फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gonda News ›   जीव विज्ञान का द्वितीय पेपर भी आउट, असहाय नजर आए डीआईओएस

जीव विज्ञान का द्वितीय पेपर भी आउट, असहाय नजर आए डीआईओएस

Wed, 07 Mar 2018 11:33 PM IST
Updated Wed, 07 Mar 2018 11:33 PM IST
विज्ञापन
जीव विज्ञान का द्वितीय पेपर भी आउट, असहाय नजर आए डीआईओएस
जीव विज्ञान द्वितीय का भी पेपर और हल वायरल
विज्ञापन


गोंडा। यूपी बोर्ड परीक्षा को नकल विहीन कराने का दावा यहां पूरी तरह खोखला साबित हुआ है। इंटरमीडिएट जीव विज्ञान का पहला प्रश्न पत्र भी आउट हुआ था। इसके पहले इंटरमीडिएट का अंग्रेजी प्रश्न पत्र भी आउट हुआ था जिसकी शिकायत छात्रों ने ही मुख्यमंत्री शिकायत पटल पर भेेजी थी लेकिन किसी में कोई कार्रवाई नहीं हुई।

इस नई तकनीक से अनभिज्ञ जिला विद्यालय निरीक्षक असहाय नजर आए और उनका मानना है कि वह इसमें कुछ नहीं कर सकते, जबकि जो हल आठ से पांच घंटे पहले सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं उसमें वही प्रश्न होते हैं जिसके हल पहले ही छात्र-छात्राओं को मुहैया करा दिए जाते हैं।
विज्ञापन


इंटरमीडिएट जीव विज्ञान का दूसरा पेपर बुधवार को दूसरी पाली यानि दो बजे से विभिन्न सेंटरों पर परीक्षा आयोजित की गई। इस परीक्षा में जीव विज्ञान के परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी। यह पर्चा कुछ खास छात्रों व शिक्षकों के वाट्सएप ग्रुप पर ही भेेजा जाता है।
विज्ञापन
विज्ञापन


इससे जो वास्तव में नकल विहीन परीक्षा करा रहें हैं वे निराश हैं, जबकि जिन सेंटरों पर बच्चे पूरी तैयारी के साथ आते हैं वे खुश नजर आ रहे हैं। बुधवार की सुबह तरबगंज के एक शिक्षक के वाट्सएप ग्रुप पर यह पर्चा दिखा। इसके बाद मीडिया में भी वायरल हुआ। इससे परीक्षा की सुचिता पर सवाल खड़ा हो गया है।

रात में ही खोला जा रहा पेपर का पैकेट
बताया जाता है कि सीलबंद पेपर का पैकेट रात में ही खोलकर मोबाइल से खींच लिया जाता है। इसके बाद विषय के एक्सपर्ट के पास भेज कर रात में ही हल तैयार करा दिया जाता है।

फिर वही हल रात में ही वाट्सएप के जरिए नकल माफियाओं को मुहैया करा दिया जाता है। यह खेल कहां हो रहा है इसके बारे में अधिकारी को कानो कान भनक नहीं लग रही है।

डीआईओएस बोले, कुछ नहीं कर सकते

जिला विद्यालय निरीक्षक सत्य प्रकाश त्रिपाठी ने बताया कि पर्चा नहीं आउट हुआ है लेकिन उसका हल हाथ से लिखकर आउट किया जा रहा है। यह गंभीर तो है लेकिन जब तक उनके पास एथेंटिक सूचना नहीं होगी तब तक वह कुछ नहीं कर सकते।


वह कहते हैं कि इस बावत उन्होंने डीएम व संयुक्त शिक्षा निदेशक को सूचना दे दी है। बोर्ड को कोई सूचना नहीं दी है। उन्होंने बताया कि पुलिस की इसकी जांच कर रही है। जांच में खुलासे के बाद ही कुछ कहा जा सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed