{"_id":"6226370696255579ba6cef9d","slug":"investigation-report-came-cheese-was-made-from-synthetic-milk-firozabad-news-agr526472980","type":"story","status":"publish","title_hn":"पनीर जांच में सिंथेटिक पाया, वैजिटेवल सॉस में मिला अखाद्य रंग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पनीर जांच में सिंथेटिक पाया, वैजिटेवल सॉस में मिला अखाद्य रंग
विज्ञापन
फिरोजाबाद। खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा अक्तूबर से लेकर दिसंबर माह तक लिए गए खाद्य पदार्थों की रिपोर्ट आ गई है। इसमें पनीर की जांच में सिंथेटिक और वेजिटेवल सॉस में अखाद्य रंग की मिलावट होने की पुष्टि हुई है।
जिला अभिहित अधिकारी डॉ. सुधीर कुमार ने बताया कि 30 अक्तूबर 2021 को मुकेश कुमार निवासी मोहम्मदबाद, टूंडला की दुकान से पनीर का नमूना लिया गया। यह पनीर सिंथेटिक दूध से बनाया गया था। इसे प्रयोगशाला ने असुरक्षित घोषित किया है। नौ नवंबर 2021 को देवेंद्र सिंह, निवासी नगला जालिम, पिलख्तर-फतेह एका के यहां से पनीर का नमूना लिया। जांच के दौरान यह भी सिंथेटिक पाया या। थाना सिरसागंज के गांव धातरी में विकास कुमार निवासी नंदपुर से संग्रहित केसरिया तंबाकू का नमूना भी अयोग्य पाया गया है। थाना मटसेना के गांव गढ़िया, जैदामई में वीनेश कुमार के यहां से 17 दिसंबर को संग्रहित वेजिटेवल सॉस के दोनों नमूना असुरक्षित घोषित किए गए। इसमें अखाद्य रंग की मिलावट होने की पुष्टि प्रयोगशाला द्वारा की गई है।
जिला अभिहित अधिकारी डॉ. सुधीर कुमार ने बताया कि चेकिंग अभियान नियमित जारी रहेगा। जोनमूने फेल हुए हैं, उन दुकानदारों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
जिला अभिहित अधिकारी डॉ. सुधीर कुमार ने बताया कि 30 अक्तूबर 2021 को मुकेश कुमार निवासी मोहम्मदबाद, टूंडला की दुकान से पनीर का नमूना लिया गया। यह पनीर सिंथेटिक दूध से बनाया गया था। इसे प्रयोगशाला ने असुरक्षित घोषित किया है। नौ नवंबर 2021 को देवेंद्र सिंह, निवासी नगला जालिम, पिलख्तर-फतेह एका के यहां से पनीर का नमूना लिया। जांच के दौरान यह भी सिंथेटिक पाया या। थाना सिरसागंज के गांव धातरी में विकास कुमार निवासी नंदपुर से संग्रहित केसरिया तंबाकू का नमूना भी अयोग्य पाया गया है। थाना मटसेना के गांव गढ़िया, जैदामई में वीनेश कुमार के यहां से 17 दिसंबर को संग्रहित वेजिटेवल सॉस के दोनों नमूना असुरक्षित घोषित किए गए। इसमें अखाद्य रंग की मिलावट होने की पुष्टि प्रयोगशाला द्वारा की गई है।
विज्ञापन
जिला अभिहित अधिकारी डॉ. सुधीर कुमार ने बताया कि चेकिंग अभियान नियमित जारी रहेगा। जोनमूने फेल हुए हैं, उन दुकानदारों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है।
विज्ञापन