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प्रतिबंधित मवेशी काटे जाने से तनाव
अमर उजाला
Updated Thu, 09 Nov 2017 12:45 AM IST
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मोहल्ले में तैनात पुलिस
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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शहर कोतवाली क्षेत्र के पनी मोहल्ले में बुधवार तड़के प्रतिबंधित मवेशी का मांस मिलने से तनाव फैल गया। कई थानों की पुलिस मौके पर पहुंची। चुनाव के दरम्यान घटना से पुलिस के हाथपांव भी फूल गए। इस दौरान पुलिस को चकमा देकर आरोपी भाग निकले। पुलिस ने जिंदा मवेशी के साथ एक आरोपी को ही पकड़ा है। कई टीमें बाकी आरोपियों की तलाश में जुटी हैं।
पनी मोहल्ले में किसी ने 100 नंबर पर प्रतिबंधित मवेशी काटे जान की सूचना दी। पीआरवी 1147 के पुलिस कर्मी मौके पर पहुंचे। पुलिस को देखकर पीछे के रास्ते से आरोपी मौके से भाग निकले। भनक लगते ही कोतवाली और चौकियाें का पुलिस बल पहुंचा। आरोपियों की खोजबीन की, लेकिन कोई हत्थे नहीं चढ़ा। अपर पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार, सीओ सिटी केडी मिश्रा, मलवां एसओ
अनूप सिंह, गाजीपुर एसओ धीरेंद्र सिंह, हुसैनगंज एसओ उदयवीर सिंह पहुंचे। दरोगा सिपाहियों ने गोमांस की पैकिंग की। एक टीम आरोपियों की खोज में जुट गई। आरोपी सादाब कुरैशी उर्फ इरशाद उर्फ कल्लू निवासी पनी को गिरफ्तार किया। एक बैल और 45 किलो गोमांस बरामद हुआ। सीओ सिटी केडी मिश्रा ने बताया कि आरोपी सगे भाई शानू, बब्बू भाग निकले हैं। गोकशी उनके ही घर पर हो रही थी। तीसरा साथी पनी का राजू है। तीनों की तलाश की जा रही है। सीओ ने बताया कि एहतियात के तौर पर पुलिस फोर्स की तैनाती की गई है।
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घटना के पीछे शहर पुलिस की सुस्त कार्यशैली सामने आई है। पनी इलाके में पहले भी कई बार ऐसे प्रकरण आ चुके हैं। इसी ठिकाने पर दो साल पहले भी ऐसा ही एक मामला हुआ था। शहर के आबूनगर, तुराबअली का पुरवा, अस्ती, सनगांव इलाके में भी चिह्नित स्थान हैं। पिछले माह शहर में एक वीडियो भी वायरल हुआ था। चिह्नित स्थानों पर पुलिस की कमजोरी भी बड़ी वजह है।
शहर के पनी इलाके में गोकशी की सूचना पर बजरंग दल व विहिप कार्यकर्ता कोतवाली पहुंचे। विहिप के जिला प्रवक्ता आनंद तिवारी, संयोजक हिमांशू दीक्षित, जीतू हयारण, शानू सिंह, मुदित ने सीओ सिटी से आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। आनंद तिवारी ने पुलिस पर आरोप लगाया कि सूचना के बाद भी कार्रवाई नहीं की जाती है। मामले में सदर विधायक विक्रम सिंह ने बताया कि खखरेरू प्रकरण में प्रदेश स्तर से मौके की जांच के आदेश आए थे। थानेदार से आरोपियों को कार्रवाई से हटाने की सिफारिश हुई थी। इस मामले में पुलिस की हीलाहवाली सामने आई, तो कार्रवाई होगी।
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पनी मोहल्ले में किसी ने 100 नंबर पर प्रतिबंधित मवेशी काटे जान की सूचना दी। पीआरवी 1147 के पुलिस कर्मी मौके पर पहुंचे। पुलिस को देखकर पीछे के रास्ते से आरोपी मौके से भाग निकले। भनक लगते ही कोतवाली और चौकियाें का पुलिस बल पहुंचा। आरोपियों की खोजबीन की, लेकिन कोई हत्थे नहीं चढ़ा। अपर पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार, सीओ सिटी केडी मिश्रा, मलवां एसओ
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अनूप सिंह, गाजीपुर एसओ धीरेंद्र सिंह, हुसैनगंज एसओ उदयवीर सिंह पहुंचे। दरोगा सिपाहियों ने गोमांस की पैकिंग की। एक टीम आरोपियों की खोज में जुट गई। आरोपी सादाब कुरैशी उर्फ इरशाद उर्फ कल्लू निवासी पनी को गिरफ्तार किया। एक बैल और 45 किलो गोमांस बरामद हुआ। सीओ सिटी केडी मिश्रा ने बताया कि आरोपी सगे भाई शानू, बब्बू भाग निकले हैं। गोकशी उनके ही घर पर हो रही थी। तीसरा साथी पनी का राजू है। तीनों की तलाश की जा रही है। सीओ ने बताया कि एहतियात के तौर पर पुलिस फोर्स की तैनाती की गई है।
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घटना के पीछे शहर पुलिस की सुस्त कार्यशैली सामने आई है। पनी इलाके में पहले भी कई बार ऐसे प्रकरण आ चुके हैं। इसी ठिकाने पर दो साल पहले भी ऐसा ही एक मामला हुआ था। शहर के आबूनगर, तुराबअली का पुरवा, अस्ती, सनगांव इलाके में भी चिह्नित स्थान हैं। पिछले माह शहर में एक वीडियो भी वायरल हुआ था। चिह्नित स्थानों पर पुलिस की कमजोरी भी बड़ी वजह है।
शहर के पनी इलाके में गोकशी की सूचना पर बजरंग दल व विहिप कार्यकर्ता कोतवाली पहुंचे। विहिप के जिला प्रवक्ता आनंद तिवारी, संयोजक हिमांशू दीक्षित, जीतू हयारण, शानू सिंह, मुदित ने सीओ सिटी से आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। आनंद तिवारी ने पुलिस पर आरोप लगाया कि सूचना के बाद भी कार्रवाई नहीं की जाती है। मामले में सदर विधायक विक्रम सिंह ने बताया कि खखरेरू प्रकरण में प्रदेश स्तर से मौके की जांच के आदेश आए थे। थानेदार से आरोपियों को कार्रवाई से हटाने की सिफारिश हुई थी। इस मामले में पुलिस की हीलाहवाली सामने आई, तो कार्रवाई होगी।