी, जबकि मंगलवार शाम को ही पुलिस ने उसके दोनों चाचा चरनजीत व पोले और बुजुर्ग बाबा को हिरासत में ले लिया था। ऐसे में रामकृपाल के परिवार के तो वारदात में संलिप्त होने की कोई गुंजाइश नहीं मानी जा रही है।

गोंडा। रेप पीड़िता किशोरी की मौत के मामले में दर्ज अपहरण, दुष्कर्म व पाक्सो एक्ट के मुकदमे में बुधवार को पुलिस ने हत्या की धारा भी बढ़ा दी। मामले के विवेचक कोतवाली देहात के वरिष्ठ उपनिरीक्षक विनय कुमार सरोज ने बताया कि, पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद मामले को हत्या में तरमीम कर दिया गया है।


गोंडा। किशोरी के साथ दुराचार की घटना से पहले ही गांव में पंजाब के कई युवक मेहमानी में आए थे। बताया जा रहा है कि गांव में ही एक वैवाहिक समारोह में शामिल होने के लिए तमाम मेहमान पंजाब से आए हैं। ऐसे में ग्रामीणों को आशंका है कि बाहर से आए ये युवक भी घटना में शामिल हो सकते हैं। ये चर्चा पुलिस के कानों तक भी पहुंची है। जिसके बाद इन युवकों पर भी पुलिस की पैनी नजर है।
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