फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ghazipur News ›   आलू का भाव न मिलने से शीतगृह में रखने को विवश हैं किसान

आलू का भाव न मिलने से शीतगृह में रखने को विवश हैं किसान

Mon, 05 Mar 2018 12:36 AM IST
Updated Mon, 05 Mar 2018 12:36 AM IST
विज्ञापन
आलू का भाव न मिलने से शीतगृह में रखने को विवश हैं किसान
मुहम्मदाबाद (गाजीपुर)।
विज्ञापन

होली का त्योहार बीतने के साथ ही आलू की बुआई करने वाले किसानों ने इसकी खुदाई तेज कर दी है लेकिन आलू का भाव कम होने एवं खरीदार न मिलने से किसानों को आलू शीतगृह में रखने को विवश होना पड़ रहा है। किसान पिछले सीजन में आलू का मूल्य न मिलने से बड़ा घाटा सह चुके हैं। इस बार भी शासन और प्रशासन ने किसानों का आलू नहीं खरीदा तो ये कहीं के नहीं रहेंगे।

मुहम्मदाबाद क्षेत्र में आलू का बड़े पैमाने पर खेती होती है। पिछले दो वर्षों से शीतगृह में भंडारित आलू को निकालते समय आलू का भाव काफी कम हो जाने पर किसानों को शीतगृह में ही आलू छोड़ने को मजबूर होना पड़ा था। आलू की खेती में काफी आर्थिक घाटा उठा किसान इस वर्ष खुदाई के बाद आलू को बेच देना चाहते हैं लेकिन आलू का भाव कम होने और उस पर भी खरीदार न मिलने के कारण उनके समक्ष इस वर्ष पुन: आलू को शीतगृह में रखने के अलावा कोई दूसरा विकल्प नहीं दिख रहा है। पिछले दिनों सड़क पर आलू फेंके जाने एवं आलू का कोई भाव न रह जाने से शीतगृह में छोड़ने को मजबूर हुए किसानों को राहत देने के लिए इस वर्ष सरकार ने आलू खरीदने की घोषणा की है एवं आलू का 549 रुपया प्रति कुंतल भाव निर्धारित किया है। खरीद एजेंसियों को सरकार ने 137 रुपया प्रति कुंतल ओवरहेड व्यय देने का भी फरमान जारी किया है, जिससे किसानों ने राहत की सांस ली है। आलू कच्चा सौदा होने के कारण अगर खरीद एजेंसियां शीघ्र आलू क्रय करना शुरू नहीं करेगी तो सरकार की यह घोषणा सिर्फ घोषणा ही बनकर रह जाएगी और किसानों के बजाय इसका फायदा बिचौलिएं एवं आलू के बड़े व्यापारी उठा लेंगे। आलू उत्पादक किसान हरिशंकर राय, कृपाशंकर राय, विनय कुमार तिवारी, राजू राय, रामबचन कुशवाहा आदि ने कहा कि सरकार की आलू खरीद योजना का स्वागत करते हुए मांग की कि आलू की खुदाई तेजी पर है। अगर एक सप्ताह के अंदर खरीद प्रारंभ कर दी जाएगी तो किसानों को लाभ मिलेगा अन्यथा पिछले वर्ष की तरह इस वर्ष भी आलू उत्पादक किसानों को अच्छी पैदावार होने के बावजूद आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed