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यमुना पट्टी के दो हत्याकांडों का नहीं खुलासा
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हथगाम(फतेहपुर)। जिले के एक फौजी की बंगलूरू में ड्यूटी दौरान ब्रेन हैमरेज का अटैक पड़ था। इलाज के दौरान उनकी सांसें थम गई। बुधवार को शव गांव आते ही परिजनों में कोहराम मच गया।
हथगाम थाना क्षेत्र के गोदामपर गांव निवासी धर्मपाल सेवानिवृत्त फौजी का बेटा अनिल सिंह यादव (34) करीब दस साल पहले फौज में भर्ती हुए थे। पिता धर्मपाल ने बताया कि बेटे की 21 फरवरी को हालत बिगड़ी थी। सेना के अस्पताल में भर्ती कराया गया था। बंगलूरू से साथी जवान शव लेकर पैतृक गांव गोदामपर पहुंचे। फौजी की
मौत की खबर से पूरे गांव में मातम का माहौल छा गया। खेत में फौजी के शव को जवानों ने सलामी दी। फौजी पिता को सात साल के बेटे अनुराग ने मुखाग्नि दी। घटना से पत्नी अंजू देवी का रो-रोकर हाल बेहाल है। अंजू की करीब नौ साल पहले शादी हुई थी। उसका मायका कानपुर के बिल्हौर में हैं। धर्मपाल परिवार समेत प्रयागराज में रहते हैं। छोटा भाई मोहित पुलिस विभाग में कांस्टेबल है।
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हथगाम थाना क्षेत्र के गोदामपर गांव निवासी धर्मपाल सेवानिवृत्त फौजी का बेटा अनिल सिंह यादव (34) करीब दस साल पहले फौज में भर्ती हुए थे। पिता धर्मपाल ने बताया कि बेटे की 21 फरवरी को हालत बिगड़ी थी। सेना के अस्पताल में भर्ती कराया गया था। बंगलूरू से साथी जवान शव लेकर पैतृक गांव गोदामपर पहुंचे। फौजी की
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मौत की खबर से पूरे गांव में मातम का माहौल छा गया। खेत में फौजी के शव को जवानों ने सलामी दी। फौजी पिता को सात साल के बेटे अनुराग ने मुखाग्नि दी। घटना से पत्नी अंजू देवी का रो-रोकर हाल बेहाल है। अंजू की करीब नौ साल पहले शादी हुई थी। उसका मायका कानपुर के बिल्हौर में हैं। धर्मपाल परिवार समेत प्रयागराज में रहते हैं। छोटा भाई मोहित पुलिस विभाग में कांस्टेबल है।
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