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जले हुए खाद्य तेल से बनेगा बायोडीजल, कंपनी से व्यापारियों का होगा अनुबंध

Tue, 16 Nov 2021 11:09 PM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Tue, 16 Nov 2021 11:09 PM IST
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Bio diesel to be made from burnt edible oil
गोंडा। होटलों, ढाबों सहित अन्य स्थानों पर जले हुए खाद्य तेल से तैयार सामग्री खान-पान के शौकीनों की सेहत दांव पर लगा सकती है। इससे बचाने के खाद्य सुरक्षा व औषधि प्रशासन (एफएसडीए) ने एक सकारात्मक पहल शुरू की है।
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इसके तहत कारोबारियों से उपयोग में आ चुके जले हुए खाद्य तेल को खरीद कर रि-साइकिल कर बॉयो डीजल बनाने में उपयोग लाया जाएगा। इसके लिए बॉयो डीजल बनाने वाली कंपनी यहां के व्यापारियों से अनुबंध कर जला हुआ खाद्य तेल एक निर्धारित दर पर खरीदेगी।
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शासन स्तर से वर्ष 2019 में इस योजना को अमल में लाने का निर्देश दिया गया था लेकिन जिले में अभी तक इसका क्रियान्वयन शुरू नहीं हो पाया था। एफएसडीए की जिला इकाई की पहल पर अगले सप्ताह से चिह्नित व्यापारियों के साथ कार्यशाला आयोजित कर उन्हें जागरूक बनाने का कार्य करेगा।
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इससे जहां एक तरफ जले हुए खाद्य तेल को खाने से सेहत को होने वाला नुकसान बचेगा वहीं अनुपयोग व बेकार हो चुके इस तेल को बेचने से व्यापारियों की आय भी बढ़ेगी।
होटल, रेस्टोरेंट, नमकीन निर्माता एवं अन्य खानपान की दुकानों व फैक्ट्रियों में एक ही खाद्य तेल को कई बार प्रयोग किया जाता है। ऐसे जले हुए तेल के नियमित प्रयोग से पेट के कई रोग समेत कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी का खतरा भी रहता है। खाद्य तेल को बार-बार गरम करने व प्रयोग करने से वह कुकिंग आयल का टोटल पोलर कंपाउंड बढ़ने से कार्बन की मात्र 25 प्रतिशत से अधिक हो जाती है।
जिले में अभी तक केवल 225 व्यापारी ही पंजीकृत हैं जो खाद्य तेल का प्रयोग सामग्री निर्माण में करते हैं। ठेला खोमचा लगाने, मिठाई, छोला भठूरा, छोला पूड़ी, पकौड़ी बनाने व बेचने वालों के साथ ही होटल ढाबों व नमकीन की दुकानों में जमकर जले हुए खाद्य तेल का इस्तेमाल बेखौफ तरीके से होता है।
अभी तक 12 ऐसे व्यापारी चिह्नित हैं जो 25 से 29 लीटर तक जला तेल का पुन: प्रयोग करते हैं। पांच व्यापारी ऐसे मिले जिनके यहां प्रतिदिन 50 लीटर से अधिक जला तेल बचता है। औसतन जिले में प्रतिदिन एक से दो हजार लीटर जला हुआ प्रयोग में आया खाद्य तेल बचता है।

सेहत पर भारी पड़ रहे री यूज्ड कुकिंग आयल के बेहतर उपयोग के लिए बॉयो डीजल बनाने वाली कंपनी जला हुआ खाद्य तेल 30 रुपये प्रति लीटर की दर से कारोबारियों से खरीदेगी। इसके लिए शासन स्तर से अनुमोदित बियाड एनर्जी इंडिया प्राइवेट लिमिटेड नई दिल्ली की कंपनी से टाइअप किया गया है। यह कंपनी व्यापारियों से अनुबंध कर उनका जला हुआ खाद्य तेल 30 रुपए प्रति लीटर की दर से खरीदेगी।
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