फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Firozabad News ›   Bihar's solver caught while giving police recruitment exam

Firozabad News: पुलिस भर्ती परीक्षा देते बिहार का सॉल्वर दबोचा

Sun, 25 Aug 2024 01:20 AM IST
आगरा ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद Updated Sun, 25 Aug 2024 01:20 AM IST
विज्ञापन
Bihar's solver caught while giving police recruitment exam
फिरोजाबाद। पुलिस भर्ती परीक्षा में दूसरे दिन पहली पाली में उत्तर थाना पुलिस और स्टेटिक मजिस्ट्रेट ने इस्लामिया इंटर कॉलेज में एक सॉल्वर को दूसरे के स्थान पर परीक्षा देते पकड़ा। बायोमैट्रिक मिसमैच होने के साथ उसका आधारकार्ड भी फर्जी पाया गया। सॉल्वर युवक मूलरूप से बिहार का रहने वाला है। वह कानपुर के अभ्यर्थी के स्थान पर परीक्षा देने आया था। फरवरी में आयोजित हुई पुलिस भर्ती परीक्षा में कई सॉल्वर गैंग के सदस्य पकड़े गए थे। इसके बाद परीक्षा को रद्द कर दिया गया था। पांच महीने बाद परीक्षा पुन: आयोजित की गई। इसमें कड़ाई और सुरक्षा का खास ध्यान दिया गया था। 24 अगस्त को पहली पाली में इस्लामिया इंटर काॅलेज के कक्ष में परीक्षा देने जा पहुंचा। परीक्षा के दौरान स्टेटिक मजिस्ट्रेट को अभ्यर्थी पर कुछ शक हुआ। उसका बायोमैट्रिक मिसमैच भी ठीक नहीं था। जानकारी पर थाना प्रभारी राजेश पांडेय भी मौके पर आ गए।
विज्ञापन

युवक के सभी दस्तावेज चेक कराए गए तो युवक की पोल खुल गई। युवक का आधारकार्ड भी जांच में फर्जी मिला। पूछताछ में उसने बताया कि उसका असली नाम वेदप्रकाश उर्फ मुन्ना है। वह बिहार के आरा थाना सहार के पकरिया नवादा का निवासी है। उसने बताया कि वह कानपुर के डीएवी हॉस्टल सिविल लाइन निवासी ज्ञानेंद्र के स्थान पर परीक्षा देने के लिए आया था। केंद्र व्यवस्थापक आबाद हुसैन की तहरीर पर उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
विज्ञापन

----


उत्तर क्षेत्र के परीक्षा केंद्र से एक युवक को दूसरे के स्थान पर परीक्षा देते हुए गिरफ्तार किया है। यह दोनों आपस में पहचान के हैं। अन्य पहलुओं पर उससे पूछताछ की जा रही है।-सर्वेश कुमार मिश्रा, एसपी सिटी
विज्ञापन
विज्ञापन

..

अभ्यर्थी के साथ ही मरुधर एक्सप्रेस से आया था सॉल्वर
फिरोजाबाद। थाना प्रभारी राजेश पांडेय ने बताया कि सॉल्वर वेदप्रकाश ने पूछताछ में बताया कि मूल अभ्यर्थी ज्ञानेंद्र से उसकी मुलाकात भी चार साल पहले हुई थी। ज्ञानेंद्र रेडीमेड कपड़े की सप्लाई करता है। जबकि वह बच्चों को ट्यूशन पढ़ाकर महीने में 10 से 12 हजार रुपये कमाता था। नौकरी न होने से उसकी शादी भी नहीं हो पाई थी। उसने उम्र को छिपाने के लिए आधारकार्ड में छेड़खानी की थी। 4 लाख रुपये में ज्ञानेंद्र से उसका सौदा हुआ था। इसमें से 25 हजार रुपये एडवांस भी ले लिया था। खास बात यह है कि ज्ञानेंद्र कानपुर सेंट्रल से खुद सॉल्वर देवप्रकाश को लेकर मरुधर एक्सप्रेस से आया था। सॉल्वर के पकड़ने की जानकारी होते ही वह रफूचक्कर हो गया। पुलिस सीसीटीवी कैमरे खंगाल रही है।

––
पेट छिपाने के लिए पहनी थी लास्टिक वाली बनियान
फिरोजाबाद। पुलिस भर्ती परीक्षा में पकड़ा गया सॉल्वर 35 साल का है। उसने अपने दस्तावेजों में तो अपनी उम्र छुपाई ही थी। इसके अलावा मोटापे को छुपाने के लिए लास्टिक वाली बनियान पहनकर आया था, जिससे उसकी उम्र कम लग सके।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed