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डीएपी किल्ल्त से जूझ रही समितियां, लौट रहे किसान
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खागा। ऐरायां ब्लाक की साधन सहकारी समितियां डीएपी नहीं होने से खाली पड़ी है। हालात ये है कि आठ दिन से समितियों में खाद नहीं आई है। इस कारण किसान वापस लौटकर बाजार से 1400 रुपये में डीएपी खरीद रहे हैं। वहीं बुदवन, विक्रमपुर समिति में ई-पाश मशीन खराब होने से डीएपी की बिक्री ठप है।
ब्लाक की साधन सहकारी समिति सरसई, ओरम्हा, कोड़ारवर, अल्लीपुर, मंडवा, जगजीवन, मोहम्मद गौंती में करीब आदि में डीएपी नहीं है। एक नवंबर के बाद से अभी तक इन समितियों में एक बोरी खाद भी नहीं आई है।
जबकि बुदवन व विक्रमपुर में 300 बोरी डीएपी हैं लेकिन यहां की ई-पाश मशीन बिगड़ने के कारण बिक्री बंद की गई है। विक्रमपुर के किसान रतीपाल, नक्सारा के महेंद्र सिंह, टेकारी के पीतांबर लाल ने बताया कि समिति में खाद होने के बाद भी नहीं मिल रही है।
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सचिव सिकंदर सिंह ने बताया कि मशीन में खराबी के कारण बिक्री रोकी गई है। ई-पाश मशीन को मरम्मत के लिए भेजा गया है। सरसई समिति में आए संग्रामपुर के किसान भीम सिंह, हरदो के शिवचरण सिंह, कस्बा सोहन के ओमप्रकाश ने बताया कि तीन दिन से वह खाद के लिए आ रहे हैं लेकिन एक भी बोरी नहीं मिली है।
एडीओ सहकारिता केके राय ने बताया कि तीन दिनों के अंदर समिति में खाद आ जाएगी। बुदवन व विक्रमपुर में रखी डीएपी की बिक्री दूसरी समितियों से कराई जाएगी।
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ब्लाक की साधन सहकारी समिति सरसई, ओरम्हा, कोड़ारवर, अल्लीपुर, मंडवा, जगजीवन, मोहम्मद गौंती में करीब आदि में डीएपी नहीं है। एक नवंबर के बाद से अभी तक इन समितियों में एक बोरी खाद भी नहीं आई है।
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जबकि बुदवन व विक्रमपुर में 300 बोरी डीएपी हैं लेकिन यहां की ई-पाश मशीन बिगड़ने के कारण बिक्री बंद की गई है। विक्रमपुर के किसान रतीपाल, नक्सारा के महेंद्र सिंह, टेकारी के पीतांबर लाल ने बताया कि समिति में खाद होने के बाद भी नहीं मिल रही है।
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सचिव सिकंदर सिंह ने बताया कि मशीन में खराबी के कारण बिक्री रोकी गई है। ई-पाश मशीन को मरम्मत के लिए भेजा गया है। सरसई समिति में आए संग्रामपुर के किसान भीम सिंह, हरदो के शिवचरण सिंह, कस्बा सोहन के ओमप्रकाश ने बताया कि तीन दिन से वह खाद के लिए आ रहे हैं लेकिन एक भी बोरी नहीं मिली है।
एडीओ सहकारिता केके राय ने बताया कि तीन दिनों के अंदर समिति में खाद आ जाएगी। बुदवन व विक्रमपुर में रखी डीएपी की बिक्री दूसरी समितियों से कराई जाएगी।