{"_id":"69fe29d7f4ae50788e00a2ba","slug":"332-applications-for-registration-of-waqf-properties-rejected-gonda-news-c-100-1-gon1003-157863-2026-05-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gonda News: वक्फ संपत्तियों के पंजीकरण के 332 आवेदन रद्द","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gonda News: वक्फ संपत्तियों के पंजीकरण के 332 आवेदन रद्द
Fri, 08 May 2026 11:52 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
Updated Fri, 08 May 2026 11:52 PM IST
विज्ञापन
गोंडा। जिले में वक्फ संपत्तियों का दावा करने वाले मुतवल्लियों को झटका लगा है। सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड ने 332 वक्फ संपत्तियों के पंजीकरण के आवेदन को खारिज कर दिया है। इनमें कई मस्जिद, ईदगाह, कब्रिस्तान आदि शामिल हैं। ऑनलाइन आवेदन में हुई चूक सुधारने के लिए बोर्ड की ओर से पांच जून तक का समय दिया गया है। अगर इसके बाद भी वैध दस्तावेज अपलोड करने के साथ ऑनलाइन आवेदन नहीं किया गया तो संबंधित संपत्ति को वक्फ से खारिज माना जाएगा।
अधिकारियों ने बताया कि केंद्र सरकार की ओर से वक्फ संपत्तियों को सूचीबद्ध कराने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं, ताकि इन्हें लेकर कोई विवाद की स्थिति न उत्पन्न हो। भारत सरकार ने उम्मीद पोर्टल शुरू करके मुतवल्लियों से खुद वक्फ संपत्तियों का पंजीकरण कराने के लिए कहा था। बड़ी संख्या में मुतवल्लियों ने वक्फ संपत्तियों का पंजीकरण करा लिया है। सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड ने ऑनलाइन अपलोड किए गए दस्तावेजों में मिली खामियों के आधार पर जिले के 332 आवेदन खारिज कर दिए हैं।
संबंधित मुतवल्लियों को पांच जून तक आधिकारिक पहचान पत्र जैसे आधार कार्ड, पैन कार्ड, पता प्रमाणपत्र के लिए जैसे पानी या बिजली बिल, वोटर आईडी, पासपोर्ट साइज फोटो, आधिकारिक नियुक्ति पत्र, मुतवल्ली के पद पर नियुक्ति का प्रमाण, मोबाइल नंबर व ईमेल, जन्मतिथि, धर्म एवं संप्रदाय, शैक्षणिक योग्यता व वर्तमान रोजगार और स्थायी पता आदि से संबंधित दस्तावेज आवेदन के साथ अपलोड करने होंगे।
विज्ञापन
जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी रमेश चंद्र ने बताया कि पोर्टल पर जरूरी अभिलेख अपलोड नहीं होने के चलते 332 संपत्तियों के पंजीकरण के आवेदन रद्द किए गए हैं। सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड की ओर से संबंधित वक्फ संपत्तियों के बाबत सीधे मुतवल्लियों से संपर्क किया जा रहा है। निर्धारित समय सीमा के भीतर वैध दस्तावेज पोर्टल पर अपलोड करने के लिए कहा गया है।
रद्द आवेदनों में मस्जिद, ईदगाह और कब्रिस्तान के अधिक
विभागीय सूत्रों के मुताबिक, जिन वक्फ संपत्तियों के पंजीकरण के आवेदन रद्द हुए हैं, उनमें ईदगाह, मस्जिद, कब्रिस्तान, कर्बला, मकान, दुकान, प्लॉट आदि शामिल हैं। खारिज हुए आवेदनों में ईदगाह, मस्जिद, कब्रिस्तान की संख्या अधिक है। वक्फ इंस्पेक्टर अनिल कुमार ने बताया कि वक्फ संपत्तियों के पंजीकरण के लिए अभी भी समय है। संबंधित मुतवल्ली आवश्यक दस्तावेज अपलोड करके वक्फ संपत्ति को सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड में सूचीबद्ध करा सकते हैं।
विज्ञापन
अधिकारियों ने बताया कि केंद्र सरकार की ओर से वक्फ संपत्तियों को सूचीबद्ध कराने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं, ताकि इन्हें लेकर कोई विवाद की स्थिति न उत्पन्न हो। भारत सरकार ने उम्मीद पोर्टल शुरू करके मुतवल्लियों से खुद वक्फ संपत्तियों का पंजीकरण कराने के लिए कहा था। बड़ी संख्या में मुतवल्लियों ने वक्फ संपत्तियों का पंजीकरण करा लिया है। सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड ने ऑनलाइन अपलोड किए गए दस्तावेजों में मिली खामियों के आधार पर जिले के 332 आवेदन खारिज कर दिए हैं।
विज्ञापन
संबंधित मुतवल्लियों को पांच जून तक आधिकारिक पहचान पत्र जैसे आधार कार्ड, पैन कार्ड, पता प्रमाणपत्र के लिए जैसे पानी या बिजली बिल, वोटर आईडी, पासपोर्ट साइज फोटो, आधिकारिक नियुक्ति पत्र, मुतवल्ली के पद पर नियुक्ति का प्रमाण, मोबाइल नंबर व ईमेल, जन्मतिथि, धर्म एवं संप्रदाय, शैक्षणिक योग्यता व वर्तमान रोजगार और स्थायी पता आदि से संबंधित दस्तावेज आवेदन के साथ अपलोड करने होंगे।
विज्ञापन
जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी रमेश चंद्र ने बताया कि पोर्टल पर जरूरी अभिलेख अपलोड नहीं होने के चलते 332 संपत्तियों के पंजीकरण के आवेदन रद्द किए गए हैं। सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड की ओर से संबंधित वक्फ संपत्तियों के बाबत सीधे मुतवल्लियों से संपर्क किया जा रहा है। निर्धारित समय सीमा के भीतर वैध दस्तावेज पोर्टल पर अपलोड करने के लिए कहा गया है।
रद्द आवेदनों में मस्जिद, ईदगाह और कब्रिस्तान के अधिक
विभागीय सूत्रों के मुताबिक, जिन वक्फ संपत्तियों के पंजीकरण के आवेदन रद्द हुए हैं, उनमें ईदगाह, मस्जिद, कब्रिस्तान, कर्बला, मकान, दुकान, प्लॉट आदि शामिल हैं। खारिज हुए आवेदनों में ईदगाह, मस्जिद, कब्रिस्तान की संख्या अधिक है। वक्फ इंस्पेक्टर अनिल कुमार ने बताया कि वक्फ संपत्तियों के पंजीकरण के लिए अभी भी समय है। संबंधित मुतवल्ली आवश्यक दस्तावेज अपलोड करके वक्फ संपत्ति को सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड में सूचीबद्ध करा सकते हैं।