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बेडिंग रिप्लेसमेंट को कस्तूरबा स्कूलों को मिले 12 लाख
Updated Fri, 03 Nov 2017 09:46 PM IST
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बेडिंग रिप्लेसमेंट को कस्तूरबा स्कूलों को मिले 12 लाख
गोंडा। फर्श पर सोने को विवश कस्तूरबा स्कूलों मेें पढ़ने वाली 16 सौ छात्राएं अब बेड पर आराम से सो सकेंगी। इन बेटियों को ठंढ से बचाने के लिए विभाग उन्हें नया बेड व बिस्तर उपलब्ध कराया जाएगा।
सर्व शिक्षा अभियान के राज्य परियोजना निदेशक ने बेडिंग रिप्लेसमेंट स्कीम के तहत जिले के 16 कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका स्कूलों में नए बेड व रजाई गद्दे की खरीद के लिए 12 लाख रुपये आवंटित किए गए हैं। साथ ही 15 दिवस के भीतर इसकी खरीद कर उपभोग प्रमाण पत्र मंागा है।
जिले के कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में पढने वाली 1600 छात्राएं बुनियादी सुविधाओं से मरहूम हैं। इन आवासीय स्कूलो में छात्राओं को स्कूल के शुरुवात में बेड व बिस्तर उपलब्ध कराए गए थे।
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कुछ सालों के बाद अधिकतर तख्त टूट गए। कंबल व रजाई गद्दे भी फट गए। इसके बाद इन स्कूलों में जैसे तैसे काम चलाया जा रहा था। अधिकतर स्कूलों में छात्राएं फर्श पर सोने को विवश थी। बेड तो दूर इनके पास कायदे का रजाई गद्दा भी नही रह गया था।
ऐसे में ठंढ के मौसम में इन छात्राओं को सबसे अधिक परेशानी का सामना करना पड़ता था। छात्राओं की इस समस्या को देखते हुए सर्व शिक्षा अभियान के राज्य परियोजना निदेशक ने इन स्कूलों में पढ़ने वाली छात्राओं को नए सिरे से बेड व बिस्तर उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। इसके लिए जिले को 12 लाख रुपये का आवंटन किया गया है।
इस धनराशि से जिले के 16 कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में नए बेड व रजाई गद्दे खरीदे जायेंगे। प्रत्येक स्कूल को 75 हजार रुपये की धनराशि आवंटित की गई है। राज्य परियोजना निदेशक ने सर्व शिक्षा अभियान के सहायक वित्त एवं लेखाधिकारी से 15 नवंबर तक इनकी खरीद को पूरा कर उपभोग प्रमाण पत्र मांगा है।
सर्व शिक्षा अभियान के सहायक वित्त एंव लेखाधिकारी डॉ. रमेश चंद्र चौबे ने बताया कि जल्द ही इन वस्तुओं की खरीदकर उन्हें स्कूलों में पहुंचाया जाएगा।
गोंडा। फर्श पर सोने को विवश कस्तूरबा स्कूलों मेें पढ़ने वाली 16 सौ छात्राएं अब बेड पर आराम से सो सकेंगी। इन बेटियों को ठंढ से बचाने के लिए विभाग उन्हें नया बेड व बिस्तर उपलब्ध कराया जाएगा।
सर्व शिक्षा अभियान के राज्य परियोजना निदेशक ने बेडिंग रिप्लेसमेंट स्कीम के तहत जिले के 16 कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका स्कूलों में नए बेड व रजाई गद्दे की खरीद के लिए 12 लाख रुपये आवंटित किए गए हैं। साथ ही 15 दिवस के भीतर इसकी खरीद कर उपभोग प्रमाण पत्र मंागा है।
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जिले के कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में पढने वाली 1600 छात्राएं बुनियादी सुविधाओं से मरहूम हैं। इन आवासीय स्कूलो में छात्राओं को स्कूल के शुरुवात में बेड व बिस्तर उपलब्ध कराए गए थे।
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कुछ सालों के बाद अधिकतर तख्त टूट गए। कंबल व रजाई गद्दे भी फट गए। इसके बाद इन स्कूलों में जैसे तैसे काम चलाया जा रहा था। अधिकतर स्कूलों में छात्राएं फर्श पर सोने को विवश थी। बेड तो दूर इनके पास कायदे का रजाई गद्दा भी नही रह गया था।
ऐसे में ठंढ के मौसम में इन छात्राओं को सबसे अधिक परेशानी का सामना करना पड़ता था। छात्राओं की इस समस्या को देखते हुए सर्व शिक्षा अभियान के राज्य परियोजना निदेशक ने इन स्कूलों में पढ़ने वाली छात्राओं को नए सिरे से बेड व बिस्तर उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। इसके लिए जिले को 12 लाख रुपये का आवंटन किया गया है।
इस धनराशि से जिले के 16 कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में नए बेड व रजाई गद्दे खरीदे जायेंगे। प्रत्येक स्कूल को 75 हजार रुपये की धनराशि आवंटित की गई है। राज्य परियोजना निदेशक ने सर्व शिक्षा अभियान के सहायक वित्त एवं लेखाधिकारी से 15 नवंबर तक इनकी खरीद को पूरा कर उपभोग प्रमाण पत्र मांगा है।
सर्व शिक्षा अभियान के सहायक वित्त एंव लेखाधिकारी डॉ. रमेश चंद्र चौबे ने बताया कि जल्द ही इन वस्तुओं की खरीदकर उन्हें स्कूलों में पहुंचाया जाएगा।