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अलम का जुलूस
ब्यूरो, अमर उजाला फीरोजाबाद
Updated Sun, 09 Oct 2016 11:50 PM IST
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मोहर्रम की सातवीं तारीख को मातम मनाया गया
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फीरोजाबाद। मोहर्रम की सातवीं तारीख को नगर के शाही बड़ा इमामबाडा में मेहंदी चढ़ाई गई। मेहंदी चढ़ाने का क्रम देररात तक चला। मोहल्ला नालबंद चौराहे से अलम एवं ताजिएदारों का जुलूस निकाला गया। कोटला में शिया इमामबारगाह से मेहंदी का जुलूस और नई बस्ती से जुलूस निकाले गए। इस दौरान नगर मजिस्ट्रेट, सीओ सिटी के साथ पुलिस फोर्स सक्रिय रहा।
मोहर्रम की सातवीं तारीख को जिले के प्राचीन एवं ऐतिहासिक स्थल शाही बड़ा इमामबाड़ा में जिले भर से मेंहदी पेश की गई। मोहर्रम कमेटी के जनरल सेक्रेटरी व शहर काजी सैय्यद शाह नियाज अली ने शाम को प्रथम मेहंदी चढ़ाकर शुरूआत की।
शाही बड़ा इमामबाड़ा में जायरीन मेहंदी चढ़ाने के बाद मुगल कालीन अष्टधातु से निर्मित अलमों की जियारत कर रहे थे। कमेटी प्रबंधक मुहम्मद रजा अली, असद अली वारसी, काजी शाहफराज अली मौजूद रहे। इमामबाड़ा में जमशेद अली, अखलाक खां, शाहकार अली, जुनैद अली, मनफात अली, शाहरुख अली, मोहसिन आदि व्यवस्थाएं संभाली। नगर आयुक्त रामौतार रमन और अपर नगर आयुक्त प्रमोद कुमार सहित अन्य स्टाफ ने व्यवस्थाएं देखीं।
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इंतजामियां कमेटी के अध्यक्ष हसन ईसार रिजवी, पूर्व अध्यक्ष दिलशाद अली राजू के नेतृत्व में टीम ने व्यवस्थाएं देखीं। नगर का मुख्य जुलूस नालबंद चौराहे से अलम व ताजिओं के साथ शुरू हुआ। शहर के अधिकांश अलमदार व ताजिएदार शामिल हुए। जुलूस विभिन्न मार्गों से होते हुए देररात्रि दरगाह की ओर बढ़ रहा था।
अलम और ताजियों का जुलूस निकाला
जिला मोहर्रम कमेटी दक्षिणी क्षेत्र में मोहर्रम की सातवीं तारीख को अलम और ताजियों का जुलूस निकाला गया। जुलूस के दौरान जगह-जगह तबर्रक, शरबत एवं प्रसाद का वितरण किया गया। जुलूस याकूब खां गली से मुन्ना मैनेजर के मकान होता हुआ, जगदंबा गली एवं बन्ने गली से होता हुआ नई बस्ती चौराहे पर समाप्त हुआ। दक्षिण क्षेत्र के अध्यक्ष इकबाल हुसैन वारसी, सुहैल अब्बास, सलमान, रवि रखवानी, शानू हुसैन, रईसउल्ला, अफसर, फैजान, दिलीप शर्मा आदि मौजूद रहे।
मातम करते निकले शिया समुदाय के लोग
शिया यूथ कन्वेंशन के अध्यक्ष मंसूर रिजवी एवं सचिव मजहर नकवी के नेतृत्व में शिया इमाम बारगाह मोहल्ला कोटला से मेहंदी का जुलूस निकाला गया। अंजुमन अब्बासिया के नौजवान मातम करते हुए चल रहे थे। जुलूस विभिन्न मार्गों से होते हुए इमामबाड़ा मोहल्ला कोटला पर समाप्त हुआ।
मोहर्रम की सातवीं तारीख को जिले के प्राचीन एवं ऐतिहासिक स्थल शाही बड़ा इमामबाड़ा में जिले भर से मेंहदी पेश की गई। मोहर्रम कमेटी के जनरल सेक्रेटरी व शहर काजी सैय्यद शाह नियाज अली ने शाम को प्रथम मेहंदी चढ़ाकर शुरूआत की।
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शाही बड़ा इमामबाड़ा में जायरीन मेहंदी चढ़ाने के बाद मुगल कालीन अष्टधातु से निर्मित अलमों की जियारत कर रहे थे। कमेटी प्रबंधक मुहम्मद रजा अली, असद अली वारसी, काजी शाहफराज अली मौजूद रहे। इमामबाड़ा में जमशेद अली, अखलाक खां, शाहकार अली, जुनैद अली, मनफात अली, शाहरुख अली, मोहसिन आदि व्यवस्थाएं संभाली। नगर आयुक्त रामौतार रमन और अपर नगर आयुक्त प्रमोद कुमार सहित अन्य स्टाफ ने व्यवस्थाएं देखीं।
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इंतजामियां कमेटी के अध्यक्ष हसन ईसार रिजवी, पूर्व अध्यक्ष दिलशाद अली राजू के नेतृत्व में टीम ने व्यवस्थाएं देखीं। नगर का मुख्य जुलूस नालबंद चौराहे से अलम व ताजिओं के साथ शुरू हुआ। शहर के अधिकांश अलमदार व ताजिएदार शामिल हुए। जुलूस विभिन्न मार्गों से होते हुए देररात्रि दरगाह की ओर बढ़ रहा था।
अलम और ताजियों का जुलूस निकाला
जिला मोहर्रम कमेटी दक्षिणी क्षेत्र में मोहर्रम की सातवीं तारीख को अलम और ताजियों का जुलूस निकाला गया। जुलूस के दौरान जगह-जगह तबर्रक, शरबत एवं प्रसाद का वितरण किया गया। जुलूस याकूब खां गली से मुन्ना मैनेजर के मकान होता हुआ, जगदंबा गली एवं बन्ने गली से होता हुआ नई बस्ती चौराहे पर समाप्त हुआ। दक्षिण क्षेत्र के अध्यक्ष इकबाल हुसैन वारसी, सुहैल अब्बास, सलमान, रवि रखवानी, शानू हुसैन, रईसउल्ला, अफसर, फैजान, दिलीप शर्मा आदि मौजूद रहे।
मातम करते निकले शिया समुदाय के लोग
शिया यूथ कन्वेंशन के अध्यक्ष मंसूर रिजवी एवं सचिव मजहर नकवी के नेतृत्व में शिया इमाम बारगाह मोहल्ला कोटला से मेहंदी का जुलूस निकाला गया। अंजुमन अब्बासिया के नौजवान मातम करते हुए चल रहे थे। जुलूस विभिन्न मार्गों से होते हुए इमामबाड़ा मोहल्ला कोटला पर समाप्त हुआ।